किसी के हाथ में कासा, किसी के हाथ में सत्ता
यही तो आज दुनिया का अजब दस्तूर होता है
किसी की आह सुनता ही नहीं कोई भी दुनिया में
किसी के इक इशारे पर यहाँ क़ानून चलता है
मुझे दुनिया की इस तक़सीम पर हैरत नहीं होती
वहाँ सब कुछ मयस्सर है, जहाँ इंसान बिकता है
डॉ. नईम साहिलؔ
किसी के ज़ख़्म गहरे हैं,मगर मरहम नहीं मिलता
किसी का दर्द अख़बारों की हेडिंग रोज़ बनता है
कहीं रिश्तों में उल्फ़त है,कहीं दीवारें ऊँची हैं
कहीं अपना ही अपनों से भी मिलने को तरसता है
किसी के घर में रौशनियाँ,चराग़ों की क़तारें हैं
किसी के घर में बरसों से अँधेरा ही अँधेरा है
किसी की आँख में ख़्वाबों की इक दुनिया समाई है
किसी के सामने हर ख़्वाब मिट्टी में बिखरता है
कहीं मेहनत का फल मज़दूर को मिल ही नहीं पाता
किसी की इक अदा पर दौलतों का ढ़ेर लगता है
जहाँ इंसाफ़ बिकता हो, वहाँ मज़लूम क्या पाए
अमीर-ए-शहर का क़ानून ही बाज़ार होता है
डॉ. नईम साहिल
कहीं महरूमियों का ग़म,कहीं ख़ुशियों का मेला है
कहीं आँसू टपकते हैं,कहीं पर जश्न होता है
किसी के लब पे सच आ जाए तो इल्ज़ाम मिलता है
बयानों के धुएँ में सच का चेहरा खो-सा जाता है
किसी को इक निवाला भी मयस्सर हो नहीं पाता
किसी की बज़्म में लेकिन मुसलसल जाम चलता है
डॉ. नईम साहिल
History bears witness to the fact that a weaker army has defeated a more powerful one. Wars are fought not by numbers but by courage. Defeating a force that fights for its own survival is not only difficult but impossible.
The war was imposed to change the regime in Iran, but the prospects for regime change are remote. Israel and the United States have failed in their objective, and they have no option but to ceasefire on Iran's terms.
A war between Iran- Israel-US will achieve nothing but destruction, because war doesn't solve problems. Someone rightly said, "What good is it to come to your senses after plundering everything?"
उच्च पद पर बैठा व्यक्ति अगर अमर्यादित आचरण करें तो इससे देशव्यापी नहीं बल्कि विश्वव्यापी छवि ख़राब होती हैI उसे अपने इस कृत्य के लिए आम जनता से माफी मांगनी चाहिए I अगर वह ऐसा नहीं करता है तो निश्चित रूप से उसके मानसिक संतुलन में कहीं कोई खोट है I
सच कहना और उस पर अमल करना इतना आसान नहीं जितना लोग समझते हैं I राजनीति में झूठ बोलना और लोगों को गुमराह करना एक आम बात हो गई है I जनता सब समझती है कि कौन कितने पानी में है I
Hearing the truth is not something everyone can handle. Only wise people listen to the truth and respect it. A fearful person never likes to hear the truth. For those who lie, the truth is very frightening.
Parliament is not the place to debate non-essential issues. It would be better to debate issues that contribute to the country's development and ensure a better life for the common people.
जिस क़ौम के पास एक से ज़्यादा विकल्प होता है उसको हर जगह सम्मान मिलता है I जिसके पास कोई विकल्प नहीं होता है उसे हाशिए पर धकेल दिया जाता है I सम्मान चाहिए तो अपना विकल्प तलाश करो I
भारतीय राजनीति का स्तर लगातार गिरता जा रहा हैI इलेक्शन जीतने के लिए कुछ लोग सारी मर्यादाओं को तार-तार कर रहे हैं I AI का दुरुपयोग मानसिक विकृति का सूचक है I समय सब का हिसाब चुकता करेगा I