दलितों को घोड़ी कौन नहीं चढ़ने देता, OBC समाज के दबंग जातियां बिल्कुल ठीक ठोका सज्जन सिंह ने।
मै तो एक लाइन और एड करूंगा कि कुछ जगह पर दबंग दलित जातियां कमजोर दलित जातियों का शोषण करती है।
ब्राह्मण बेटी है - बस गरीबी ने इतना मजबूर कर दिया था अच्छे कपड़े नहीं थे इसलिए स्कूल शिक्षक हमेशा डाट कर पीछे बैठा देते थे
ताना मारते थे - तुम्हारी मां दूसरों के घर में काम करती है नौकरानी है तुम्हारी मां - अब वो मां भी नहीं रही पिता बीमार हैं मानसिक - कभी कभी पोलदारी कर लेते हैं
ये इस देश की सरकार को नहीं दिखता - ये भेद भाव किसी को नहीं दिखेगा इसपर मीडिया डिबेट नहीं करेगी - यहां मंत्री नहीं जाएंगे - क्योंकि इनकी जाति ब्राह्मण है
जितना दोषी ये सिस्टम और सरकार है उतना ही दोषी ब्राह्मण समाज है - फलाने एकता के लिए हम वोट करेंगे भले खुद के समाज के बच्चे बत्तर से बत्तर स्थिति में रहे उनका उत्पीड़न हो
ये वीडियो उन तमाम ब्राह्मणों के पास जानी चाहिए - जो किसी पार्टी का झंडा उठाते हैं - ब्राह्मण नेताओं के पास जानी चाहिए - उनसे सवाल होना चाहिए - क्या किए हो समाज के लिए - कोई एक कार्य किए हो तो बताओ
एक कैटेगरी बना दी गई इस देश में - कुछ गोपड़ कहानियां बनाई गई और कह दिया गया बस उनके साथ ही उत्पीड़न होता है और सबने मान भी लिया
एक लाख ब्राह्मण ज्यादा नहीं सिर्फ 100 रुपया डोनेट कर दें तो इनकी स्थिति - सुधर जाएगी
बैंक विवरण (सहयोग हेतु): खाता धारक: रत्ना देवी खाता संख्या: 53680100025460 बैंक: बड़ौदा यूपी बैंक IFSC Code: BARB0BUPGBX
Note - मैने ब्राह्मण लिखा है - इसलिए क्योंकि यहां बीसी ऐसे ऐसे हैं जो कहने लगते मदद चाहिए तो सबसे कहते हो - ऐसे किसी मानसिकता वाले व्यक्ति की जरूरत नहीं दूर रहना wow Sri वालो
.@PMOIndia अपनी और अपनी कैबिनेट की नाकामियों पर चुप्पी साधने को नई स्ट्रेटजी बना कर चल रहा है। UGC, NEET से मरते छात्र-छात्राएँ, CBSE प्रकरण, राम मंदिर, इथेनॉल…
मौन-मोहन कहते-कहते कब ये @narendramodi से मौनेन्द्र मोदी बन गए पता भी नहीं चला।
"चीन ने मेरिट और इक्विटी को प्राथमिकता दी! ज़बरदस्त सरकारी क्षमता विकसित की, एक ही पीढ़ी में लाखों लोगों को गरीबी से बाहर निकाला!
भारत ने मेरिट के बजाय इक्विटी को प्राथमिकता दी!
और नतीजा?
-60% कोटा
-औसत दर्जे के संस्थान
-पूरी व्यवस्था पर क्रीमी लेयर का कब्ज़ा"
गुरचरण दास🔥🔥
एक दम सही कहा सज्जन सिंह ने obc एक आर्टिफिशल केटेगरी है
मुसलमानो और जाट, कुर्मी मराठा को ओबीसी बनाना ही इस बात का सबूत है कि ये लोग कोई शोषित पीड़ित नहीं बल्कि आर्टिफिशल बनावटी पिछड़े है
बिल्कुल सही सुझाव है ऐसा ही करना चाहिए।
पेट्रोल पंप पर बिना इथेनॉल और इथेनॉल मिलावट वाला, दोनों तरह के पेट्रोल रखने चाहिए
बिना इथेनॉल वाला पेट्रोल जहां अंतरराष्ट्रीय बाज़ार में कच्चे तेल की क़ीमत के हिसाब से ‘उचित दर’ पर मिलना चाहिए
वहीं इथेनॉल मिलावट वाला पेट्रोल 15₹* लीटर मिलना चाहिये
ये नहीं कि बिना इथेनॉल वाला ऑप्शन देकर जनता की जेब पर और डाका डाल दिया जाए (अभी 160/170₹ लीटर है)
(*जैसा कि @nitin_gadkari ने कहा था, इसमें कोई दोगलापन नहीं होना चाहिए)
Ethanol का मुद्दा UGC से भी बड़ा बनेगा!
सरकार ने बिना एक compatible ecosystem बनाये, E20 को लोगों पर जबर्दस्ती थोप दिया है!
और गाड़ी तो अपनी सबको प्यारी होती है!
तो भले ही आप भाजपा को पसंद करते हो, लेकिन अपनी फेवरेट पार्टी के लिए भी आप अपनी गाड़ियों का सत्यानाश तो नहीं कर लोगे?
क्या हमारे पास ऐसा कोई ठोस डेटा है जिससे पता चले कि किस-किस जाति तक आरक्षण का कितना लाभ पहुँचा? अगर नहीं, तो व्यवस्था ने कभी इस पर विचार क्यों नहीं किया?
नीतियों की समीक्षा के लिए क्या हर 10 वर्ष में इसका निष्पक्ष सर्वेक्षण नहीं होना चाहिए?
#Reservation
देश का प्रधानमंत्री अजीत भारती जैसा व्यक्ति होना चाहिए, जिसके विचारों स्पष्टता हो भ्रम नहीं।
दुर्भाग्य हमारे देश का यही है कि ज्यादातर लोगों में अस्पष्टता है, भ्रम है, दलाली और गुलामी है @ajeetbharti जी को सुने।
अपने आपको बिहारी कहने वाले एक गवैया @ManojTiwariMP और अपने आपको ब्राह्मण कहने वाला दूसरा भांड रवि किशन से तो लाख गुना उदार दिल और जनता के हमदर्द नेता तो चिराग़ पासवान है जो भरत भूषण तिवारी जी के घर जाकर उनकी माँ के आंसू पोछने तो पहुंचे
राम मंदिर चढ़ावा चोरी के बाद न्यूज चैनल के कुछ लोग दानकर्ता बनकर ट्रस्ट के गेस्ट हाउस पहुंचे। वहां प्रद्युम्न नाम के शख्स ने उन लोगों से कहा कि मैं चंपत राय का ख़ास हूं और दान के बाद आपकी मुलाकात भी करा दूंगा।
उन दानकर्ताओं से एक एफिडेविट साइन कराया जाता है कि दान देने के बाद ट्रस्ट इसका कैसे भी इस्तेमाल करे- उस पर आप सवाल नहीं कर सकते।
सवाल ये भी कि दानकर्ताओं से यह भी नहीं पूछा जाता है कि आप सोना-चांदी कहां से लाए, क्या कोई रसीद है?
कबीर दास ने सपने में भी नहीं सोचा होगा कि कभी 'मुंह में राम, बगल में छुरी' वाले ऐसे भी अधर्मी आ जाएंगे, जो 'राम नाम की लूट है, लूट सके तो लूट' के भावार्थ को साइड कर सबकुछ लूट-खसोट लेंगे।
: @NayakRagini जी
📍 दिल्ली
मोदी सरकार राम मंदिर तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट को भंग करने में इतनी देर क्यूँ कर रही है जबकि दान की डकैती की हर रोज नई कहानी सामने आ रही है!!
चम्पत राय राम मंदिर के इतिहास में एक “कलंक” के रूप में जाने जाएँगे…
सिंधी समाज की 200 चाँदी की ईंटे, अनिता भारद्वाज की चाँदी के कागभुसुंडी के बाद रिटायर IAS देश के गृह सचिव रह चुके एस लक्ष्मीनारायण जी की लगभग 1 किलो की 24 कैरेट सोने की राम चरित मानस गायब है…
उन्होंने मिलने का प्रयास किया तो 9 घंटे बाद मिला ये चम्पत राय और फिर दम्भ में डुबा संवाद हुआ दोनों के बीच…
लक्ष्मीनारायण जी ने मुख्यमंत्री के सलाहकार को भी बताया था मगर सबने पल्ला झाड़ लिया चढ़ावा चोरी कांड पर!!
केन्द्र सरकार भांग खाए बैठी है क्या जो उसे ये सारी बातें ना दिखाई पड़ रही है और ना सुनाई दे रहा है…ट्रस्ट को भंग करने में देरी की वजह से रामभक्तों का ट्रस्ट टूट रहा है वो भी हर रोज…