🕉तेज तर्रार हूँ पर सीधी भी नही हूँ मैं,
मम्मी👪पापा से मिले बेशकीमती सीखें और अच्छे संस्कार मिले हैं।
उन संस्कारों पर बेहतरीन तो नही पर बर्बाद भी नही हूँ मैं😊
हमसे अचानक
आकर तुम टकरा गये थे
तुम्हारे साथ से
फोन .. कलम.. और
तुम्हारी लिखी कुछ कविताओं के
पन्ने जो इधर उधर बिखर गये थे
खैर .. . मेरा तो दिल ही था 💗
#महका_रे#हिंदी_शब्द
अपना शहर आज ठहरा है
बाहर पुलिस का पहरा है,
ना कोई शोर है, ना ही कोई दंगा है
ना कोई लडाई छिड़ी ना कोई पंगा है,
कैद हो गये हैं अपने ही बुने जाल में
कुछ ऐसा ही अपने शहर का हाल है।।।
#हिन्दी_शब्द#महका_रे ��