पवन खेड़ा के घर पुलिस पहुंच गई है। उनके निजी स्टाफ का फोन भी जब्त कर लिया है। पवन खेड़ा घर पर नहीं हैं।
पवन खेड़ा ने हिमंता बिस्वा सरमा के भ्रष्टाचार, पत्नी के तीन पासपोर्ट और अमेरिका में 52000 करोड़ के निवेश को उजागर किया।
अब भ्रष्टाचार पर कार्रवाई होने की जगह पवन खेड़ा पर कार्रवाई होगी। अंधेर नगरी में यही चौपट राजा का कानून है।
राजस्थान मे आखिर कब तक इस तरह किसानों को लूटा जाता रहेगा
व्यापारी मंडी मे किसानो की सफल की तुलाई के दौरान जिस कट्टे मे भरता है असल मे उस कट्टे का वजन 400 से 500 ग्राम होता है मगर किसानो से प्रत्येक कट्टे के वजन के तौर पर फसल का 750 ग्राम वजन अधिक तौला जाता है
मैं पिछले 6 महीने से नकली पनीर , घी, मिठाइयां , पॉम ऑयल, जहरीली सब्जियां, मिलावटी मसाले, डिटर्जेंट वाला दूध, महंगी दवाइयां और सरकारी अस्पतालों की जर्जर हालत के खिलाफ आवाज उठा रहा हूं।
मैं सिर्फ अपने लिए नहीं बोल रहा,
मैं उन करोड़ों लोगों के लिए बोल रहा हूं
जिनकी थाली में जहर परोसा जा रहा है,
जिनकी जेब इलाज के नाम पर लूटी जा रही है,
और जिनकी जिंदगी सिस्टम की लापरवाही के भरोसे छोड़ दी गई है।
लेकिन बदले में मुझे क्या मिला?
लगातार reports, account suspend कराने की कोशिश, और सच बोलने की सजा।
तो मैं देश से पूछना चाहता हूं कि
क्या जहर के खिलाफ आवाज उठाना अपराध है?
क्या मिलावट, लूट और लापरवाही के खिलाफ बोलना गुनाह है?
अगर यही अपराध है, तो हां ... मैं यह अपराध हर रोज करूंगा।
क्योंकि यह लड़ाई किसी एक account की नहीं है ,
यह लड़ाई देश के हर परिवार की सेहत की है,
हर बच्चे की सुरक्षा की है ,
और उस भारत की है जहां लोगों को खाना, दवा और इलाज के नाम पर जहर न दिया जाए।
मेरा account suspend हो जाए ,
मेरी आवाज दबाने की कोशिश हो जाए ,
फिर भी मैं रुकूंगा नहीं।
क्योंकि देशभक्ति सिर्फ झंडा लगाने से नहीं होती ,
देशभक्ति तब होती है जब आप अपने देशवासियों की जिंदगी बचाने के लिए सिस्टम से टकराने का साहस रखते हैं।
अब मोटरसाइकिल रिक्शा चलाने वाले गरीब लोगों को भी नहीं छोड़ा गया। 30 रु. का टोल टैक्स वसूला जाएगा। मतलब;
❌ गरीब के पसीने पर टैक्स
✔️ मंत्रियों की जिंदगी में ऐश
क्या यही विकास है?
📍 हिमाचल प्रदेश
रमेश गुप्ता की 2019 में हार्ट अटैक से मृत्यु हो गई। उम्र सिर्फ 54 साल।
उनके पास ₹50 लाख की टर्म इंश्योरेंस पॉलिसी थी। 11 साल तक एक भी प्रीमियम मिस नहीं किया।
उनकी पत्नी ने क्लेम फाइल किया।
इंश्योरेंस कंपनी बोली: “हमें जांच करनी होगी।”
जांच 3 साल तक चली।
बार-बार नए दस्तावेज मांगे गए।
वह हर बार देती रहीं, और हर बार नई मांग आ जाती।
इस बीच हालात बिगड़ गए—
घर की EMI नहीं भर पाईं,
गाड़ी बेचनी पड़ी,
रिश्तेदारों से उधार लेना पड़ा।
2022 में कंपनी ने क्लेम रिजेक्ट कर दिया।
कारण बताया “पहले से बीमारी छुपाई गई थी।”
वो “बीमारी” क्या थी?
सिर्फ हल्का ब्लड प्रेशर,
जो 2015 के एक रूटीन चेकअप में नोट हुआ था।
न कोई इलाज, न कोई दवा।
पत्नी ने हार नहीं मानी।
IRDAI और फिर कंज्यूमर कोर्ट का दरवाजा खटखटाया।
कोर्ट का साफ फैसला आया—
जिस बीमारी का कभी इलाज नहीं हुआ,
जो कभी स्वास्थ्य को प्रभावित नहीं करती,
उसे 11 साल बाद क्लेम रिजेक्ट करने का आधार नहीं बनाया जा सकता।
आदेश दिया गया:
₹50 लाख की पूरी राशि,
2019 से 9% ब्याज के साथ,
और ₹1 लाख मानसिक उत्पीड़न के लिए।
3 साल तक एक विधवा को घुमाया गया।
लेकिन अदालत ने उसका हक वापस दिलाया—पूरा, ब्याज सहित।
याद रखिए:
अगर आपका इंश्योरेंस क्लेम “नॉन-डिस्क्लोज़र” के नाम पर खारिज हो
तो चुप मत बैठिए, लड़िए।
अदालतें बार-बार कह चुकी हैं
छोटी, बिना इलाज वाली स्थितियों को आधार बनाकर क्लेम रिजेक्ट करना गलत है।
खाड़ी देश युद्ध की आग में जल रहे हैं….!!!
अब तेल की क़ीमतें बढ़ेगी….!!!
जब वैश्विक स्तर पर तेल की क़ीमतें कम होती हैं
तो सारा मुनाफ़ा सरकार और निजी कम्पनियाँ मिलकर बाँट लेती हैं…
जनता को कोई राहत नहीं मिलती…
लेकिन जब तेल की क़ीमतें बढ़ती हैं….
तो सारा भार आम जनता पर डाल दिया जाता है…!!!
No More "Toll Tax" ⚠️
देश में 550 सांसद है
लेकिन सिर्फ Raghav Chadha Ji ने सरकार से ये सवाल किया
कि जब...
वाहनों की खरीद पर पहले GST और Road Tax लगता है
Petrol/Diesel पर कई तरह की Duties और Cess लगते है
तो फिर क्यों नागरिकों से बार बार Toll Tax वसूला जा रहा हैं
Toll Tax के रूप में देश के लोगों पर अतिरिक्त भार डाला जा रहा है
जबकि अच्छी सड़के, शिक्षा, राजगार देना सरकार का दायित्व है ना कि कोई उपकार
जब टूटी फूटी सड़के है तो Tax किस बात का
ये Toll Tax नहीं बल्कि Organised Loot हैं
अटल वाजपेयी: 3.31% टैरिफ
मनमोहन सिंह: 2.93% टैरिफ 🔥
नरेंद्र मोदी: 18% टैरिफ
"आप आखिर मना ही क्या रहे हैं?"
अज्ञान ओम कश्यप ने रागिनी नायक को तब रोकने की कोशिश की जब दुष्प्रचार का पर्दाफाश होने लगा। लेकिन कुछ भी काम नहीं आया 🤣
दो मिनट में गोदी मीडिया का सफाया
बात 2014 की है जब Manmohan Singh राज्यसभा में अपनी स्पीच दे रहे थे
उस दिन संसद में आंध्र प्रदेश को बाँटकर तेलंगाना राज्य बनाने वाला बिल चल रहा था
इस पर राज्यसभा में भारी हंगामा नारेबाज़ी और अफरा-तफरी का माहौल था
जब मनमोहन सिंह बोलने उठे तो विरोध कर रहे कई दलों के सांसद वेल में आ गए और
उनकी सीट के पास आकर जोर जोर से चिल्लाने लगे और कागज फाड़कर उनकी और उछालने लगे
स्थिति इतनी तनावपूर्ण हो गई कि कांग्रेस सांसदों को उनके चारों तरफ घेरा बनाकर खड़ा होना पड़ा
लेकिन इसके बावजूद मनमोहन सिंह संसद छोड़कर नहीं भागे और शांति से अपनी बात रखते रहे
वही नरेंद्र मोदी लोकसभा में इसलिए नहीं आए क्योंकि Parliament Speaker Om Birla ने उन्हें आने के लिए मना किया क्योंकि अप्रत्याशित घटना हो सकती थी
अब आप तुलना खुद कर लीजिए कौन 56 इंची है
क्योंकि ये बाते मीडिया आपको नहीं बताएगा
आज तो संसद में तो मोये मोये हो गया
बताओ किसका ?
आज सदन में जैसे ही विश्व गुरु आए चहुं और मोदी मोदी के नारे लगने लगे
जैसे ही Prime Minister नरेंद्र मोदी जी बोलने लगे,
विपक्ष ने राज्य सभा से वॉक आउट कर दिया
उनका यह फैसला स्पष्ट था जब Rahul Gandhi और Kharge जी को बोलने नहीं दिया तो हम भी नहीं सुनेंगे।
विपक्ष का इससे परफेक्ट बदला कोई और हो ही नहीं सकता ।
और तो और यह भी कहा जा रहा है कि मोदी जी रोने रोने को हो गए थे😭
अब सवाल यह उठता है कि यह लोकतंत्र का मजाक है या विपक्ष का जायज जवाब?
📍 हरियाणा के फरीदाबाद में SBI के बैंक लॉकर से 2 करोड़ का सोना और 3 किलो चांदी गायब और हमें सालों से बताया जाता है कि बैंक सबसे सुरक्षित जगह है। परिवार ने शिकायत भी कर दी, बैंक हेडक्वार्टर को सूचना भी चली गई, अब तय है कि जवाब मिलेगा जांच चल रही है।
सवाल सीधा है जब लॉकर , चाबी , रजिस्टर, CCTV और स्टाफ सब मौजूद है तो फिर माल गया कहाँ? अगर यही चोरी किसी आम आदमी के घर होती, तो पुलिस पहले उसी को शक के घेरे में खड़ा कर देती। लेकिन बैंक में चोरी हो जाए तो जिम्मेदारी किसकी होती है ग्राहक की?
करोड़ों का भरोसा बैंक को सौंपा गया था, नतीजा सोना गायब , चांदी गायब और भरोसा भी गायब। अब असली सवाल ये है कि ग्राहक को मुआवज़ा कब मिलेगा या हमेशा की तरह फाइलें ही घूमेंगी। अगर बैंक सुरक्षा की गारंटी नहीं लेता तो फिर लॉकर रखने का मतलब क्या है?
बिल भरने के लिए मोबाइल नंबर साझा करने के लिए मजबूर होना पड़ा।
डेटा बेचा जा रहा है।
नतीजा? लगातार स्पैम कॉल और मैसेज।
अब तो DND भी काम नहीं कर रहा, पेड RCS मैसेज इसे पूरी तरह से बायपास कर रहे हैं।
4G/5G के दाम वसूले जा रहे हैं, लेकिन कॉल ड्रॉप हो रही हैं और इंटरनेट की स्पीड खराब है।
यह डिजिटल उत्पीड़न बंद होना चाहिए।
संसद में आम जनता की आवाज उठाने के लिए @priyankac19 को धन्यवाद।
Privacy is a right, not a product.
वर्ष 2024 में एक बड़ी Pharma कंपनी 30 डॉक्टरों को ₹2 करोड़ खर्च करके Paris घुमाने लेके गई।
ये कंपनियाँ डॉक्टर्स-अस्पतालों को तरह तरह के लालच देने का प्रयास करते हैं और बदले में अपनी दवाएँ-इंजेक्शन मरीज़ों को लिखने के लिए बोलते हैं
ये सरासर ग़लत है और ग़ैर-क़ानूनी है। संसद में ये ज़रूरी मुद्दा रखा।
भारत में सोशल मीडिया ट्रोलिंग का सबसे बड़ा शिकार राहुल गांधी हैं, यह अविश्वसनीय है कि वे कैसे शांत रहते हैं।
~ विकास दिव्यकीर्ति
राहुल गांधी जैसा व्यक्ति इस देश का प्रधानमंत्री होना डिजर्व करता है।❣️❣️🔥
🚨 संदीप चौधरी ने सत्ता–विपक्ष के धागे खोले!
टैरिफ 3% था।
50% की धमकी।
18% पर आकर “जीत” का ढोल।
अमेरिका बिना टैक्स बेचेगा।
भारत 18% चुकाएगा।
जहाँ सरकार को घुटनों पर लाना था,
वहाँ विपक्ष संसद ठप कराने में लगा।
इसी सेटिंग में असली सवाल दबा दिए जाते हैं 😡
AAP सांसद RAGHAV CHADHA ने संसद में एक जबरदस्त मुद्दा उठाया है🔥
"राघव चड्ढा" ने कहा कि AEROPLANE में सफ़र करने वाले यात्री का अगर 1KG सामान भी तय सीमा से ज्यादा हो जाए तो Airlines कंपनी यात्री से हजारों का चार्ज लेती है.
कभी -कभी तो ऐसा होता है कि यात्री अपने समान को एयरपोर्ट पर फेंक कर चले जाते क्योंकि OVERWEIGHT का चार्ज सामान से ज्यादा होता है.
लेकिन वही एयरलाइंस FLIGHT DELAY होने से इंतजार कर रहे यात्रियों को कुछ नहीं देती है.
"राघव चड्ढा" ने आग्रह किया कि कोई ऐसा नियम बनाए की एयरलाइंस हर घंटे के DELAY के लिए यात्रियों के जेब में COMPENSATION का पैसा डाले.
व्हाइट हाउस की प्रेस सचिव कैरोलिन की हिम्मत कैसे हुई सच बोलने की. इसे देशद्रोह के आरोप में जेल भेजना चाहिए।
पगली बोल रही कि अमेरिका भारत पर 18% टैरिफ लगाएगा और भारत अमेरिका पर 0% टैरिफ लगाएगा।
मोदी जी एक फोन घुमाएंगे तो माफ़ी मांगते फिरेगी 🔥
आप माँ के नाम एक पेड़ बाद में लगाना….
पहले अपने बाप दादाओं के लगाए हुए पेड़ तो बचा लो…
एक खेजड़ी को फलने फूलने और विशाल वृक्ष बनने में 50 साल लगते हैं….
तुमने मारवाड़ में 25 लाख खेजड़ियाँ काट दी….
सैकड़ों वर्षों की तपस्या बर्बाद कर दी….
और अब एक पेड़ माँ के नाम का ढोंग कर रहे हो….
हम ये तय करके आए हैं….
या हम खेजड़ी नहीं कटने देंगे….
या फिर हम भी साथ में कटेंगे…..!!!
#WeWillSaveKhejari
🚨ड्राइविंग लाइसेंस की एक्सपायरी डेट क्यों?🚨
क्या इंसान अनुभव के साथ ड्राइव करना भूल जाता है?
या सरकार मानती है— पुराना ड्राइवर, पुराना दिमाग़।
>> DL का सरकारी लॉजिक
>ड्राइविंग आती है? कोई मायने नहीं।
>रिकॉर्ड साफ़ है? ज़रूरी नहीं।
> लाइसेंस की तारीख़ खत्म? आप अपराधी हैं।
> गलती स्किल की नहीं, तारीख़ की है।
>>DL एक्सपायर होने का असली मतलब
आप ड्राइव करने के लायक नहीं हुए, आप सिर्फ़ रिन्यूअल के लायक हुए।
• फीस दीजिए।
• फॉर्म भरिए।
• फोटो खिंचवाइए।
• मेडिकल लगाइए।
👉🏻और साबित कीजिए— कि आप अब भी सिस्टम के काबिल हैं।
🛑 भारतीय ड्राइवर की पहचान
> आप ड्राइवर नहीं, एक वैलिडिटी पीरियड हैं।
> सरकार को आपकी समझ नहीं चाहिए, उसे आपकी एक्सपायरी डेट चाहिए।
>>> आख़िरी बात <<<
• इस देश में गाड़ी आप चलाते हैं,
लेकिन ड्राइव करने की इजाज़त - तारीख़ देती है।