सोनम वांगचुक, जिसने कभी अपने लिए नहीं माँगा, कुछ कि पद चाहिए, सत्ता चाहिए।
अपनी ज़िंदगी देश, समाज और आने वाली पीढ़ियों के भविष्य के लिए लड़ते रहे है और 15-16 दिनों से अनशन पर बैठे हैं!
अपने लिए नहीं, देश के लिए। देश के बच्चों के भविष्य के लिए! उसके बाद भी देश के नेताओं की सोई हुई संवेदनाएँ नहीं जाग पा रही।
सत्ता की ख़ामोशी बरकरार है।
भूख हड़ताल और अनशन भी अगर व्यवस्था को सुनाई नहीं दे रहा, तो एक आम नागरिक की आवाज़ की कीमत क्या ही होगी?
अब दर्द सिर्फ़ यह नहीं कि एक व्यक्ति अनशन पर है, बड़ा दर्द यह है कि देश धीरे-धीरे उस मुकाम पर पहुँच रहा है जहाँ जनता की पीड़ा का महत्व खत्म है और उस पर सत्ता हावी है।
सोचिए, आज अगर एक ऐसे व्यक्ति की आवाज़ अनसुनी की जा सकती है, जिसने अपना जीवन देश के लिए लगा दिया, तो कल बेरोज़गार युवा, न्याय की गुहार लगाता परिवार, किसान, छात्र या कोई भी आम नागरिक किस उम्मीद से अपनी तकलीफ़ के लिए लड़ पाएगा और कौन उसकी सुनेगा?
लोकतंत्र का मतलब सिर्फ़ चुनाव है क्या? अगर सत्ता अपने शांत नागरिक की आवाज़ नहीं सुन रही, तो ये लोकतंत्र पर सवाल नहीं है?
और अगर वह आवाज़ भी अनसुनी होने लगे! तो यह चिंता सिर्फ़ पूरे देश को होनी चाहिए।
Be stand with Sonam Wangchuk
देश के इन हालातों के लिए इस देश की मीडिया पूरी तरह जिम्मेदार है जिसने सत्ता की एक तरफा तरफदारी की और विपक्ष और देश के मुद्दों पर सवाल करने वालों को दुश्मन की तरह पेश किया।
आज YouTube मीडिया जर्नलिस्ट तक TV मीडिया को गलत कहते और रोस्ट करते दिख जाएंगे...
आज back to back paper leak हो रहे हैं, परीक्षाएँ cancel हो रही हैं, सरकार back foot पर है, असहाय महसूस कर रही है, मगर TV मीडिया और उनके so called बड़े anchors इस दर्द को अपना दर्द मानकर सरकार को बचाने के लिए बौखलाहट में कुछ भी बयान दे रहे हैं।नैतिकता भी कोई चीज़ होती है....
जैसा अंजना ने इस व्यवस्था में सबसे बड़ा दोषी YouTube Teachers को बता दिया और 2 कौड़ी तक का कह दिया.....यदि किसी व्यक्ति विशेष से असहमति थी तो उसका नाम लेकर आलोचना करती।
इसके लिए India Today @aroonpurie को और अंजना को सार्वजनिक स्पष्टीकरण और माफ़ी जारी करनी चाहिए, India Today के हर platform का boycott होना चाहिए और किसी भी शिक्षक को कभी वहाँ नहीं जाना चाहिए।
हमें 2 कौड़ी का कह देना उन छात्र समुदाय के दिल पर भी आघात है जो हमें गुरु मानते हैं...
अगर आज आप अपने घर में पढ़ रहे बच्चों से... सरकारी नौकरी की तैयारी कर रहे बच्चों से पूछेंगे, तो हमारे योगदान को आपको बता पाएंगे...
पिछले 10 वर्षों से गणित पढ़ाने के साथ मैं बेरोज़गारी, भर्ती प्रक्रिया की खामियों, पेपर लीक और छात्रों के अधिकारों की लड़ाई भी लड़ रहा हूँ।
ट्रम्प कहाँ मर गया है वैसे तो दिन भर डींगे मारता रहता है मैंने ये युद्ध रुकवा दिया वो युद्ध मैंने रुकवाया
लगता है इस बार मोदीजी ही युद्ध विराम की घोषणा करेंगे 🤓
उत्तरकाशी के जिला अस्पताल में भ्रष्टाचार का पर्दाफाश करने वाले 36 वर्षीय पत्रकार राजीव प्रताप, जिन्होंने IIMC से पढ़ाई की थी, की सिर्फ इसलिए हत्या कर दी गई क्योंकि उन्होंने सच को उजागर करने की हिम्मत दिखाई🥺
#JusticeForRajeev
SSC निकम्मी, रेलवे निकम्मी,
सिस्टम निकम्मी, सरकार निकम्मी
इस देश के युवाओं को यही सब सहने होंगे क्योकि यहाँ युवाओ के मुद्दे पर सब सिर्फ वोट लेते हैं काम करने वक़्त निकम्मा हो जाता है।
मंत्री @DrJitendraSingh जी कब आपकी नींद खुलेगी?
#SSC_System_Sudharo
प्रधानमंत्री जी, महिला कुश्ती खिलाड़ी धरने पर बैठी हैं। आपके सांसद पर यौन शोषण के आरोप हैं। आप ठंड की वजह से चुप हैं या सांसद की ताक़त से? क्या देश अब BBC से उम्मीद करें कि गुजरात की तरह इस पर डॉक्यूमेंट्री बनाए और ब्लॉक हो जाए! नारी की पूजा वाले देश के पुजारी कहाँ भाग गए ?
उठ रहे सवालों पर विचार करने की जरूरत है
न कि उन सवालों को दबाने की ....
देश का भविष्य आज के युवाओ के हाथों में है ।
अगर आज ही इनका भविष्य को अंधकार में डूबा डोगे , तो कल को देश प्रदेश की बागदौड कौन संभालेगा । #UPSI_SCAM से सम्बंधित उठ रहे सवाल वाकई में गम्भीर और चिन्ताजनक है
रोंगटे खड़े हो जाते है,
जब सम्भाजी महाराज की 39 दिनो की पीड़ा स्मरण करते हैं
जब धर्म नही बदलने पर
औरंगजेब ने पहले दिन नाखून उखाड़े
2 दिन दाँत तोड़े
3 उंगलियां काटी
4 कान काटे
5वें दिन आँख फोड़ी...
39वे दिन गर्दन कटवा ली
कैसी वीरता रही होगी!
ऐसे धर्म केलिए बलिदानीको स्मरण व नमन🙏
साथियों रेलवे #groupD की Exam Date को बोर्ड ने जबर्दस्ती 5 महीने आगे कर दिया है, अब आप लोग की क्या राय है कि क्या करना चाहिए?
माननीय प्रधानमंत्री @PMOIndia अब आपसे ही कुछ उम्मीद है कि युवाओं के भविष्य को यूं बर्बाद होने से बचाएंगे 😭 @RailMinIndia@AshwiniVaishnaw@ndtvindia
परीक्षा में कठिन पेपर आने पर
ही मालूम पड़ता था कि...
परीक्षा कक्ष की छत में
कितने जाले हैं।
कहां-कहां प्लास्टर उखड़ गया है,
दीवारों में दरारें कितनी है।
#स्कूल_की_यादें😃😊