राम मंदिर में बड़ा कांड और छोटे मंदिरो में छोटे कांड मतलब पुजारियो की चांदी hi चांदी है।।
पूजारी जनेऊँ से बांधकर बर्तन hi गुल कर रहे हैं ।कुछ तो शर्म करो जन्मजात धार्मिक आरक्षण का अच्छा फायदा मिल रहा है 😁😁
मंदिर का दीया आरती का सामान bhi गायब कर रहे हैं भाईओ अपने आसपास मंदिरो में ध्यान रखना सबके सब चोर भरे हुए हैं 😁
अब तो ग़ज़नवी भी नहीं बचा
अंग्रेज़ भी भारत छोड़कर बहुत पहले चले गए..
फिर भी मंदिरों की दौलत कौन लूट रहा है?
अब बताओ... देश और मंदिरों को कौन लूट रहा है?🧐
मंदिरों को छोड़ दो भिखारियों 😭😃
#बाबा सामाजिक मुद्दों पर थोड़ा लेट ऐक्टिव होता हूँ क्योकि रिस्पेक्ट के साथ मुद्दों पर लिखना होता है
लेकिन जब एक्टिव होता हूँ तो फिर कोई रोक नहीं पाता है
भाईचारा में रहोगे तो जीतोगे
एंटी लोग मुझे एंटी कांग्रेसी साबित करने में लग जाते है फिर भी मेरे लिए समाज से बढ़कर कुछ नहीं है।
इतना तुम्हारे बाप फर्जी ST वालों के सामने गाली देता तो हमें भी पता चलता
जब तेरा बाप भी पैदा नहीं हुआ होगा, तब से यह अकाउंट चल रहा है
गाली तेरे बाप Ajay Raj को देता तो अच्छा भी लगता
तुम जैसे सूअर सिर्फ समाज वालों को ही गाली दे सकते हैं
#बाबा सामाजिक मुद्दों पर थोड़ा लेट ऐक्टिव होता हूँ क्योकि रिस्पेक्ट के साथ मुद्दों पर लिखना होता है
लेकिन जब एक्टिव होता हूँ तो फिर कोई रोक नहीं पाता है
भाईचारा में रहोगे तो जीतोगे
एंटी लोग मुझे एंटी कांग्रेसी साबित करने में लग जाते है फिर भी मेरे लिए समाज से बढ़कर कुछ नहीं है।
राजस्थान सरकार से मेरा अनुरोध है कुछ चोर जो की रेलवे की प्रॉपर्टी को चोरी भी कर सकते मीणा समाज के
क्योंकि स्प्लेंडर तो पहले ही चोरी करते थे ,अब रेलवे की लाइन और पेच चोरी भी हो सकते है
पानी तो बहाना है असली पेशा तो चोरी है #पाचना_बांध
सत्ता के अहंकार में डूबी मोदी सरकार अब इस मुकाम पर पहुँच गई है कि अपने अधिकारों, निष्पक्ष परीक्षाओं और सुरक्षित भविष्य की मांग करने वाले छात्रों को ही शिक्षा मंत्री “आतंकवादी” कह रहे हैं।
ज़रा सोचिए - जिसकी नाकामी से इतने पेपर लीक हुए, जिसके राज में 20 बच्चों ने जान दे दी, जिसने करोड़ों युवाओं का भविष्य अंधेरे में धकेल दिया - वो आज पीड़ित बच्चों और उनकी आवाज़ उठाने वालों को “दहशतगर्द” बता रहा है।
पर यह कोई नई बात नहीं: अन्नदाता किसानों को "आंदोलनजीवी और परजीवी" कहा। सवाल पूछने वाले को “Anti-National” कहा। और अब युवाओं को “दहशतगर्द।”
जो भी सरकार से सवाल पूछे - उसे देशद्रोही बता दो, यही इनकी पूरी राजनीति है।
धर्मेंद्र प्रधान जी, देश के करोड़ों युवाओं से तुरंत माफ़ी माँगिए और अपनी नाकामियों के लिए इस्तीफ़ा दीजिए।
और रही मेरी बात - आप मुझ पर जितने चाहें हमले कर लीजिए। मैंने कोटा में कहा था, और फिर कहता हूँ: यह शिक्षा व्यवस्था आज सिर्फ़ एक वसूली तंत्र बन गई है। मैं इसे ऐसे ही नहीं रहने दूँगा।
हर बच्चे को सस्ती, अच्छी शिक्षा और निष्पक्ष परीक्षा मिले - इस आवाज़ को उठाना मैं कभी बंद नहीं करूँगा।
#ChhatronKiGoonj
#ChhatraJodo