बिग अपडेट 🚨
झारखंड में चल रहे प्रोटेस्ट का दायरा अब बढ़ता ही जा रहा है।
अब दिल्ली से लेकर नोएडा आदि जगह से पत्रकार धीरे धीरे झारखंड की तरफ रवाना हो रहे हैं।
झारखंड में चल रहे प्रोटेस्ट में मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को ख़ुद धरना स्थल पहुँच कर युवाओं की बात सुननी चाहिए।
पेपर लीक की बढ़ती समस्या , समय पर एग्जाम ना होना , रिजल्ट देरी से जारी करना ये सब एक बड़ी समस्या बन चुकी है।
भाजपाइयों का सबसे बड़ा संकट ये है कि वो अब अगर जनता से दंडवत् माफ़ी भी माँगेंगे तो भी जनता माफ़ नहीं करेगी क्योंकि भाजपाइयों ने कभी भी जनता के साथ किया हुआ अपना वादा नहीं निभाया है। ये बात और है कि भाजपा के संगी-साथियों ने औपनिवेशिक सत्ताओं के आगे माफ़ी भी माँगी थी और बड़ी वफ़ादारी के साथ निभाई भी थी।
दूसरों पर माफ़ी माँगने के लिए दबाव बनाना और लोगों के बयान बदलवाना भाजपाई नकारात्मक राजनीति की बहुत ही घिसी-पिटी और आउटडेटेड चाल है। ऐसे कुकृत्यों से भाजपा के ख़िलाफ़ गुस्सा, नाराज़गी और आक्रोश और भी अधिक बढ़ रहा है। जब जनता भाजपा के विरुध्द अपने विचार, अपने मन में ही रखेगी तो भाजपाइयों और उनके अनरजिस्टर्ड संगी-साथियों के लिए हालात बद-से-बदतर हो जाएंगे।
भाजपा का अहंकार ही गिरायेगा उनकी सरकार!
भाजपा ‘अवध एक्सप्रेस’ से सत्ता में आई थी, ‘अयोध्या एक्सप्रेस’ से उसकी वापसी तय है।
दानपात्र में हाथ डालनेवाले भाजपाई और उनके संगी-साथियों के ख़िलाफ़ ‘दानपात्र’ के साथ सपा के सांसदों ने संसद के सामने जो सांकेतिक प्रदर्शन किया, उसे देखकर शर्मिंदगी में डूबे भाजपाई लोग, सबसे निगाह चुराकर चुपके से आते-जाते देखे गए।
जनता कह रही है, हम उदार हृदय भारतीय लोग, भाजपाइयों की सौ क्या हज़ार चोरी भी माफ़ कर देते लेकिन धर्म के पैसे चुराने का महापाप हम कभी माफ़ नहीं करेंगे। जनता ये भी कह रही है कि जो भगवान के नहीं हुए, वो हमारे क्या होंगे।
जो भाजपा का साथी, वो रामघाती-महापापी!