ब्राह्मणों-राजपूतों के खिलाफ नफरत का फेक नैरेटिव कैसे सेट किया जाता है इसे ऐसे समझिए:-
ये लड़की कह रही है कि :- “बाभन राजपूत पंडित जी जाति पूछकर मारे है”। दरअसल, पासवान समाज के दो युवकों के साथ मंदिर में चोरी के शक में कुछ लोगों ने मारपीट की जिसके बाद उनकी दुखद मृत्यु हो गई।
इस मामले में साधु बाबा कुंज बिहारी शरण यादव जी गिरफ्तार हैं। जबकि तेली समाज के एक बाबा फरार हैं।
लेकिन लड़की का ब्रेन वाश करके बुलवाया जा रहा है कि कुल “बाभन राजपूत पंडित जी मंदिर जाने के कारण जाति पूछकर मारे है”। मामला बिहार के राजगीर का।
भरत तिवारी अब इस दुनिया में नहीं है लेकिन उनका नाम इस दुनिया में अमर होना चाहिए इसके लिए मेरी पाँच माँग है -
1. भोजपुर (आरा) ज़िले का नाम बदलकर ‘भरत नगर’ किया जाए !
2. आरा जंक्शन का नाम बदलकर ‘भरत जंक्शन’ किया जाए,
3. जिस स्थान पर भरत भूषण तिवारी को मारा गया उस स्थान पर क्रांतिकारी भरत मेमोरियल पार्क बनाया जाए !
4. जिले में भरत तिवारी के नाम पर एक नया राजकीय अस्पताल और महाविद्यालय स्थापित किया जाए !
5. पूरे प्रकरण की एक निश्चित समय सीमा में जाँच कराकर दोषियों को आजीवन कारावास से कम की सज़ा न सुनाई जाए !
@dpradhanbjp इस पेपर लीक का जिम्मेदार सिर्फ और सिर्फ तुम हो आपने सब कुछ जानबूझकर करवाया है जिन बच्चों की मृत्यु हुई उसकी जिम्मेदारी कौन लेगा क्योंकि इसमें आपका तो कुछ गया नहीं @narendramodi
@dpradhanbjp यदि आपके अंदर थोड़ी सी भी शर्म बची है तो इस्तीफा दे दो जिसको शिक्षा के श से भी मतलब न हो। ऐसे लोगों जरुरत नहीं है ।अब बहुत हो गया @narendramodi@PMOIndia
@dpradhanbjp इस पेपर लीक का जिम्मेदार सिर्फ और सिर्फ तुम हो आपने सब कुछ जानबूझकर करवाया है जिन बच्चों की मृत्यु हुई उसकी जिम्मेदारी कौन लेगा क्योंकि इसमें आपका तो कुछ गया नहीं @narendramodi
@dpradhanbjp यदि आपके अंदर थोड़ी सी भी शर्म बची है तो इस्तीफा दे दो जिसको शिक्षा के श से भी मतलब न हो। ऐसे लोगों जरुरत नहीं है ।अब बहुत हो गया @narendramodi@PMOIndia
@dpradhanbjp सरकार कब जिम्मेदारी लेगी पेपर लीक का आप लोग दूसरों पर आरोप लगाते हों इसका जिम्मेदार आप स्वयं हो और आपकी सरकार
जब कुछ ठीक नहीं कर सकते हो तो बैठे क्यों हो
#neetprepwithnta
@dpradhanbjp सरकार कब जिम्मेदारी लेगी पेपर लीक का आप लोग दूसरों पर आरोप लगाते हों इसका जिम्मेदार आप स्वयं हो और आपकी सरकार
जब कुछ ठीक नहीं कर सकते हो तो बैठे क्यों हो
#neetprepwithnta
चूँकि केशव प्रसाद ‘मौर्या’ हैं, इसलिए तेजस्वी @narendramodi जी ने कहा कि आप करो जितना आंदोलन करना है। पुलिस प्रोटेक्शन भी मिलेगा। जंतर मंतर पर मौर्या को सारी अनुमतियाँ मिलीं।
@BJP4India यह बताना चाहती है कि सामान्य वर्ग कहाँ पर है उसके लिए: लिंग के अग्रभाग पर। साथ ही बेचारे आइटी सेल के छर्रे लिखते घूम रहे हैं कि वामपंथी मैं हूँ! अबे वर्तमान भाजपा से अधिक समाजवादी और वामपंथी पार्टी भारत में कहाँ है, बता दो!
‘सर्वहारा’ के चार अक्षर, इनके लिए ‘दलित, पीड़ित, वंचित, शोषित’ में बदल गए हैं। हर नीति केवल और केवल इन्हें ही चिह्नित कर के बनाई जाती है। वेलफेयर स्कीम के नाम पर शिक्षा और शोध का दस गुणा बजट इसी खैरात में जाता है।
हमारी बेटियों के रेप और हत्या को ये प्रेम संबंध बता देते हैं, और ऑफर देते हैं कि यदि पॉक्सो लगवाओगे तो तुम पर SC/ST एक्ट लगेगा। चरित्रहनन करना इनकी पुलिस का पसंदीदा काम है यदि लड़की सवर्ण हो।
FIR और हाउस अरेस्ट से ले कर सोशल मीडिया के पोस्ट को हटाने की धमकियाँ दी जाती रहेंगी। हम जानते हैं कि 19 मार्च को सरकार समय माँगेगी। कोर्ट, संभवतः, 7 अप्रैल के बाद का कोई डेट देगा।
बीच में, आपको दलितों के आंदोलन होते दिखेंगे। यूजीसी को ले कर सरकार यह कह देगी, यदि दलित समूह प्रेशर बनाते रहे तो, “हमारी सरकार बाबा साहेब के आदर्शों को ले कर प्रतिबद्ध है। किसी भी दलित के साथ अन्याय नहीं होगा। यूजीसी की नियमावली को ले कर हम सुप्रीम कोर्ट से आशा करते हैं कि वो समाज के शोषित-पीड़ित वर्ग का ध्यान रखेंगे।”
सरकार को लगता है कि लोग थक गए हैं। उनका भ्रम जनता दूर कर देगी।
@ConfirmTKT don't book any form their application and website they do only fake commitment. Booked the tickets from their application but they did not initiate any refund and they tell that they are authorised partner @IRCTCofficial
Please intervene in this.
UGC प्रकरण के बाद जो मवाद रिस-रिस कर दिख रहा है, उसके समाधान हेतु मैंने लिखा था कि आरक्षण तो वास्तविकता है, पर एक समुदाय के हर लाभ से वंचित करना, यह सोच लेना कि सवर्ण है तो धनी ही होगा, गलत है।
कोचिंग फ्री ही नहीं सरकार पैसा भी देगी, फिर फॉर्म का दाम सस्ता, फिर आरक्षण, फिर कॉलेज की फीस माफ, हॉस्टल की फीस माफ… हमें इससे भी समस्या नहीं।
हमारी माँग केवल यह है कि निर्धन सवर्ण छात्रों को आरक्षण के अलावा यह सारी आर्थिक सुविधा दी जाए।