बिहार के युवाओं के साथ अन्याय और विश्वासघात कर रही है NDA सरकार।
बिहार के युवा तो वहीं मांग रहे हैं, वही याद दिला रहे है जो एनडीए ने चुनाव पूर्व 1 करोड़ नौकरी का वादा किया था। फिर युवाओं पर अब ये अत्याचार क्यों? TRE-4 परीक्षा की मांग करना अपराध कैसे? पेपरलीक का विरोध करना गुनाह कैसे? क्यों बिहार के युवाओं पर बार-बार लाठीचार्ज हो रहा है?
यदि पुलिस के इस्तेमाल का इतना ही शौक है तो NDA सरकार भ्रष्टाचार और अपराध रोकने के लिए, अपराधियों के खिलाफ करें, बिहार के युवाओं पर बार-बार ये लाठीचार्ज बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
ऐसा लगता है कि टीआरई-4 की वैकेंसी जारी करने की इस सरकार की नीयत ही नहीं है। अन्यथा हमने अपने केवल 𝟏𝟕 महीने के कार्यकाल में बिना पेपरलीक के सफलतापूर्वक 𝐓𝐑𝐄-𝟏 एव 𝐓𝐑𝐄--𝟐 के तहत 𝟐 लाख से अधिक शिक्षकों की नियुक्ति की तथा 𝟏 लाख 𝟑𝟎 हजार पदों पर बहाली प्रक्रियाधीन कराई थी।
साल 2024 और 2025 बीत गए, लोकसभा चुनाव हो गए, विधानसभा चुनाव हो गए, 2 मुख्यमंत्री और 4 उपमुख्यमंत्री बदल गए। समूचा मंत्रिमंडल बदला। NDA नेताओं के शहजादों को बिना चुनाव लड़े डायरेक्ट मंत्री पद बांट दिए गए। नई सरकार के गठन के 6 महीने बीत गए, लेकिन अब तक TRE-4 की वैकेंसी नहीं आई, टीआरई-4 से जुड़ा कोई नोटिफिकेशन जारी नहीं हुआ है।
मुख्यमंत्री और मंत्री रील्स बना रहे हैं, बड़े-बड़े बयान दे रहे हैं। लेकिन युवाओं के भविष्य की इस सरकार को जरा भी चिंता नहीं है। चुनाव से पहले युवाओं के सामने हाथ जोड़ने वाले NDA नेताओं की सरकार में आज परीक्षा की मांग करने पर लाठियां मिल रही है। NDA का ये छल-कपट बिहार के युवा कभी नहीं भूलेंगे।
आजकल हमारा राजपूत समाज बौरा गया है। हमारे एक नेताजी एक बयान क्या दे दिया सबलोग उनके ही पीछे पड़ गया है। आपलोग को अपने समाज की गरीबी, अशिक्षा और बेरोजगारी पर लिखने में लाज लगता है क्या? कोई नेता क्या बोला क्यों बोला? दिन रात इसी पर लगे हुए हैं। उनको मन में आया वो बोले। लेकिन आप वो सही बोले या गलत बोले इसी बहस में मरे जा रहे हैं।
आपके इस लिखने पढ़ने से समाज का क्या भला होगा। हर जिले में 100 राजपूत समाज के लड़कों के लिए एक निशुल्क हॉस्टल खोलिए...छात्राओं को आगे पढ़ने नौकरी लेने में मदद कीजिए। ये सब तो करना नहीं है। बस फलाने राजपूत नेता ने ये बोला तो उसके जवाब में चिलाने ने वो बोला। यही करना है आपलोग को।
समाज का इतना दुर्गति हो गया तब भी होश नहीं खुला। ट्रेन के शौचालय में बैठकर दिल्ली मजदूरी करने जाते हैं और कॉलर ट्यून रखेंगे - "प्रखंड हो या जिला बबुआने से हिला!"
🚨 BPSC TRE 4 🚨
TRE 4 का विज्ञापन जल्द जारी होना चाहिए।
✅ BPSC के परीक्षा नियंत्रक महोदय,अपने वादे से कैसे मुकर सकते हैं?
✅ शिक्षक अभ्यर्थियों के धैर्य की सीमा खत्म हो रही है।
जल्द से जल्द BPSC,TRE 4 का विज्ञापन जारी कर अभ्यर्थी के मानसिक शोषण बंद करे
@BPSCOffice
𝟏𝟕 महीनों की महागठबंधन सरकार में मेरी विशेष पहल पर शिक्षा विभाग को राजद कोटे में लेकर सर्वप्रथम युद्ध स्तर पर शिक्षा विभाग में 𝐓𝐑𝐄-𝟏 और 𝐓𝐑𝐄-𝟐 के अंतर्गत निर्धारित समय सीमा के अंदर बिना किसी पेपरलीक, संपूर्ण पारदर्शिता के साथ रिकॉर्ड 𝟐,𝟐𝟎,𝟎𝟎𝟎 से अधिक अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र देकर ज्वाइनिंग कराई। हमने 𝐓𝐑𝐄-𝟑 की भी नियुक्ति प्रक्रियाधीन कराई लेकिन जनवरी 𝟐𝟎𝟐𝟒 में हमारे सरकार से हटते ही पेपरलीक के कारण 𝐓𝐑𝐄-𝟑 को रद्द किया गया और फिर यह परीक्षा भी विलंब से हुई।
फिर चुनावी साल 𝟐𝟎𝟐𝟓 में वर्तमान मुख्यमंत्री नीतीश कुमार जी ने लिखा-लिखाया ट्वीट चिपका कर युवाओं से वादा किया था कि बिहार में सरकारी विद्यालयों में शिक्षकों की रिक्तियों की गणना कर जल्द ही टीआरई-𝟒 परीक्षा आयोजित की जाएगी। आज उस घोषणा को लगभग एक वर्ष बीत चुका हैं लेकिन अब तक 𝐓𝐑𝐄-𝟒 की वैकेंसी तक जारी नहीं हुई है।
𝐁𝐏𝐒𝐂 कैलेंडर के अनुसार यह परीक्षा अगस्त 𝟐𝟎𝟐𝟒 में ही हो जानी चाहिए थी, लेकिन चुनाव आयोग, तंत्र और 𝟏𝟎 हज़ारिया की बदौलत सत्ता हड़पने वाली कुर्सीबाज भाजपा-जदयू सरकार युवाओं की जरूरत को कभी समझ ही नहीं पाई। फिर साल 𝟐𝟎𝟐𝟓 के अक्टूबर में परीक्षा कराने की बात कही गई, ताकि चुनावी आचार संहिता लागू होते ही परीक्षा टल जाए, ऐसा ही हुआ। चुनाव हो गए, सरकार बन गई, महीनों बीत गए लेकिन आज भी शिक्षक अभ्यर्थी इंतजार ही कर रहे हैं।
दूसरी ओर, उपमुख्यमंत्री रहते हुए 𝟏𝟕 महीने में मैंने 𝟓 लाख युवाओं को नौकरियां दी और 𝟑,𝟓𝟎,𝟎𝟎𝟎 से अधिक नौकरियों की प्रक्रिया शुरू करवाई। लेकिन आज की डबल इंजन सरकार बार-बार अकारण परीक्षा टालकर बहाना बनाकर युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ कर रही है। अभ्यर्थियों की आयु सीमा पार हो रही है, उनका धैर्य जवाब दे रहा है। हर युवा नौकरी पाकर अपने परिवार की जिम्मेदारी उठाना चाहता है, अपने परिजनों के सपनों को पूरा करना चाहता है।
भले ही चुनाव जीतने के लिए भाजपा-जदयू ने बड़े-बड़े झूठे आसमानी वादे किए हों लेकिन ये युवाओं के हित से जुड़ा मामला है। मेरी एनडीए सरकार से अपील है कि टीआरई-𝟒 की वैकेंसी अविलंब जारी की जाए। क्योंकि यह लाखों युवाओं के भविष्य और उनके परिवार की उम्मीदों का मामला है। मेरी अपील है कि कुर्सी की अदला-बदली में भाजपा-जदयू सरकार बिहार के लाखों युवाओं के हक-अधिकार, मांगों, आकांक्षाओं, उम्मीदों और सपनों का क़त्ल ना करे। #TejashwiYadav #BPSC_TRE4