ये हमारे लिए शर्म की बात है कि सोनम वांगचुक जैसे टैलेंट इस देश में सामान्य न्याय के लिए भूखे मर रहे हैं और अमित शाह-मोदी जैसे लोग प्रधानमंत्री, गृहमंत्री बने घूम रहे हैं। सोनम वांगचुक को कुछ हुआ तो सरकार से संभाले नहीं संभलेगा। हम सोनम वांगचुक के साथ हैं। सोनम वांगचुक ज़िंदाबाद।
Day 17 of Sonam Sir’s Hunger-Strike.
He has started losing muscle mass and is in immense pain. Like everyone else, I begged him to end his fast.
He calmly replied, “Don’t ask me to end my fast. Ask the govt why they won’t even have a dialogue.”
ये वही सोनम वांगचुक हैं जो अपने देश के लिए एक अनमोल रत्न बनकर उभरे,
जिन्होंने अपनी पूरी ज़िंदगी समाज सेवा और देश की भलाई के लिए समर्पित कर दिया,
जंतर मंतर पर ऐसे महान व्यक्तित्व के भूख हड़ताल को नज़र अंदाज किया जा रहा है,
सरकार तो है ही निर्लज्ज साथ में देश की जनता का भी ज़मीर मर चुका है,
इस देश की जनता को कभी किसी की भलाई रास नहीं आती,
जिसे परिवार मानकर, जिसके लिए खून पसीना बहाकर, दिन रात एक करके दतिया जैसे कांग्रेस के गढ़ में स्थापित किया। उसी भाजपा परिवार ने आज @drnarottammisra जी को तोड़ कर रख दिया है। नरोत्तम मिश्रा जी अपने आप में एक पहाड़ हैं। निर्दलीय भी खड़े हो जायेंगे तो बीजेपी से ज़्यादा वोट पायेंगे।