@erbmjha अगर किसी ने वास्तव में किसी धर्म या पूजनीय व्यक्तित्व के लिए अपमानजनक भाषा का इस्तेमाल किया है, तो मामले की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए और कानून के अनुसार कार्रवाई होनी चाहिए।
@coolfunnytshirt अगर किसी प्रदर्शन में हिंसा या तोड़फोड़ दिखे, तो उससे आंदोलन की विश्वसनीयता पर सवाल उठना स्वाभाविक है। अपनी बात शांतिपूर्ण तरीके से रखना ज़्यादा प्रभावी होता है।
@ShivamSanghi12 अगर किसी ने वास्तव में सुरक्षाबलों पर हमला किया है, तो कानून के अनुसार सख्त और निष्पक्ष कार्रवाई होनी चाहिए। हिंसा किसी भी आंदोलन को सही नहीं ठहराती।
@jpsin1 अगर किसी ने वास्तव में अपमानजनक भाषा का इस्तेमाल किया है, तो कानून के अनुसार निष्पक्ष कार्रवाई होनी चाहिए। लोकतंत्र में अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता के साथ जिम्मेदारी भी जुड़ी होती है।
@SouleFacts अगर किसी आंदोलन का मकसद छात्रों के अधिकार हैं, तो उसका फोकस उसी मुद्दे पर रहना चाहिए। ऐसी गतिविधियां आंदोलन की गंभीरता पर सवाल खड़े करती हैं।