🚨 ब्रेकिंग न्यूज —
इंडिया गठबंधन की बैठक में लोकसभा नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के भाषण को आप हिंदी में सुन सकते हैं।
राहुल गांधी ने साफ़ शब्दों में कहा की “ हम 2024 हारे नहीं हैं और 2029 हम पहले ही जीत चुके हैं ,,🔥🔥🔥
इसे सुनें और आगे भी शेयर करें।
मैं 50 नहीं 500 चुनाव भी अगर हार जाऊँ …..
तो भी हिंदू मुस्लिम करके और झूठ बोलकर दंगे करवा कर चुनाव नहीं जीतूँगा।
— राहुल गांधी, लोकसभा नेता प्रतिपक्ष
राहुल गांधी इसीलिए बाक़ी नेताओं से अलग माने जाते हैं।
चुनाव आयोग ने कांग्रेस की राज्यसभा उम्मीदवार मीनाक्षी नटराजन जी का नामांकन बिना किसी कारण रद्द कर दिया। ये लोकतंत्र पर सीधा हमला है, बाबा साहेब के संविधान पर प्रहार है।
इसके विरोध में आज NSUI कार्यकर्ताओं ने चुनाव आयोग कार्यालय के बाहर शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर अपनी बात रखी और लोकतांत्रिक अधिकारों की रक्षा की मांग की।
हम किसी भी कीमत पर लोकतंत्र की हत्या नहीं होने देंगे। लोकतंत्र में निष्पक्षता, पारदर्शिता और संविधान की भावना सर्वोपरि है, इन्हें कमजोर करने की हर कोशिश का लोकतांत्रिक तरीके से विरोध जारी रहेगा।
𝐖𝐡𝐚𝐭’𝐬 𝐡𝐚𝐩𝐩𝐞𝐧𝐢𝐧𝐠 𝐢𝐧 𝐭𝐡𝐞 𝐀𝐧𝐝𝐚𝐦𝐚𝐧 & 𝐍𝐢𝐜𝐨𝐛𝐚𝐫 𝐈𝐬𝐥𝐚𝐧𝐝𝐬?
LoP Shri @RahulGandhi travelled to the Andaman & Nicobar Islands to find out. What he found raises serious questions about our forests, reefs, and people.
- 161 sq km of rainforest in danger
- 1.5 crore trees set to be felled
- Protected coral reefs under threat
- Tribal communities and settlers facing an uncertain future
✊ Join us on this journey to protect Great Nicobar Island.
Watch Full Exclusive:
https://t.co/uAPDGRfTW8
#GreenOverGreed
विकास दिव्यकीर्ति सर का ‘चौथी पास’ पर गज़ब का तंज!
विकास दिव्याकीर्ति सर~ जो चार वाक्य भी याद करके नहीं बोल पा रहे वो भारत में सबसे महान माने जाते हैं!
उदाहरण सोशल मीडिया स्टार्स का 😂🤣
@INCIndia मोदी गवर्नमेंट ने देश का 880 टन गोल्ड बेच दिया I think कुछ दिनों में देश में वित्त आपातकाल लगने वाला है देश की अर्थव्यवस्था का बंटाधार कर दिया देश मुंह चलने से नहीं चलता
🔥 BIG BREAKING 🔥
ब्लूमबर्ग का बहुत बड़ा धमाका....
रिज़र्व बैंक ने अर्थव्यवस्था बचाने के लिए 12 बिलियन डॉलर में कई टन सोना बेचा है।
देश के विदेशी मुद्रा भंडार को बचाने के लिए रिज़र्व बैंक ने 83 टन सोना बेच दिया है... मोदी सरकार की मर्जी से।
देश रसातल में जा रहा है। मौजूदा सरकार सिर्फ गाल बजाने वाली सरकार है।
देश का गोल्ड भंडार 880 टन था, इस बार सरकार ने गोल्ड रिज़र्व के आंकड़े छिपा लिए हैं।
1991 में भी सोना गिरवी रखा गया था; देश के इतिहास में किसी भी सरकार ने कभी सोना नहीं बेचा।
#Bloomberg #RBI #GoldReserve #IndiaEconomy
भाजपा ने देश का स्वर्ण-मान बेच दिया है।
अब देश की जनता को समझ में आया कि भाजपा सरकार सोना खरीदने से मना क्यों कर रही थी क्योंकि अगर सोना जनता के पास चला जाता तो ये बेचते कैसे।
5 ट्रिलियन डॉलर इकोनॉमी के जुमले की सुनहरी परत अब उतर गयी है। भाजपा के दावों का Golden Curtain बेपर्दा हो गया है। जनता इस समाचार के बाद डरकर बैंक जाकर अपने लॉकर खोलकर देख रही है कि सब सही-सलामत है भी कि नहीं?
जनता को समझ में आ गया है कि भाजपाई भ्रष्टाचार ने देश की अर्थव्यवस्था को पूरी तरह खोखला कर दिया है और विदेशी सत्ताओं के आगे भाजपा और उनके भ्रमणशील संगी-साथी अब साष्टांग नतमस्तक क्यों हैं।
The people of Karnataka placed their trust in us, and that trust remains our greatest responsibility.
Warm congratulations to CM Shri D.K. Shivakumar ji and the Council of Ministers, who will carry forward the aspirations of the people of Karnataka.
My sincere thanks to Shri Siddaramaiah ji, whose leadership and service have strengthened Karnataka and improved millions of lives.
The Congress party’s guarantees remain the foundation of our governance and commitment to social justice.
We will keep listening, delivering, and serving the people of Karnataka.
CBSE चर्चा में है - छात्र नाराज़ हैं, टीचर परेशान हैं, मोदी सरकार ने वाक़ई में शिक्षा का भट्ठा बैठा दिया है
तो चलिए समझते हैं कि आख़िर हुआ क्या है?
▪️इस साल इस देश के 17,68,000 से ज़्यादा छात्रों ने CBSE बोर्ड से 12 वीं का exam दिया था. CBSE बोर्ड एक प्रतिष्ठित बोर्ड रहा है, जिसका करीब 64 साल का इतिहास है
▪️CBSE का एक मार्किंग पैटर्न है- स्टेप टू स्टेप. आंसर शीट को टीचर्स चेक करते आए हैं
▪️मगर पता नहीं किस ज़िद में इस बार CBSE ने अचानक तय किया कि अबकी बार On-Screen Marking (OSM ) से आंसर शीट की जांच होगी
▪️यानी कॉपी स्कैन करके दी जाएगी और टीचर्स उसको इवैल्यूट करेंगे. फ़रवरी 2026 में OSM का निर्णय आया और तुरंत ही लागू कर दिया गया
▪️मगर जब रिजल्ट आया तो हड़कंप मच गया, तमाम बच्चों ने कहा पेपर बढ़िया हुआ था, कम नंबर कैसे मिले
▪️छात्रों ने अपनी कॉपी मांगी तो पता चला कि ये उनकी कॉपी थी ही नहीं, उनकी हैंडराइटिंग नहीं है, किसी की सप्लीमेंट्री कॉपी गायब है, तो किसी की आधी कॉपी गायब
▪️कई टीचर्स ने भी बताया कि जो कॉपी स्कैन करके आई, वो इतनी धुंधली थी कि उसमें कुछ क्लीयर दिख ही नहीं रहा था
▪️ऑफलाइन में जिन स्टेप्स के मार्क मिल सकते थे, ब्लर होने के कारण OSM में उन स्टेप्स की मार्किंग हुई ही नहीं, कहीं दूसरी कॉपी ना मिलने से कम नंबर मिले
▪️जब इसकी शिकायत वेदांत श्रीवास्तव जैसे कुछ छात्रों ने की तो उन्हें सोशल मीडिया पर देशद्रोही और पाकिस्तान कहके ट्रोल किया गया
▪️इसी बीच निसर्ग अधिकारी नाम के क्लास 12 के छात्र ने तो CBSE वेबसाइट को हैक करके उसकी ख़ामियाँ उजागर कीं. जिस पर CBSE ने बचकाना बयान देकर कहा - exam offline हुआ तो हैक करने से क्या होगा!
▪️खैर, समस्या की जड़ तो OSM में चेकिंग के लिए मिलने वाली घटिया scanned कॉपी थीं
▪️OSM का टेंडर Coempt EduTech नाम की कंपनी को मिला
▪️CBSE टेंडर जीतने से पहले, Coempt EduTech को Globarena Technologies के नाम से जाना जाता था
▪️यह वही कंपनी है जिसके ऊपर 2019 की तेलंगाना इंटरमीडिएट exam पर बड़ी गड़बड़ी का आरोप लगा था, और बैन किया गया था
▪️ 3.80 लाख से अधिक छात्रों के मार्क्स गायब हो गए और अन्य गड़बड़ियां हुईं. इस कारण 23 छात्रों ने आत्महत्या कर ली थी
▪️पर इसके बाद Globarena Technologies ने अपना नाम बदलकर Coempt EduTech कर लिया और जुगाड़ करके CBSE का टेंडर हासिल कर लिया
▪️CBSE के ही एक छात्र सिद्धांत सार्थक ने कुछ चौंकाने वाले खुलासे किए. उसने फैक्ट के साथ ये बताया कि इस कंपनी Coempt को टेंडर देने के लिए CBSE ने किस तरह सारे नियम-कानूनों को ताक पर रख दिया
• पहले जिन कंपनियों का पुराना प्रदर्शन खराब रहा हो, उन्हें अयोग्य ठहराया जाता था, बाद के टेंडर में यह शर्त हटा दी गई
• पहले कभी भी ब्लैकलिस्ट हुई कंपनी पर रोक थी, बाद में नियम बदलकर केवल “वर्तमान में ब्लैकलिस्ट” कंपनियों तक सीमित कर दिया गया
• पहले बड़े और quality प्रोजेक्ट्स को ज्यादा महत्व था, बाद में प्रोजेक्ट्स की संख्या को अधिक महत्व दिया गया
• आरोप है कि इस कंपनी को टेंडर देने के लिए vendor accountability, software ownership और server infrastructure से संबंधित नियम बदले गए
▪️अब इस केस में एक नया खुलासा ये भी हुआ है कि कॉपियों की स्कैनिंग नहीं हुई बल्कि फोटो खींच के अपलोड की गई थीं
▪️इसी वजह स मार्किंग के समय ज्यादातर आंसर शीट की लिखावट क्लीयर नहीं थी और मार्क्स नहीं मिले
👉अब सवाल ये है कि इन सबके पीछे किसका दिमाग था?
👉ये किसने निर्णय लिया कि बिना किसी तैयारी के अचानक OSM लागू होगा?
👉OSM को इतनी अफ़रातफ़री में क्यों लागू किया गया?
👉अगर OSM की इतनी जरूरत थी तो इसकी पहले से ट्रेनिंग या तैयारी क्यों नही की गई?
👉इस फेलियर के लिए किसकी जवाबदेही और जिम्मेदारी है?
👉शिक्षा विभाग की कोई जिम्मेदारी है या नहीं?
👉धर्मेंद्र प्रधान की नाक के नीचे NEET का पेपर लीक हुआ, SSC का exam कैंसिल हुआ, CUET में गड़बड़ी हुई, पचासों और इम्तिहान के पेपर लीक हुए, तो वह मंत्री क्यों बने हुए हैं?
▪️बजाय गलती मान कर सुधार करने के वही पुरानी लफ़्फ़ाज़ी - फलाना पेपर एयरफोर्स से भेजा जा रहा है, फलाने पेपर की निगरानी खुद मोदी जी करेंगे - तो शिक्षा मंत्रालय क्या करेगा भाई?
▪️प्रधानमंत्री एक नाकाम मंत्री के हाथ में देश के लाखों बच्चों का भविष्य थमाकर बच्चों को hobby पूरा करने की सलाह दे रहे हैं
🙏🙏आपके रहते इनका भविष्य बन जाये - वही बहुत है मोदी जी! बंटाधार कर दिया है आपने शिक्षा का
पापा, आपने जिस कुशल, समृद्ध और मजबूत भारत का सपना देखा था, उसे साकार करने की जिम्मेदारी मैं पूरी करूंगा।
आपकी सीख, आपके संस्कार और आपकी यादें हमेशा मेरे साथ रहेंगी।
12 साल सत्ता में रहने के बाद अगर प्रधानमंत्री जनता से यह कहने लगें कि सोना मत खरीदो, विदेश मत जाओ, पेट्रोल कम जलाओ, खाने-पीने की चीज़ें कम इस्तेमाल करो तो यह किसी दूरदर्शी नेतृत्व का संदेश नहीं, बल्कि आर्थिक विफलता का सार्वजनिक स्वीकार है।
जिस सरकार ने “अच्छे दिन” का सपना दिखाया था, आज वही सरकार लोगों को अपनी ज़रूरतें सीमित करने की सलाह दे रही है। महंगाई पर नियंत्रण नहीं, रोजगार का भरोसा नहीं, किसानों को राहत नहीं, मध्यम वर्ग को सुरक्षा नहीं और ऊपर से त्याग का प्रवचन।
हर संकट में सरकार अपनी नाकामी छिपाने के लिए जिम्मेदारी जनता पर डाल देती है। कभी कम खर्च करो, कभी कम यात्रा करो, कभी कम उपभोग करो। सवाल यह है कि आखिर सरकार की जवाबदेही क्या है?
देश ऐसे नहीं चलता। देश जनता की उम्मीदों पर चलता है, डर और समझौतों पर नहीं। अब देश को भाषणों और इवेंट मैनेजमेंट नहीं, बल्कि ईमानदार नेतृत्व, ठोस आर्थिक नीति और जवाबदेही की जरूरत है।
#PMIsCompromised
मोदी जी ने कल जनता से त्याग मांगे - सोना मत ख़रीदो, विदेश मत जाओ, पेट्रोल कम जलाओ, खाद और खाने का तेल कम करो, मेट्रो में चलो, घर से काम करो।
ये उपदेश नहीं - ये नाकामी के सबूत हैं।
12 साल में देश को इस मुक़ाम पर ला दिया है कि जनता को बताना पड़ रहा है - क्या ख़रीदे, क्या न ख़रीदे, कहां जाए, कहां न जाए। हर बार ज़िम्मेदारी जनता पर डाल देते हैं ताकि ख़ुद जवाबदेही से बच निकलें।
देश चलाना अब Compromised PM के बस की बात नहीं।
This video from the oath ceremony of Tamil Nadu CM @TVKVijayHQ earlier today has been blocked by @Meta on both LoP @RahulGandhi and @INCIndia accounts.
What’s wrong with this video @Meta?
Why has this been blocked?
Disgusting to say the least.