अगर ये सच है की भूक के कारण सुरत के रास्ते पर फांशी ली है । मोदीजी माँ ने 25000 इसके लिये तो नहीं दिये होंगे। देश चलाना नहीं आता तो छोड देना चाहीये । बहुत शर्मनाक हैं।
देश पर कोरोनाका भयंकर संकट आया है इसे हलके मे लेकर सरकारे राजनीती ना करे। हो सकता है इसके चपेटमें आप या कोई आपका भी आ सकता है। दान मे मिले लोगोंके पैसे से साफ नियतसे लोगोतक सेवा उपलब्ध कारवाया जाय। इसिमें देश की भलाई है।
नांदेड महाराष्ट्रा मे लॉकडाउन दरम्यान एक नर्स अपनी ड्युटी निभाकर अपने जमादार पिता के साथ घर लौटते समय महिला पोलीस ने ऐसा दंडा मारा की नर्स के सिर पे सात टाके लगाणे पडे . पोलीस ��ालोको थोडा जनता को भी सूनना समजना चाहीये।।