मुख्तार मंडल नाम का G हा दी प्रभु राम शीश उतारने की कोशिश कर रहा है 😡
ना ये ईशनिंदा में आयेगा ना ST/SJ के नारे होंगे।
ना ही जातिगत हिंदू योद्धा क्रोधित होंगे, अगर आप किसी जातीय महापुरुष के साथ ऐसा करते तो भावनाएँ आहत होती।
आस्था सिंह एक नया ख़ुलासा, जिस व्यक्ति से विवाद था वो प्रेस मे था और उसने आस्था सिंह को सीधी धमकी दी कि कौनसी जाति हो और अभद्र व्यवहार किया, घटना के एक महीने बाद आस्था का मीडिया ट्रायल किया गया। वो भी चयनित बाइट काटकर!
भारतीय मीडिया को शर्म करो।
👉🏾 पुरुष/महिलाएं हाँथ में जूता चप्पल लिए पत्रकार डीपी राजपूत का इंतजार करती हैं, और पत्रकार के आते ही टूट पड़ती हैं।
👉🏾 पत्रकार पूछता रहता है क्यों मार रहे हो लेकिन किसी ने एक न सुनी। पत्रकार अस्पताल में घुसकर अपनी जान बचाई।
वायरल वीडियो मध्यप्रदेश के टीकमगढ़ जिले का बताया जा रहा है।
जम्मू कश्मीर के युवा राजपूत सभा का
एलान क्षत्रिय बच्चों के मुंडन पर राजपूती
तलवार और पगड़ी पहनने की क्षत्रिय धर्म की
परंपरा फिर से शुरू करेंगे ⚔️🔱
जय देव 🔱
जय क्षत्रिय धर्म ⚔️
#RahulGandhi
आजमगढ़, उत्तर प्रदेश में श्री राष्ट्रीय राजपूत करणी सेना के मंडल अध्यक्ष अविनाश सिंह को इसलिए घसीटकर ले जाया गया क्योंकि वे अपने मोहल���ले की एक बहन के साथ हुई छेड़खानी के मामले में FIR दर्ज करवाने कोतवाली पहुंचे थे। आरोप है कि कुछ पुलिसकर्मी पीड़िता पर समझौते का दबाव बना रहे थे
#मेडिकल_किडनैपिंग य��� होती है......
अभिनव वर्मा की माँ ,जो सिर्फ 50 बरस की थीं, पेट में दर्द उठा ,नज़दीक ही फोर्टिस अस्पताल बनेरघट्टा, बंगलौर है ! डा कनिराज ने माँ को देखा और अल्ट्रा साउंड कराने को कहा ! फोर्टिस में ही अल्ट्रा साउंड हुआ और डा कनिराज ने बताया कि गाल ब्लैडर में पथरी है ! एक छोटा सा ऑपरेशन होगा,माँ स्वस्थ हो ��ाएंगी !
अभिनव माँ को घर लेकर आ गए और पेन-किलर के उपयोग से दर्द खत्म भी हो गया !!
कुछ दिन बाद अभिनव वर्मा को फोर्टिस से फोन कर डा कनिराज ने हिदायत दी कि यूँ पथरी का गाल ब्लैडर में रहना खतरनाक होगा, अतः अभिनव को अपनी माँ का ऑपरेशन तुरंत करा लेना ज़रूरी है !
अभिनव जब अपनी माँ को फोर्टिस बंगलौर लेकर पहुचे तो एक दूसरे डॉक्टर मोहम्मद शब्बीर अहमद ने अटेंड किया, जो एंडोस्कोपी के एक्सपर्ट थे, उन्होंने बत��या कि एहतियात के लिए ERCP करा ली जाय
डा० अहमद को पैंक्रियास कैंसर का .05 % शक था ! अभिनव मजबूर थे, डॉक्टर भगवान होता है, झूठ तो नहीं बोलेगा, सो पैंक्रियास और गाल ब्लैडर की बायोप्सी की गई !!
रिपोर्ट नेगेटिव आई मगर बॉयोप्सी और एंडोस्कोपी की प्रक्रिया के बाद माँ को भयंकर दर्द शुरू हो गया। गाल ब्लैडर के ऑपरेशन को छोड़, माँ को ��ेट दर्द और इंटर्नल ब्लीडिंग के शक में ICU में पंहुचा दिया गया ! आगे पढ़ने के लिए धैर्य और मज़बूत दिल चाहिए........!!
जब अभिनव की माँ अस्पताल में भर्ती हुई थीं तो लिवर,हार्ट,किडनी और सारे ब्लड रिपोर्ट पूरी तरह नार्मल थे ! डॉक्टरों ने बताना शुरू किया कि अब लिवर अफेक्टेड हो गया है, फिर किडनी के लिए कह दिया गया कि डायलिसिस होगा !
एक दिन कहा अब बीपी बहुत 'लो' जा रहा है तो पेस मेकर लगाना पड़ेगा, पेस मेकर लग गया म���र हालात बद से बदतर हो गए ! पेट का दर्द भी बढ़ता जा रहा था और शरीर के अंग एक-एक कर साथ छोड़ रहे थे ! अब तक अभिनव की माँ को फोर्टिस ICU में एक माह से ऊपर हो चुका था !
एक दिन डॉक्टर ने कहा कि बॉडी में शरीर के ऑक्सीजन सप्लाई में कुछ गड़बड़ हो गई अतः ऑपरेशन करना होगा ! ऑपरेशन टेबल पर लिटाने के बाद डॉक्टर, ऑपरेशन थिएटर के बाहर निकल कर तुरंत कई लाख की रकम जमा कराने को कहता है ��र उसके बाद ही ऑपरेशन करने की बात करता है !
अभिनव तुरंत दौड़ता है और अपने रिश्तेदारों ,मित्रों के सामने गिड़गिड़ाता है,रकम उसी दिन इकट्ठी कर फोर्टिस में जमा कराई गई,पैसे जमा होने के बाद भी डॉक्टर ऑपरेशन कैंसिल कर देते हैं !
हालात क्यों बिगड़ रहे हैं, इंफेक्शन क्यों होते जा रहे थे, डॉक्टर अभिनव को कुछ नहीं बताते ! सिर्फ दवा, ड्रिप, खून की बोतलें और माँ की बेहोशी में अभिनव स्वयं आर्थिक और मॉनसिक र��प से टूट चुका था ! डॉक्टरों को जब अभिनव से पैसा जमा कराना होता था तब ही वह अभिनव से बात करते थे !
माँ बेहोशी में कराहती थी ! अभिनव माँ को देख कर रोता था कि इस माँ को कभी-कभी हलके पेट दर्द के अलावा कोई तकलीफ न थी ! उसकी हॅसमुख और खूबसूरत माँ को फोर्टिस की नज़र लग गई थी !
50 दिन ICU में रहने के बाद दर्द में कराहते हुए मां ने दुनिया से विदा ले ली !
खर्चा-अस्पताल का बिल रु 43 लाख ,दवाइयों का बिल 12 लाख और 50 यूनिट खून ! अभिनव की माँ की देह को शवग्रह में रखवा दिया गया और अभिनव को शेष भुगतान जमा कराने के लिए कहा गया और शव के इर्द गिर्द बाउंसर्स लगा दिए गए !
अभिनव ने सिर्फ एक छोटी सी शर्त रखी कि मेरी माँ की सारी रिपोर्ट्स और माँ के शरीर की जांच एक स्वतंत्र डॉक्टरों की टीम द्वारा कराइ जाए ! फोर्टिस ने बमुश्किल अनुमति दी !!!
रिपोर्ट आई ............... अभिनव वर्मा की माँ के गाल ब्लैडर में कभी कोई पथरी नहीं थी ..............
आदरणीय प्रधानमंत्री @narendramodi जी यह सिर्फ एक अस्पताल की कहानी नहीं है भारत के सभी राज्यों के सभी जिलों के प्राइवेट हॉस्पिटलों की यही कहानी है इसलिए एक सर्जिकल स्ट्राइक प्राइवेट अस्पताल पर भी होने चाहिए..... 🙏
राजपूतों को किसी भी जाति समाज के खिलाफ लिखने से बचना चाहिए ।लिखने से ज्यादा जरूरी पढ़ना है।बोलने से ज्यादा जरूरी सुनना है।पढ़िए ,देखिए, सुनिए और सब ध्यान में रखिए । कोई गलत कमेंट नहीं ।चीजों को मन में रखना सीखिए । गुस्से को पालने वाला बनिए। अपने भावनाओं पर नियंत्रण कर उसे उचित समय पर इस्तेमाल करने वाला व्यक्तिव बनाइए।
��ाजपूत समाज को राजवीर सर का बेहद शुक्रगुज़ार होना चाहिए…..
जिनकी वजह से ये topic आज हर जगह पढ़ाया जा रहा है….
लोग पढ़ रहे हैं, सुन रहे हैं और जान रहे हैं…..
वरना इन 500 सालों के इतिहास को दुनिया भूलने लगी थी….
लखनऊ: 21 जून को कर्नल आनंद प्रकाश अपनी गाड़ी से तेलीबाग चौराहा पार कर रहे थे. तभी उल्टी दिशा से गाड़ी में सामने से इंस्पेक्टर विनय कुमार सरोज आए. उन्होंने अपनी गाड़�� का गेट खोला और कर्नल को दो चार थप्पड़ मार दिए.
वीडियो आज सामने आया है. इस मामले में कर्नल ने लखनऊ के पीजीआई थाने में शनिवार को ही मुकदमा दर्ज कराया है. लखनऊ के पुलिस कमिश्नर अमरेन्द्र सिंह सेंगर से भी शिकायत की है. पर घटना के चार दिनों बाद भी पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं की है.
#UttarPradesh #Crime #UPPolice