2. साथ ही, पेगासस के नए तथ्यों पर पूर्व सेना प्रमुख व केन्द्रीय मंत्री की ’सुपारी मीडिया’ जैसी टिप्पणी अति-अशोभनीय, जो सरकार की संकीर्ण सोच को प्रमाणित करता है। पेगासस मामले में भारत का नाम मैक्सिको, पोलैण्ड, हंगरी आदि देशों के शासकों की श्रेणी में आना भी कम चिन्ता की बात नहीं।