#Justiceforschoolschildren
RTE के अनुसार जो मानदंड एवं मानक तय किए गए थे वह एक न्यूनतम मानक हैं। अर्थात शिक्षकों की एवं प्रधानाध्यापकों की इतनी संख्या न्यूनतम होनी ही चाहिए। लेकिन यदि राज्य सरकारें और बेहतरीन शिक्षा व्यवस्था के लिए इसमें वृद्धि कर सकतीं है।
उत्तर प्रदेश एक समृद्ध, अच्छी जीडीपी (भारत में तीसरे नंबर पर) और जागरूक प्रदेश है अतः होना यह चाहिए कि सरकार को छात्रों के हितार्थ प्रत्येक विद्यालय को एक प्रधानाध्यापक नियुक्त करना चाहिए। जिससे शिक्षा को गति मिल सके।
@DrDCSHARMAUPPSS@UPPSS1921
प्रदेश सरकार विद्यालयों को विलय कर कहीं न कहीं गरीब, किसान,मजदूर के बच्चों को शिक्���ा से वंचित और अध्यापक बनने की राह देख रहे लाखों डीएलएड अभ्यर्थियों के सपने को तोड़ने का प्रयास कर रही है ।
न रहेगा विद्यालय, न आएगी शिक्षक भर्ती
#Justiceforschoolschildren
@yadavakhilesh
#Justiceforschoolschildren
भारतीय संविधान में नागरिकों को छह मूलभूत अधिकार दिए गए हैं। उनमें से एक अहम अधिकार है "शिक्षा" और संस्कृति का अधिकार।
जिन गांव में जनसंख्या कम है इसलिए वहां छात्रांकन कम है। पुरानी कुरीतियों के कारण वैसे ही वह अलग थलग हैं। इसलिए छोटे छोटे मजरों में रहते हैं।
तो क्या वहां के बच्चों को शिक्षा के लिए बाकियों की अपेक्षा खासी जद्दोजहद करनी पड़ेगी।
अगर गांव में जनसंख्या कम है तो क्या वहां वोटिंग के लिए बूथ भी नहीं बनेगा ? उसके लिए भी पास के गांव जाना पड़ेगा?
आज़ादी के बाद से कितने प्रयासों, कितनी योजनाओं के बाद उस गांव/मजरे में स्कूल पहुंचा है। शिक्षा की लौ जली���
सभी छोटे- बड़े पक्ष- विपक्ष के सम्माननीय राजनैतिक नेताओं से आग्रह है कि
इस अलख को जलाए रखिए ,संरक्षित कीजिए इन्हें।
भविष्य में गांव के लोग आपसे सवाल करेंगे कि जब आपके गांव का विद्यालय दूसरे गांव में स्थानांतरित हो रहा था तब आप किस समाजसेवा में व्यस्त थे?
यकी�� मानिए सरकार को इस मर्जर से रत्ती भर भी लाभ नहीं होगा ...
🙏
- विपिन बिहारी
@DrDCSHARMAUPPSS
@UPPSS1921
ट्विटर महाअभियान में किया हुआ आपका हर एक ट्वीट आपके और गरीब बेसहारा बच्चों की भविष्य की सुरक्षा का मार्ग प्रशस्त करेगा।
आइए हम सभी जुड़ते है आज 1:00 बजे ट्विटर महाभियान में और अधिक से अधिक संख्या में ट्वीट करते है।
शिक्षक एकता जिंदाबाद ���
@UPPSS1921
@DrDCSHARMAUPPSS