@myogiadityanath बाबा जी।सादर प्रणाम।.आरक्षण एस सी, एस टी ऐक्ट और यू जी सी पर केन्द्र सरकार से नाराजगी का कुफल दुर्भाग्य वश आप की सरकार को भी भुगतना ही होगा। कृपया पहले से ही आगे की स्थिति का पूर्वानुमान और रणनीति बनाये।
सादर अभिवादन।
@AwanishSharan आज सेवा का ग्लैमर रोबदाब,अधिकारो का बेशर्म दुरूपयोग,निरकुंश शासन की प्रवृति,कदाचार को सरंक्षण,किसी के प्रति जबाब देह न होना ही इस सेवा की सच्चाई है जो आम जनता को पता नही है।
समाज मे अच्छे लोग सबके भले के लिये काम करे तो समाज का भला हो।
अच्छे शिक्षक,वैज्ञानिक,डाक्टर,इंजीनियर बने।
@Gaharvar_sss बहुत सही सोच।पत्रकार भी अपने पेशे के माध्यम से उत्कृष्ट कोटि की समाज सेवा कर समाज मे अपने पुरूषार्थ का डंका बजा कर लोक प्रियता के शिखर पर जा सकते है।आज नैतिक मूल्यो के गिरते दौर मे विश्वसनीयता का संकट सबसे बडी चुनौती है।नयी पीढी को दिशा नही मिल पा रही है।लोभ व लाभ ही शिखर है
@varungandhi80 पद को खत्म करके रोजगार सृजन करने के स्थान पर पदो को नये स्थानो पर आवश्यकतानुसार प्रशिक्षण देकर तैनात कर उनका उपयोग करे।
जनसंख्या पर नियन्त्रण के लिये कुछ कर नही पा रहे है पदो को खत्म कर के क्षेत्र
मे बेरोजगारो की फौज से कैसे आंख मिला पायेगे नेता गण?
किसान आंदोलन जैसे हालात पुनः?
@ompraksh6891 आरक्षण का विरोध व भाजपा दोनो विपरीत ध्रुव है।
जनता भाजपा के मीठे धार्मिक रसपान से मदहोश होकर सब कुछ विस्मृत कर देती है।
भाजपा यही चाहती है कि लोग वास्तविक मुद्दो को न उठाये।वहां वोटो का गणित गडबडा जायेगा।।
सत्ता से बडा देश है या दल?समाज की दुर्दशा के लिये हमारा बिखराव भी कारण है।
@AshwiniVaishnaw भारत मे ऐसे दृश्य कम दिखते है जहां बिना किसी ताम झाम के आम नागरिक समय का सदुपयोग आन्नद पूर्वक करते हुये बढते हुये HAPPINESS INDEX को जाने अनजाने दर्शा रहे है।
रेलवे के लिये संतोष का विषय।
अच्छा व सराहनीय।साधुवाद नागरिको।
@nbtRanvijay @LMC_IECofficial @NBTLucknow@SudhirMisraNBT जनता को भी अपने शोषण के विरूद्ध आवाज उठानी चाहिये।कम से कम वर्तमान सरकार मे तो भ्रष्टाचार के विरूद्ध आम जनता योगी जी के साथ समर्थन मे आगे बढ चढ के भाग लेकर भ्रष्ट नौकर शाही की कमर तोड सकती है।
जनता अपने स्वार्थ से ऊपर उठकर भ्रष्ट व्यवस्था के खिलाफ बिगुल बजाकर आगे आये।
@AshwiniUpadhyay हमारे प्राकृतिक संसाधन बहुत सीमित और इतने बडे जनसंख्या के लिये अपर्याप्त है।
हम संसार की प्राचीन संस्कृतिऔर सभ्यता के बावजूद पिछडे और गरीब देशो मे गिने जाते है।
जनसख्या वृद्धि दरअधिक होने से धीरे धीरे पिछडते चले गये।पडोसी देशो का बोझ भी हमारी उदारता और वसुधैवकुटुम्बकम् से बढा।
@suryakantvsnl यह आकस्मिक निरीक्षण कर्मचारियो व अधिकारियो को सही रास्ते पर चलने को मजबूर करेगा यदि इसे नियमित रखा जाये।
सरकारी व्यवस्था बदहाल इसीलिये हो जाती है कि कोई निगरानी नही हो पाती है।
काम न करने का वेतन और काम कराने के लिये बेबस निरीह जनता से घूस ।लगभग यही सच है जो हमने तीस सालो मे देखा
@manishsNBT@NBTLucknow योगी जी की राह इस बार और अधिक चुनौती पूर्ण है।नौकर शाहो पर लगाम लगाना मेढक को तराजू पर तौलने जैसा दुष्कर है।
अपराध इन्ही सफेदपोश आस्तीन के सांपो के इशारे पर फलता फूलता है।अकेला अपराधी इतना दुःस्साहस नही कर सकता है।
@sakshijoshii शराब और वीयर की दुकाने गली गली खोल कर मुफ्त मे शराब बाटो और स्कूल कालेज मे भी लंच के साथ वीयर मुफ्त मे दो ।सरकार की आय बढेगी तो विकास भी होगा।
जनता भी खुश।नेता भी खुश।व्यापारी भी खुश।इतने बडे देश मे कुछ लोग मरते रहे इससे सरकार पर क्या फर्क पडेगा।
आखिर गरीब का जन्म ही दुखमय होताहै
@AshwiniUpadhyay@narendramodi पुलिस की निष्क्रिय कार्य शैली और राजनैतिक दलो का धार्मिक और जातीय विद्वेष के आधार पर भावनात्मक विभाजन कर सत्ता पाने का कुत्सित सोच को बनाए रखना।
घृणित अपराध राजनैतिक दल खुद ही कर रहे है।जनता निर्दोष और असहाय होकर इनके कुकृत्य का शिकार है।
@AwanishSharan ऐसे बहादुर साहसिक कार्य के लिए समर्पित जान जोखिम मे डालकर नौजवान पुलिस कर्मी का अभिनन्दन हो।पुरस्कार का सही हकदार है।
जानबूझकर दोषी ,मजबूर, लाचार युवक की कौंसिलिग कर उसकी समस्याओ का समाधान कराया जाए।