Hind News Live चैनल का मुख्य उद्देश्य है गांव देहात की जमीनी हकीकत दिखाना। गरीबों,पीड़ितों, असहायों की आवाज उठाना, भ्रष्टाचार की पोल खोलना, सत्ता से सवाल करना।
तेज रफ्तार ट्रेन से उतरना खतरों से खाली नहीं होता, इसलिए हमेशा ट्रेन खड़ी होने के बाद ही उतरना चाहिए।
यह व्यक्ति किसी वजह से जल्दीबाजी में था, ट्रेन से उतरने की तैयारी में था, जैसे ही उतरना चाहा किसी ने हाथ पकड़ लिया और इसका शंतुलन बिगड़ गया।
इसका क्या अंजाम हुआ देखा जा सकता है, इसलिए कभी जल्दीबाजी न करें। यह वीडियो सोशल मीडिया में वायरल है, लोकेशन की जानकारी नहीं मिली।
CO साहब का स्वभाव देखकर पता चल रहा है, यह पीड़ितों, फरियादियों की कितनी सुनते होंगे। शायद इसीतरह फटकार लगाकर भागते होंगे,
अगर यह बात इन्हें अहसास हो जाये कि वेतन इन्ही फरियादियों के टैक्स के पैसे से मिल रहा है, तो शायद कुछ और बात होती, लेकिन इन्हें इस बात का जरा भी ध्यान नहीं है।
#बिहार 🚨 फर्जी एनकाउंटर में मारे गए भरत तिवारी फेसबुक में आठ वीडियो लाइव किए थे, उन्हीं में से क्रमशः यह पांचवीं वीडियो है। जब भरत भूषण तिवारी को पुलिस ने उसके बिलौटी गांव के घर में बंद कर रखा था और भरत किसी तरह बाहर निकलकर आया था।
👉 भरत के बाहर आते ही पुलिस अपने कदम पीछे हटाए थे, भरत पीछा कर रहा था पुलिस आगे बढ़ती जा रही थी। कुछ देर बाद पुलिस के सामनें भरत ने पिस्टल फेंककर सरेंडर कर दिया था। उसके बाद पुलिस ने फर्जी एनकाउंटर में मार गिराया था।
#बिहार
फर्जी एनकाउंटर में मारे गए भरत तिवारी के पिता का रो रो कर बुरा हाल। कहा शाहपुर पुलिस ने हमको थाने में बंदी बना लिया था, इधर बेटे को मार दिए।
#justiceforbharattiwari
लड़के ट्रेन का वीडियो बना रहे थे, अचानक घटना कैद हो गई। अपनी व अपने घर परिवार की जिम्मेदारियों को छोड़कर इस तरह से जाना बिल्कुल गलत है।
इतना जल्दी हार नहीं मानना चाहिए, कठिनाइयों का सामना करना चाहिए।
#बिहार
फर्जी एनकाउंटर में मारे गए भरत तिवारी के पिता का रो रो कर बुरा हाल। कहा शाहपुर पुलिस ने हमको थाने में बंदी बना लिया था, इधर बेटे को मार दिए।
#justiceforbharattiwari
🚨 नेशनल मीडिया में टिन्नू यादव, टिन्नू यादव, टिन्नू यादव और केवल टिन्नू यादव.....🤔🤔
👉 अयोध्या राम मंदिर में चढ़ावे का करोड़ों रुपए, सोने के हार, 1250, मूर्तियां, सोने की गदा, आदि चोरी मामले की खबर पर, इस समय नेशनल मीडिया पर केवल टिन्नू यादव, छाया हुआ है, जब तक टिन्नू यादव का सामने नहीं आया था नेशनल मीडिया की खबरों में तहलका नहीं दिखाई दे रहा था। लेकिन अब तहलका मच चुका है।
👉 भले ही पांच मिनट की खबर हो, टिन्नू यादव का नाम पचासों बार लिया जा रहा है, और अन्य आरोपियों की चर्चा तक नहीं, ह���ं एक बार लास्ट में फिर टिन्नू यादव का नाम लेकर यह जरूर कह देते हैं, टिन्नू यादव के साथ और लोग भी शामिल हैं।
👉 जबकि इस मामले में SIT टीम, मुख्य आरोपी अनिल मिश्रा,चंपत राय, गोपाल राव, के.डी तिवारी, सुभाष श्रीवास्तव, राजेश पाठक, मनीष यादव, अनुकल्प मिश्रा, लवकुश मिश्रा, करुण, ऋतिक, सुमेर आदि से पूछताछ कर रही है।
@Abhimanyu1305 सिस्टम से त्रस्त होकर भरत ने हथियार उठाया था। वर��षों से क्षेत्रीय लोगों की समस्याओं को लेकर सरकार के सामने अपनी मांगे रख रहा था। जब कोई नहीं सुना तो हथियार उठाकर अपनी मांगें मनवाने का प्रयास किया। तरीका गलत था लेकिन भरत सही था।