माननीय पहले वाले दिन फिलहाल तो संभव नहीं! अभिव्यक्ति की आजादी नहीं है! क्रिटिसाइज करो तो रासुका, देशद्रोह, पाकिस्तानी, जिहादी जैसे शब्दों की संज्ञा दी जाकर सीधे जेल में भेज दिया जाता है! सिस्टम की कमी बता दो तो अकाउंट फ्रीज और IT एक्ट्स, Fake FIR में पुलिस घर आ जाती है! क्या करे?
वो पहले वाली स्थिति वापिस आ सकती है मगर पहले उन कुछ लोगों को भी मनन करना चाहिए, हमारे इन युवाओं को भी जिम्मेदारी से ट्वीट करना चाहिए, संवाद में शालीनता बनाए रखना चाहिए, तब बात बनेगी।
आप क्रिटिसाइज करो, मगर उपयुक्त भाषा का प्रयोग भी जरूरी है। देखते हैं कितना इंप्रूवमेंट होता है।
@Ramraajya@BajrangDalOrg ये कमेंट में जितने भी मूर्ख इसे धर्म की खूबसूरती और अपने अनुसार पूजन का अधिकार बता रहे है.. यही अंधभक्त.. यदि राहुल गांधी ने इसी तरह पूजा की होती तो मुंह से अंगारे और पीछे से आग उगलते!
दुःख की बात महज इतनी सी है कि सारी कमियां, बीमारी और संवेदनाएं सिर्फ विपक्ष में आने के बाद ही नजर क्यों आती है! जब आप सत्ता में थे तब डोटासरा बच्चों का भविष्य खुल कर लूट रहा था तब आप कुर्सी की लालसा में मौन थे! अब जब कुर्सी नहीं रही तो.. सत्ता का चश्मा उतर गया! @ashokgehlot51
प्रतिस्पर्धा के इस दौर में हमारे बच्चों का मानसिक स्वास्थ्य और भावनात्मक सुरक्षा सर्वोपरि है। अक्सर बच्चे तनाव और अवसाद के साथ-साथ ऑटिज़्म (Autism) जैसी स्थितियों से भी जूझ रहे होते हैं, जिसे सामान्यतः माता-पिता और शिक्षक भी समय पर पहचान नहीं पाते।
इस दिशा में, सीबीएसई द्वारा स्कूलों में मानसिक स्वास्थ्य एवं कॅरियर काउंसलर की नियुक्ति अनिवार्य करना एक अत्यंत सराहनीय और स्वागत योग्य क��म है। राजस्थान हाईकोर्ट के हस्तक्षेप के बाद लिया गया यह निर्णय बच्चों के सर्वांगीण विकास में मील का पत्थर साबित होगा।
मेरा मानना है कि केवल निजी या सीबीएसई स्कूल ही नहीं, बल्कि राज्य सरकार को भी अपने सभी सरकारी विद्यालयों में इसी तर्ज पर विशेषज्ञ काउंसलर्स और वेलनेस टीचर्स की नियुक्ति की व्यवस्था करनी चाहिए। राजस्थान सरकार को भी इस हेतु टीचर्स की ट्रेनिंग की व्यवस्था बनाकर आगे बढ़ना चाहिए।
जब स्कूलों में प्रारंभिक स्तर पर ही ऑटिज़्म और अन्य मानसिक स्वास्थ्य चुनौतियों की पहचान होगी, तभी हम अपने नौनिहालों को एक सुरक्षित और उज्ज्वल भविष्य दे पाएंगे। मानसिक रूप से स्वस्थ बच्चा ही सशक्त राजस्थान की पहचान है।
आचार्य धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री इन दिनों 23 जनवरी से कोटा के रामगंज मंडी क्षेत्र में कथा वाचन कर रहे हैं। कथा के पहले ही दिन दो बहनों भावना और खुशबू ने आचार्य श्री से उन्हें अपना भाई स्वीकार करने की भावनात्मक इच्छा प्रकट की थी। आचार्य धीरेंद्र शास्त्री ने इस स्नेहपूर्ण आग्रह को सहर्ष स्वीकार किया और उसी समय बहनों से राखी भी बंधवाई थी। राखी बांधते समय ही आचार्य श्री ने बहनों के घर चाय पीने आने का वादा किया था।
शनिवार की रात्रि क्रिकेट खेलने के बाद, लगभग एक बजे आचार्य धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री उस वादे की याद को जीवंत करते हुए बहनों से मिलने उनके घर पहुंचे। आधी रात को अपने प्रिय भाई को सामने देखकर भावना और खुशबू की खुशी का कोई ठिकाना नहीं रहा। दोनों बहनें भावनाओं से भर उठीं और उनकी आंखों से खुशी के आंसू छलक पड़े।
यह दृश्य केवल एक मुलाकात नहीं था, बल्कि भाई-बहन के पवित्र रिश्ते, स्नेह और विश्वास का जीवंत उदा��रण बन गया। आधी रात का यह आत्मीय मिलन वहां मौजूद हर व्यक्ति की आंखें नम कर गया।
जिस राज्य का शिक्षा मंत्री ही पाखंड और अंधविश्वास में डूबा हो, वो राज्य कभी विज्ञान, शिक्षा और तकनीक में प्रगति नहीं कर सकता! राज्य क��� भावी पीढ़ी को हम किताबों से नहीं, बल्कि वैज्ञानिक दृष्टिकोण से गढ़ते हैं।
ऐसे पाखंडियों को समर्थन देना शिक्षा मंत्री के पद का तिरस्कार करना है!
@alokrajRSSB चतुर्थ श्रेणी भर्ती हेतु क्यों ना सभी की उपस्थिति पंजिका और OMR सार्वजनिक कर दी जाए? ताकि दोनों के क��रमांक से यह साबित हो सके कि बाद में दूसरी OMR नहीं भरी गई और अन��पस्थित रहने वाले अभ्यर्थियों का नाम लिस्ट में ना हो!
@alokrajRSSB नहीं है ना जवाब?होगा भी नहीं
नॉर्मलाइजेशन वो धब्बा है जो अगर आर्मी में होता तो
मेजर साहब मेजर नहीं होते,शायद चपरासी भी नहीं!
पूरे राजस्थान में वोट एक दिन में डलवा देंगे!पर 1 शिफ्ट में EXM कराने में दादी नानी याद आ जाती है!
क्यों ना चुनाव में नॉर्मलाइजेशन अपनाया जाए?
Cutoff को भी? आते हुए पैसे को भी? भरती हुई तिजोरी को भी? भ्रष्ट बनते अधिकारी को भी? बेरोजगारी के बिकते हुए सपनो को ��ी? भाग चंद के भाग्य को भी? आलोक राज के गिरते हुए आलोक को भी? X पर पूरे दिन सिर्फ बकैती करके payout के नाम पर आते हुए पैसे को भी?
RSSB बोर्ड के कार्यालय और कर्मचारियों के घर भी छापा मारे तो इससे ज्यादा मिलेगा!
ओडिशा में अवैध खनन से जुड़े मामले में ईडी ने छापेमारी की है, एक BJD नेता और ठेकेदार के घर की अलमारी से बड़ी मात्रा में नगदी बरामद हुई —
#चतुर्थ_श्रेणी_भर्ती_SCAM#चतुर्थ_श्रेणी_परिणाम
📘 थर्ड ग्रेड शिक्षक भर्ती परीक्षा
🧠 150 प्रश्न कैसे अटेंड करें – स्मार्ट स्ट्रैटेजी
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- कुल प्रश्न : 150
- समय सीमित है → स्पीड + सटीकता दोनों चाहिए
- पूरा पेपर 3 राउंड में अटेंड करना है
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🔴 ROUND–1 : सुपर फास्ट राउंड (पहले 35–40 मिनट)
👉 केवल वही प्रश्न करें जो देखते ही आते हों
✔️ 100% कन्फर्म प्रश्न
✔️ जिनमें सोचने का समय न लगे
✔️ 10–15 सेकंड में हल हो जाए
❌ अटकना नहीं
❌ गणना/लंबी सोच वाले छोड़ देना
🎯 टारगेट:
➡️ 70–80 प्रश्न सीधे निकालो
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🟡 ROUND–2 : सोच-समझकर (अगले 40–45 मिनट)
👉 अब वे प्रश्न उठाओ:
- जिनमें 2 ऑप्शन एलिमिनेट हो रहे हो
- थोड़ा सोचने पर उत्तर निकल जाए
- थ्योरी/कंसेप्ट बेस्ड प्रश्न
✔️ यहाँ धैर्य से काम लो
✔️ प्रश्न पढ़कर ही हल करो
🎯 टारगेट:
➡️ 40–50 प्रश्न
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🟢 ROUND–3 : जोखिम वाला राउंड (अंत के 20–25 मिनट)
👉 अब बचे हुए कठिन / कन्फ्यूजन वाले प्रश्न
✔️ केवल वही अटेम्प्ट करो:
- जहाँ 50–50 का चांस हो
- पूरी तरह अंदाज़ा नहीं
❌ बिल्कुल अनजान प्रश्न छोड़ देना
🎯 टारगेट:
➡️ 10 सवाल
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सवाल को ध्यान से पढ़ना है, क्या पूछ रहा है
🌟 ONE LINE MOTIVATION
जो आपको नहीं आता है वह किसी को नहीं आता। यह सिर्फ एक पेपर है जिंदगी नहीं इसलिए आराम से नींद लेकर जाना ❣️🙌