आपके समय में प्रदेश में ना तो कोई IIT बनी ना कोई नया एम्स बना ना कोई नया IIM बना ना कोई नया मेडिकल कॉलेज बना
हां आपका समय प्रदेश में 60 SIT जरूर बनी है चाहे वह बदायूं दो बहनों से बलात्कार की हत्या का मामला हो मुजफ्फरनगर दंगे का मामला हो मेरठ दंगे का मामला हो बरेली में कांवड़ियों पर हुए हमले का मामला हो या आपके मंत्री गायत्री प्रजापति द्वारा मां और बेटी के बलात्कार का मामला हो
या फिर कानपुर में आपका विधायक इरफान सोलंकी के द्वारा डॉक्टर पर हुए हमले का मामला हो
आप अपना कुकर्म क्यों भूल जाते हैं अखिलेश जी
योगी जी के समय में शानदार 2 एम्स बना है 42 नए सरकारी मेडिकल कॉलेज बने हैं 20 और मेडिकल कॉलेज का निर्माण कार्य चल रहा है
Narendra Modi साहब आपको सोना, पेट्रोल, खाने पीने की वस्तुओं पर रोक लगाने की आवश्कता नहीं है!
आपको केवल मुफ्त की रेवड़िया बांटना बंद करनी होगी!
जैसे अरबों का minority funds बंद की जानी चाहिए इससे देश का कोई भला नहीं हो रहा पिछले 78 सालों में आतंकवादी, कन्वर्शन गैंग बनाने के अलावा !
सरकार द्वारा उपलब्ध कराए जा रही अरबों रुपए मदरसा funding बंद करनी होगी क्योंकि यहा से वैज्ञानिक नही बल्कि आतंकी बन रहे हैं!
सकपाल की मूर्तियां बनाने में अरबों रुपए खर्च नहीं करनी थी, ये जनता पर अतिरिक्त बोझ डाला गया है क्योंकि टैक्स देने वाली ज्यादातर सामान्य वर्ग की होती हैं या फिर मंदिर के टैक्स, दान से बनाई जाती है !
लंबी लंबी नेताओ द्वारा गाड़ियों के काफिला निकालने पर प्रतिबंध लगाया जाना चाहिए क्योंकि आप जैसे लोग स्वयं के जेब से रुपए खर्च कर ये काफिला लेकर नही निकलते!
अरबों रुपए खर्च कर नेताओं की advertisement नही होनी चाहिए क्योंकि ये प्रसार प्रचार का खर्चा भी जनता के टैक्स से होती है ना कि नेता अपनी जेब ढीली करते हैं!
सवर्णों को sc st act में फंसाने वालों को जो लाखो रुपए का अनुदान दिया जाता है उस पर भी पाबंदियां लगाने की आवश्कता हैं क्योंकि ये अनुदान भी समान्य वर्ग के टैक्स से दी जाती है!
स्कूल यूनिवर्सिटी में आरक्षण की खैरात बांटना बंद होनी चाहिए क्योंकि ये बोझा भी समान्य वर्ग की जनता पर डाला गया अतिरिक्त बोझ हैं!
पकड़े गए आतंकवादियों, बलात्कारियों को सालो साल तक जेल में सड़ाने का कोई औचित्य नहीं इन्हें देखते ही on the spot shoot का order दिया जाना चाहिए क्योंकि इनको पालने का खर्चा भी जनता वहन करती है ना कि नेता!
देश की भलाई के लिए मेरी ये उचित सलाह को अमली जामा पहनाए, Freebies से देश का भला नहीं होने वाला बल्कि देश कंगाली के रास्ते पर चल निकला है!
कुर्मी समाज के व्यक्ति के नाम पर फेक आईडी बनाकर #विनोद_यादव ने अखिलेश यादव की बेटी के बारे में नाइजीरिया वाला पोस्ट वायरल किया था।
अब कानपुर पुलिस ने उसे उठा लिया है।
बस डर इस बात का है कहीं अखिलेश यादव यह न कह दे बिरादर है उसे माफ कर दिया जाय... जिस तरह मौलाना को माफ़ किये थे अखिलेश यादव अपना बिरादर समझ के...!
🚨 🇮🇳 धमाकेदार थ्रेड: भारत ने Elon Musk को भी मना कर दिया! 🔥🚨
Starlink भारत में लॉन्च होने वाला था… बड़े-बड़े नेता उत्साहित थे। लेकिन R&AW चीफ Parag Jain ने PMO को रिपोर्ट थमा दी और सारी डील रुक गई!
यह कोई साधारण फैसला नहीं, बल्कि रणनीतिक मास्टरस्ट्रोक है।
Congratulazioni a @narendramodi che oggi diventa il Primo Ministro eletto più longevo nella storia dell’India.
È stato un piacere ritrovarci a Roma nelle scorse settimane e lanciare assieme un Partenariato Strategico Speciale che guarda al futuro per creare nuove opportunità per le nostre Nazioni e i nostri popoli.
52 वेबसाइटें जो ज़्यादातर कॉलेज डिग्रियों से ज़्यादा कीमती हैं:
1. Coursera. org – यूनिवर्सिटी के कोर्स, जिन्हें आप पूरी तरह से मुफ़्त में देख सकते हैं
2. Brilliant. org – मैथ और साइंस सीखने का इंटरैक्टिव तरीका
3. Wolfram Alpha – किसी भी मैथ या फ़ैक्ट से जुड़े सवाल का जवाब देता है
4. GitHub. com – असल दुनिया के प्रोजेक्ट्स से कोडिंग सीखें
5. Investopedia. com – फ़ाइनेंस और इन्वेस्टिंग को आसान भाषा में समझाता है
6. Archive. org – लाखों मुफ़्त किताबें और पुरानी वेबसाइटें देखें
7. Project Gutenberg – 70,000 मुफ़्त क्लासिक किताबें
8. Duolingo. com – कोई भी भाषा मुफ़्त में सीखें
9. Notion. so – अपनी पूरी ज़िंदगी और पढ़ाई को व्यवस्थित करें
10. Our World in Data – दुनिया के हर आँकड़े को विज़ुअलाइज़ करके दिखाता है
11. Statista. com – हर चीज़ पर डेटा और आँकड़े
12. OpenLibrary. org – लाखों किताबें ऑनलाइन मुफ़्त में उधार लें
13. Hemingwayapp. com – तुरंत ज़्यादा साफ़ और आसान भाषा में लिखें
14. NASA. gov – स्पेस साइंस और रिसर्च मुफ़्त में
15. PubMed. gov – असली साइंटिफ़िक रिसर्च पेपर्स देखें
16. Edx. org – Harvard, MIT और दूसरी जगहों के मुफ़्त कोर्स
17. TED. com – दुनिया के सबसे बेहतरीन विचारकों के सबसे अच्छे आइडिया
18. Anki – अब तक बनाया गया सबसे दमदार मेमोरी टूल
19. Canva. com – डिज़ाइनर न होते हुए भी कुछ भी डिज़ाइन करें
20. Skillshare. com – क्रिएटिव और प्रैक्टिकल स्किल्स सीखें
21. Readwise. io – आपने जो कुछ भी पढ़ा है, वह सब याद रखें
22. Google Scholar – असली एकेडमिक पेपर्स खोजें
23. Codecademy. com – कोडिंग करना पूरी तरह से मुफ़्त में सीखें
24. ChatGPT – AI ट्यूटर जो दिन के 24 घंटे उपलब्ध है
25. Figma. com – प्रोफ़ेशनल डिज़ाइन मुफ़्त में सीखें
26. Replit. com – अपने ब्राउज़र से कुछ भी कोड करें
27. Huberman Lab Podcast – साइंस पर आधारित हेल्थ एजुकेशन
28. Mindmeister. com – बेहतर सोच के लिए माइंड मैपिंग
29. NerdWallet. com – पर्सनल फ़ाइनेंस को आसान बनाता है
30. Quizlet. com – फ़्लैशकार्ड्स की मदद से ज़्यादा स्मार्ट तरीके से पढ़ाई करें
31. Gapminder. org – दुनिया की असली हालत देखें
32. PhET Simulations – ऑनलाइन इंटरैक्टिव साइंस एक्सपेरिमेंट
33. Numbeo. com – धरती के हर शहर के लिए रहने-सहने के खर्च का डेटा
34. 23andMe. com – अपनी खुद की जेनेटिक्स को समझें
35. Zapier. com – बिना कोडिंग के अपने काम को ऑटोमेट करें
36. Lesswrong. com – गहरी तार्किक सोच और फ़ैसले लेना
37. Documentaryheaven. com – हज़ारों मुफ़्त डॉक्यूमेंट्री
38. Trading Economics – हर देश के लिए आर्थिक डेटा
39. Perplexity. ai – AI से चलने वाला रिसर्च टूल
40. Stanford Encyclopedia of Philosophy – हर दार्शनिक विचार को समझाया गया है
41. Librivox. org – क्लासिक साहित्य की मुफ़्त ऑडियोबुक
42. Zooniverse. org – असली वैज्ञानिक रिसर्च में हिस्सा लें
43. Futurelearn. com – टॉप यूनिवर्सिटी से मुफ़्त छोटे कोर्स
44. Typing. com – सही तरीके से और तेज़ी से टाइप करना सीखें
45. Drawabox. com – बिल्कुल शुरू से चित्र बनाना सीखें
46. Grammarly. com – हर स्थिति में बेहतर लिखें
47. Khanacademy. org – हर किसी के लिए मुफ़्त, विश्व-स्तरीय शिक्षा
48. Desmos. com – सबसे शक्तिशाली मुफ़्त ग्राफ़िंग कैलकुलेटर
49. Stellarium. org – अपनी स्क्रीन से रात के आसमान को देखें
50. Psychologytoday. com – मानसिक स्वास्थ्य और मनोविज्ञान को समझाया गया है
51. Worldometers. info – हर चीज़ पर रियल-टाइम वैश्विक आँकड़े
52. Notion. so/ templates – अपनी पूरी ज़िंदगी को व्यवस्थित करने के लिए मुफ़्त टेम्प्लेट....Read News
सोशल मीडिया पर @NavbharatTimes के एक डिजिटली ऑल्टर्ड तस्वीर के माध्यम से दावा किया जा रहा है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने महिलाओं से सोना बेचकर धनराशि बैंक में जमा करवाने की अपील की है।
#PIBFactCheck
❌ यह दावा #फर्जी है। प्रधानमंत्री @narendramodi ने ऐसी कोई अपील नहीं की है।
✅ प्रधानमंत्री ने वैश्विक परिस्थितियों के दृष्टिगत जनसामान्य से सोने की खरीद को टालने का आग्रह किया था।
🔗 विवरण -https://t.co/bGooIiAMHT
⚠️ कृपया सतर्क रहिए। सशंकित करने वाली ऐसी सूचनाओं के झांसे मे न आएं। आधिकारिक स्त्रोतों से प्राप्त जानकारी पर ही विश्वास कीजिए।
🔸 केंद्र सरकार से संबंधित किसी भी संदिग्ध तस्वीर, वीडियो अथवा संदेश को @PIBFactCheck को भेजिए, वास्तविकता हम आपको बताएंगे
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सपाई विधायक रविदास मेहरोत्रा ने कहा, अखिलेश की समाजवादी पार्टी ममता बनर्जी के समर्थन में है
"पश्चिम बंगाल में BJP अभिषेक बनर्जी की हत्या की साज़िश रच रही है। जब वे पीड़ित से मिलने गए, तो उन पर हमला किया गया।....
BJP पैसे की ताकत का इस्तेमाल करके TMC विधायकों को खरीदने की कोशिश कर रही .....
इन दो कौड़ी के सपाइयों का दिमाग में घुटनों में आ गया है क्या ? ....
जब भाजपा वाले मरवाने का प्रयास ही कर रहे है तो।विधायकों को खरीदेगी क्यों ?....
अगर खरीद रही है तो मरवाने का प्रयास क्यों करेगी ?....
जनता का को मूर्ख समझा है क्या ? बिल्कुल ही दिमाग से खाली हो रखा है वैसे तो सपाई बड़े विवेक शील बनते हैं जब ये मुंह खोलते है तब सब गुड गोबर कर देते है....
अभी दो दिन पहले इन सपाई नेताओं ने एक अलग ही अफवाह फैला दी कि अशद से सूर्या चौहान को इस लिए मारा था कि अशद की बहन के साथ सूर्या चौहान का टांका भिड़ा हुआ था...
जबकि सूर्या की उम्र ही 17 वर्ष थी और जो अशद की बहन थी वो बिहाई थिहाई थी .....
बेवजह लोगो के मन में शंका का बीज डालकर ये लोग माहौल खराब करना चाहते है ....
इस बात को दुनिया जानती है सपाइयों का मुस्लिम प्रेम किसी से छुपा नहीं है मगर राजनीति में इतना भी न गिरो कि अपना फैलाया रायता समेट भी न सको वैसे भी मजहबी लोगों के मन में भाजपा बालों का डर रहता है
हमें कोई बताओ गांधी ने भारत को केसे आज़ाद करवाया ??
(1) गांधी ने अपने पुरे जीवन में तीन बड़े आंदोलन किये जिनको गांधी ने लक्ष्य तक पहुचाये बिना ही बीच में ही छोड़कर अपने आंदोलन वापस ले लिए तो फिर गांधी ने आज़ादी केसे दिलवाई ??
2] गांधी ने अपना अंतिम बड़ा आंदोलन 1945 में किया था उसके बाद गांधी ने कोई आंदोलन नहीं किया तो फिर अंग्रेज 1947 में केसे भारत को छोड़कर चले गए ??
3] भगत सिंह ,सुखदेव और राजगुरु को जब गोरो ने बेरहमी से फांसी पर लटका दिया तो पूरा देश भगत सिंह कि शहादत का बदला लेने के लिए तैयार था ,उस वक्त गांधी ने आंदोलन कि अगुवाई करने कि बजाय भगत सिंह को "हिंसक उग्रवादी " क्यों कहा ??
4) चंद्रशेखर आज़ाद को सरेआम गोलियो से भुन दिया गया लेकिन गांधी कि जुबान नहीं खुली ,क्या इससे साबित नहीं हो जाता है कि गांधी गोरो का दलाल था ?
5] जब- जब देश में किसी बड़े क्रांतिकारी का बोलबाला होने लगा तब -तब गोरो ने गांधी को तर्जी दी और गांधी को सबसे बड़ा हितेषी बताकर 10/15 दिन के लिए जेल में डाल दिया ताकि भारतीयो का ध्यान सिर्फ गांधी कि तरफ ही केंद्रित रहे क्या इससे साबित नहीं होता कि गांधी ,गोरो का एक महत्वपूर्ण मोहरा था ?
6 ] अगर नेता जी सुभाष चन्द्र बोश के हाथो में कांग्रेस कि कमान रहती तो अंग्रेजो के बाप को भी भारत छोड़कर जाना पड़ता था लेकिन अधक्ष पद पर नेता जी के चुने जाने के बाद भी गांधी ने नेता जी को भारत को छोड़कर जाने पर क्यों विवश किया ??
7] गांधी को अहिंसा का पुजारी कहा जाता है तो गांधी ने द्वितीय विश्व युद्ध में अंग्रेजो के नरसंहार को अपनी सहमति क्यों दी ?? गांधी ने क्यों इस कत्लेआम के लिए भारत कि सेना को ब्रिटेन कि मदद करने का आदेश दिया ??
8 ) गांधी ने बार - बार कहा था देश का बटवारा मेरी लाश पर से होगा तो फिर पाकिस्तान का निर्माण गांधी कि ही सहमति से क्यों हुआ ??
9]आज़ादी के बाद भुखमरे पाकिस्तान को 50 करोड़ रुपये भारत द्वारा दिलाने के लिए गांधी ने अनशन क्यों किया ??
कृपया करके गांधी के अंध भक्त इन सवालो के जवाब दीजिए ...
यह महिला भारत की सुपर महिला है जो कभी राहुल गांधी के साथ पैदल चलती प्रवासी मजदूर बनकर प्रकट होती है तो कभी प्रियंका गांधी के साथ उद्यमी बनकर प्रकट होती है तो कभी अचानक महिला कांग्रेस की मीटिंग में बैठी नजर आती है फिर शानदार एसयूवी में घूमती नजर आती है
आखिर कौन है यह रहस्यमई महिला ?
अभिषेक बनर्जी की सड़क पर पिटाई का समर्थन नहीं है लेकिन एक सवाल है बस कि बीजेपी और विपक्ष (लेफ्ट और अन्य) के सौ से ज़्यादा जो कार्यकर्ता मौत के घाट उतार दिए गए, पिछले पोस्ट पोल वायलेंस में जिन महिलाओं का रेप हुआ, जिनके घर जलाए गए, जिन्हें घर छोड़कर भागना पड़ा.. उनके साथ हुए अत्याचार का विरोध क्यों नहीं हुआ था? अदालत तक में छीछालेदर हो गई थी तब की ममता सरकार की लेकिन आज छाती पीट रहा एक खास इकोसिस्टम मुँह में दही जमाए बैठा रहा।
ये वही अभिषेक बनर्जी हैं जिन्होंने खुल्ला धमकाया था पब्लिक को कि 4 मई को 12 बजे के बाद किसी का बाप बचाने नहीं आयेगा.. आज TMC जीत गई होती और जो हुआ होता आम पब्लिक के साथ, उसपर भी ये इकोसिस्टम चुप रहता।
आज जो हुआ वो BJP की चार दिन की सरकार का बनाया सिस्टम नहीं है बंगाल का, ये लेफ्ट से TMC तक के राज में पनपा सिस्टम है और पब्लिक का ये गुस्सा भी आज का नहीं सालों का है।
फिर कहूँगा, जो हुआ नहीं होना चाहिए था लेकिन जो आज से पहले हुआ था बंगाल में वो भी नहीं होना चाहिए था।
नेता की चोट चोट है, आम आदमी की नहीं? आम आदमी हाड़ मांस का इंसान नहीं है क्या? लेकिन चिंदी मीडिया को आम आदमी से कोई लेना देना हइये नहीं है और ये आम पब्लिक भी समझ चुकी है।
भारत से पंगा लेते-लेते “डोनाल्ड ट्रम्प” की ये हालत हो जाएगी मैंने कभी नहीं सोचा था। खैर....
थुककर “चाटना” इसे ही कहते हैं..
कल तक डोनाल्ड ट्रंप भारत पर 50% टैरिफ लगाने की बात कर रहे थे। ऑपरेशन सिंदूर में हार झेल चुके आसिम मुनीर और शाहबाज शरीफ के साथ खड़े नजर आ रहे थे।
पाकिस्तान को ईरान से बातचीत का जरिया बना रहे थे और भारत पर लगातार तीखे बयान दे रहे थे।
लेकिन अब वही ट्रंप अचानक भारत और मोदी की खुलकर तारीफ कर रहे हैं। तो सवाल उठता है कि आखिर ऐसा क्या बदल गया?
असल बात ये है कि दुनिया की सियासत में न कोई हमेशा दोस्त होता है और न दुश्मन। यहां सिर्फ अपना फायदा देखा जाता है।
यूक्रेन जंग, मिडिल ईस्ट का तनाव और चीन को घेरने की अमेरिका की कोशिशों के बीच यूरोप खुद आर्थिक और तेल-गैस के संकट में फंस गया। NATO के कई देश भी अमेरिका से दूरी बनाने लगे। चीन के खिलाफ भी अमेरिका को वैसी कामयाबी नहीं मिली जैसी उम्मीद थी। ऊपर से कई देश रूस और चीन के करीब जाते दिखने लगे।
ऐसे माहौल में अमेरिका को समझ आया कि एशिया में भारत जैसा बड़ा लोकतांत्रिक और आर्थिक ताकत वाला देश उसके लिए बहुत जरूरी है।
आज भारत सिर्फ एक बड़ा बाजार नहीं रहा, बल्कि दुनिया की राजनीति का बैलेंस बनाने वाला अहम देश बन चुका है।
भारत के रूस से भी अच्छे रिश्ते हैं, अमेरिका से भी पार्टनरशिप है, मिडिल ईस्ट से भी बातचीत बनी हुई है और ग्लोबल साउथ के देशों में भी भारत की मजबूत पकड़ है। इतनी बैलेंसिंग बहुत कम देशों के पास है।
चीन को टक्कर देने के लिए भी अमेरिका भारत को सबसे जरूरी ताकत मानता है।
ट्रंप की राजनीति में चुनावी हिसाब-किताब भी शामिल है। अमेरिका में भारतीय मूल के लोगों और हिंदू वोटर्स का असर लगातार बढ़ रहा है।
इसलिए ट्रंप अब भारत विरोधी नहीं बल्कि भारत के दोस्त वाली इमेज दिखाना चाहते हैं। उन्हें ये भी पता है कि मोदी की लोकप्रियता का फायदा उनकी राजनीति में भी मिल सकता है।
लेकिन ये सिर्फ अमेरिका की मजबूरी नहीं है। ये भारत की बढ़ती ताकत का असर भी है। आज का भारत 1990 वाला दबाव में झुकने वाला भारत नहीं रहा।
रूस से तेल खरीदने का फैसला हो या BRICS को आगे बढ़ाने की बात, भारत अब खुलकर अपने फायदे के हिसाब से फैसले ले रहा है।
यही वजह है कि अब ट्रंप भी समझ रहे हैं कि आने वाले वक्त में भारत को साथ लिए बिना एशिया में अमेरिका का दबदबा बनाए रखना आसान नहीं होगा।
किसी को इतना अपमानित मत करिए कि वह आपकी जड़ों में आचार्य चाणक्य की तरह मट्ठा डालने पर उतर आए
और आप महानंद से नालानंद बन जाएं
कहा जाता है कि हिमंता बिस्वा सरमा जी को राहुल गांधी ने मिलने का समय नहीं दिया, फिर इंतजार करवाया और चाय के साथ अपने डॉगी का बिस्कुट पेश किया।
नतीजा, असम से कांग्रेस साफ हो गई।
और अगर भविष्य में शर्मा जी को प्रधानमंत्री बनने का बड़ा अवसर मिला तो राजपरिवार की राजनीति हमेशा के लिए समाप्त हो सकता है।
कहा जाता है कि वे अटल जी या मोदी जी की तरह शांत नहीं, बल्कि “खेड़ा का पेड़ा” बनाने की खुली बात करने वाले नेता हैं।
पूज्य योगी आदित्यनाथ जी को मुलायम सिंह यादव और मुख्तार अंसारी जैसे लोगों से इतना संघर्ष झेलना पड़ा कि वे संसद में रो पड़े थे।
आज हाल ये है कि मुस्लिम माफिया खत्म हो चुके है। अतीक मुख्तार अपनी कब्र में करवटें बदल रहे हैं और मुलायम का बेटा “पंडी जी कहेंगे तो ये भी करुंगा, पंडी जी कहेंगे तो वो भी करुंगा…” का पहाड़ा पढ़ने को मजबूर दिख रहे हैं।
सुवेंदु अधिकारी के पिता ने टीएमसी की सेवा की, खुद सुवेंदु ने नंदीग्राम और सिंगुर आंदोलन में ममता का साथ दिया।
लेकिन एक दिन अभिषेक बनर्जी के लिए उनसे कुर्सी खाली करने को कहा गया, जबकि वहां सिर्फ दो कुर्सियां थीं।
आज वही सुवेंदु अधिकारी ममता बनर्जी की राजनीति को जमीन के नीचे दफ्न कर चुके हैं। आगे क्या होगा, समय बताएगा।
ऐसे में कबीर का दोहा याद आता है—
“निर्बल को न सताइए, जिसकी मोटी हाय।
मुए खाल की श्वास से, लोह भसम होई जाय।।”
माँ भारती के अमर सपूत, स्वाधीनता के कालजयी स्वर, त्याग व बलिदान की उज्ज्वल कीर्ति पताका, 'हिंदुआ सूर्य' वीर शिरोमणि महाराणा प्रताप की पावन जयंती पर नमन।
मातृभूमि के गौरव और स्वाभिमान की रक्षा हेतु आपका अदम्य साहस एवं सर्वस्व समर्पण, युगों-युगों तक भारतीय जनमानस को अन्याय के विरुद्ध अडिग रहने और राष्ट्रनिष्ठा की प्रेरणा देता रहेगा।
🚨बड़ी खबर
पश्चिम बंगाल के राज्यपाल ने बंगाल के मंत्रिमंडल को बर्खास्त कर दिया है
ममता बनर्जी और उसके मंत्री मंडल को रिजाइन ना देने पर लात मारकर बाहर किया जा रहा है🤣
ममता बनर्जी को जीतना तो नहीं आया, लेकिन हारना भी नहीं आया!
— जो इज्जत से जा सकता था अपनी इज्जत बचा सकता था अंतत उसे लात मार कर भगाना पड़ा बेइज्जत करके धकेलना पड़ा
यह जरूरी नहीं है कि इंसान जीवन में हर बार जीत ही जाए… पुरुषार्थ और पराक्रम से जीतना बहुत महत्वपूर्ण है, लेकिन गरिमा और शान के साथ हारना आना, जीत से भी ज्यादा महत्वपूर्ण है। ममता बनर्जी को चुनाव जीतना तो नहीं आया, लेकिन इज्जत के साथ हारना भी नहीं आया! वास्तव में हार को भी इतना शानदार बना देना चाहिए कि जब वापस लौटें तो सब सम्मान करें।
चुनाव में करारी हार के बाद ममता बनर्जी ने जो हंगामा किया, उससे उनकी बची-खुची इज्जत भी दांव पर लग गई… उनके इस व्यवहार ने यही साबित किया कि ममता दीदी केवल हारने के ही योग्य थीं! सत्ता का नशा संस्कार को किस हद तक खत्म कर सकता है, यह ममता दीदी ने साबित किया है।
साथ ही उन्होंने यह भी दिखाया कि अगर भाजपा ने उन्हें हराने के लिए कोई रणनीति अपनाई हो, तो वह भी उचित ही था।
मुसीबत को अवसर में बदलने की कला हर किसी के पास नहीं होती। नरेंद्र मोदी के पास यह कला बहुत प्रभावशाली तरीके से मौजूद है। उनकी इस क्षमता को लोग राजनीति कहते हों तो कहें, लेकिन मैं इसे हारकर भी जीत जाने की जीवन की सर्वोत्तम कला कहूंगा!
ऑपरेशन सिंदूर में भारत को मिली असाधारण विजय हमारे वीर सैनिकों के अद्भुत पराक्रम और देशभक्ति की प्रेरक मिसाल है। उनके अदम्य साहस, दृढ़ संकल्प और कर्तव्यनिष्ठा पर हर देशवासी को गर्व है।
उदीर्णमनसो योधा वाहनानि च भारत।
यस्यां भवन्ति सेनायां ध्रुवं तस्यां जयं वदेत्।।
#OperationSindoor
पहलगाम की माताएँ आज भी दिया जलाती हैं
उन बेटों के लिए जो लौटकर नहीं आए।
हमारे पायलटों की माताएँ
7 मई की रात 25 मिनट तक साँस रोके बैठी थीं।
दोनों इंतज़ार कर रही थीं।
दोनों न्याय की हक़दार थीं।
भारत ने न्याय दिया।
यही होता है वो राष्ट्र
जो झुकता नहीं। 🇮🇳
#IndianAirForce
#SindoorkaBadla