हमारे देश के छात्र सड़क पर हैं, इसलिए हमें लगा कि विपक्ष को भी सड़क पर होना चाहिए।
पहले हम सभी विपक्षी सांसद इंडिया गेट जाना चाहते थे, लेकिन हमें नहीं जाने दिया गया। फिर हम गांधी स्मृति जा रहे थे, लेकिन हमारी बस को रोक दिया गया है।
छात्रों के लिए हमारा संदेश है कि हम आपके साथ हैं। पूरा विपक्ष आपके साथ है और हम उनपर किए जा रहे अत्याचार के बिल्कुल खिलाफ हैं।
: नेता विपक्ष श्री @RahulGandhi
मैं अब से सिर्फ उन्हीं सवालों का जवाब दूंगी, जो जरूरी हैं। आप सब (मीडिया) वही सवाल पूछते हैं, जो सरकार आप से पुछवाना चाहती है।
• क्या आपने सरकार के मंत्रियों से सवाल पूछा?
• क्या आपने धर्मेंद्र प्रधान से पूछा कि वो इस्तीफा कब देंगे?
• छात्र आंदोलन कर रहे हैं, लेकिन PM मोदी सदन में नहीं आए, क्या आपने सवाल पूछा?
• क्या आपने अमित शाह से पूछा कि छात्रों पर लाठियां क्यों चलवाईं, बच्चे हॉस्पिटल में क्यों हैं? किसलिए... क्या ये छात्र आतंकवादी हैं?
जब आप सरकार से ये सवाल करेंगे, तब मैं आपके सवालों का जवाब दूंगी।
: कांग्रेस महासचिव एवं सांसद श्रीमती @priyankagandhi जी
नेता प्रतिपक्ष श्री राहुल गांधी जी एवं देश के युवाओं के साथ हुई बर्बरता के विरोध में आज राजस्थान प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष श्री गोविंद सिंह डोटासरा जी एवं पूर्व मुख्यमंत्री आदरणीय श्री अशोक गहलोत जी के नेतृत्व में जयपुर स्थित भाजपा प्रदेश कार्यालय के घेराव एवं विरोध प्रदर्शन में शामिल हुआ।
शांतिपूर्ण प्रदर्शन को रोकने के लिए पुलिस ने भाजपा प्रदेश कार्यालय तक पहुँचने से पहले ही बैरिकेड्स लगा दिए। इस दौरान शांतिपूर्ण ढंग से विरोध कर रहे हमारे कई साथी धक्का-मुक्की में घायल भी हुए।
लेकिन युवाओं की आवाज़ को लाठियों और बैरिकेड्स के दम पर दबाया नहीं जा सकता। भाजपा की तानाशाही के खिलाफ हमारा लोकतांत्रिक संघर्ष निरंतर जारी रहेगा। देश का युवा और जनता इस अन्याय का करारा जवाब देंगे।
📍 जयपुर
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राजस्थान प्रदेश कांग्रेस कमेटी (अल्पसंख्यक विभाग) के प्रदेश अध्यक्ष MDचोपदार की अध्यक्षता में प्रदेश कार्यकारिणी एवं जिला अध्यक्षों की संयुक्त बैठक कल जयपुर के होटल सैफ्रॉन, झोटवाड़ा में सफलतापूर्वक सम्पन्न हुई।
हमारे साथ जो हुआ, वो महत्वपूर्ण नहीं है। हम छात्रों के साथ हैं, उनकी आवाज उठा रहे हैं। उनके साथ गलत हुआ है, वह ज्यादा महत्वपूर्ण है। बच्चे वास्तविक समस्या पर शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे हैं। वे अपने अधिकार मांग रहे हैं। बार-बार पेपर लीक करके उनका भविष्य बर्बाद किया जा रहा है। शिक्षा व्यवस्था पूरी तरह ध्वस्त हो चुकी है। संसद में नेता विपक्ष को बोलने नहीं देते। प्रदर्शन करने नहीं देते। युवाओं पर क्रूरता बरती जा रही है। देश में लोकतंत्र बचा ही नहीं है।
देश के युवा पूरी तरह निराश हैं और हमारा फर्ज है कि हम उनके साथ खड़े हों और हम ये करेंगे।
लहू में भीगे तमाम मौसम गवाही देंगे कि तुम खड़े थे। वफ़ा के रस्ते का हर मुसाफिर गवाही देगा कि तुम खडे थे।
सहर का सूरज गवाही देगा कि जब अधेंरो की कोख से निकलने वाले ये सोचते थे कि कोई जुगनू बचा नही हैं तो तुम खडे थे।
नेता प्रतिपक्ष श्री राहुल गांधी जी के नेतृत्व में कांग्रेस के सभी सांसद राजाजी मार्ग से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आवास तक पैदल मार्च करते हुए पहुंचे और उनके इस्तीफ़े की मांग को लेकर धरने पर बैठ गए।
21 बच्चों की जान लेने के बाद भी जब सिस्टम का दिल नहीं भरा तो कल दिल्ली की सड़कों पर नौनिहालों को पीट पीट कर लहूलुहान किया गया।
छोटे छोटे शहरों से पीठ पर बैग टॉंग कर आये हुए मासूम छात्रों पर कोई ज़ालिम सरकार ही लाठी और ऑंसू गैस चला सकती है।
छात्रों की गूँज को अब नहीं दबा पाओगे सरकार बहादुर
"उल्टे बांस बरेली को" वाली कहावत आज जयपुर में पूरी तरह चरितार्थ हो रही है। जहां संसद के भीतर और दिल्ली की सड़कों पर लोकतंत्र का गला घोंटने के बाद अब भाजपाई बेशर्मी की हदें पार कर रहे हैं।
पेपर लीक मोदी सरकार में हो, नक़ल माफिया भाजपा पदाधिकारी निकले, विरोध करने पर छात्रों से बर्बरता की जाए, युवाओं की आवाज़ उठाने पर नेता विपक्ष @RahulGandhi जी के साथ दुर्व्यवहार करें.... और फिर भी BJP प्रदर्शन का ढोंग कर रही है।
पूरा देश गवाह है कि धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग पर छात्रों और राहुल गांधी जी से भाजपाई सत्ता ने क्रूरता की है.. तो फिर भाजपा प्रदर्शन का क्या ढोंग कर रही है?
जिस समय देश की संसद में राज्यसभा की कार्यवाही चल रही है, उस समय दिल्ली से पर्ची थमाकर भाजपा प्रदेश अध्यक्ष मदन राठौड़ जी को जयपुर में कांग्रेस मुख्यालय घेरने का ढोंग करने के लिए मैदान में उतार दिया गया।
अक्ल बाजार में बिकती नहीं है, और जो थोड़ी-बहुत बची है, उसका दिवाला भाजपा नेतृत्व के बयानों और हरकतों में साफ नजर आ रहा है। आलम ये है कि जिन मदन राठौड़ जी को विरोध प्रदर्शन के मूल मुद्दे की ढंग से जानकारी नहीं है, वे केवल आलाकमान की पर्चियों के सहारे अपनी राजनीतिक जमीन बचाने के लिए बिना सिर-पैर का प्रदर्शन करने चल पड़े हैं। जन आक्रोश का सामना करने के बजाय भाजपा प्रदेश अध्यक्ष का उल्टा कांग्रेस कार्यालय को घेरने निकलना, चोरी और सीनाजोरी की पराकाष्ठा के सिवा कुछ नहीं है।