यह बांग्लादेश के करोड़पति हिंदू कारोबारी अंबुज शर्मा है और आज भिखारी जेहादियों ने उनकी हालत कर दिया
उनके पूरे परिवार को मार डाला गया और उन्हें बांधकर लाठियां से पीट-पीट कर मार डाला गया उनके मकान पर फैक्ट्री पर कब्जा हो गया
और ये सिर्फ और सिर्फ संख्या के बल पर हुआ
पांच या सात दशक के बाद यही सब भारत में होने वाला है क्योंकि संख्या बल ही सबसे बड़ा बल होता है
राहुल गांधी भी यही चाहते हैं वह बार-बार कहते हैं कि जिसकी जितनी संख्या हो उसकी इतनी ज्यादा सरकारी संसाधन दे दो
मुस्लिम जनसंख्या भारत में 13% की रफ्तार से बढ़ रही है और हिंदू जनसंख्या मात्र 4% रफ्तार से बढ़ रही है जो यह बता रहा है कि 2080 तक भारत में हिंदू अल्पसंख्यक होना शुरू हो जाएंगे
और यह जो हाल आज बांग्लादेश के अरबपति करोड़पति कारोबारी अंबुज शर्मा का हुआ वही हाल भारत के भी अरबपति करोड़पति कारोबारी का होगा
आपका धन दौलत आपका अस्तित्व को नहीं बचा सकता यह भारत के बंटवारे के समय में हमने देखा है कि पाकिस्तान के करोड़पति व्यापारी भी सब कुछ छोड़ कर खाली हाथ भारत आए
अब हिंदुओं को यह सोचना है कि वह कुछ दशकों के बाद भारत से कहा जाएंगे ?
और पूरी दुनिया बांग्लादेश में हिंदुओं के कत्लेआम पर खामोश है
पूरी दुनिया तब भारत में भी हिंदुओं के कत्लेआम पर खामोश रहेगी क्योंकि दुनिया को सिर्फ एक समुदाय विशेष से मतलब है
दुनिया के आंसू सिर्फ गाजा के फिलिस्तीन के मुसलमानो के लिए निकलते हैं कभी हिंदुओं के लिए नहीं निकलते
मै मूर्ति की पूजा करती हूँ इसलिए तुमने मूर्तियाँ तोड़ीं,मै मंदिर में पूजा करती हूँ इसलिए तुमने मंदिर तोड़े
तुम्हारी सोच इतनी ही है बस।
लेकिनतुम भूल गए ,
कि मैं #सूर्य की पूजा करती हूँ,
हिम्मत है तो सूर्य बुझा दो ?
वो मिट्टी,पत्थर,पेड़,पहाड़,नदी,पशु-पक्षी सबकी पूजा क्या समझेंगे👇
मणिपुर में भारतीय सेना के जवानों द्वारा ध्वस्त किये जा रहे आतंकी बंकर।
खड़े होकर इसे देख रहे स्थानीय लोगों की आंखों में राहत देखिए।
सेना आतंकियों का सफाया कर रही है और यही वजह है कि कांग्रेस विधवा-विलाप कर रही है।
अम्बेडकर के बारे में फैलाये गये मिथक और उनकी सच्चाई?
1 मिथक: अंबेडकर बहुत मेधावी थे।
सच्चाई: अंबेडकर ने अपनी सारी शैक्षणिक डिग्रीयाँ तीसरी श्रेणी में पास की।
2 मिथक: अंबेडकर बहुत गरीब थे!
सच्चाई: जिस जमानें में लोग फोटो नहीं खींचा पाते थे उस जमानें में अंबेडकर की (1/13)
500,000 से अधिक लड़ाकू उम्र के मुस्लिम आप्रवासियों की फौज लीबिया के तट की ओर चल रही है, वे इटली के माध्यम से यूरोप में शरणार्थी बनकर रहेंगे।
इस फौज में आपको केवल आपको पुरुष ही दिखाई देंगे, जिनका शिकार यूरोप की गोरी महिलाएं होंगी।