देश की महामहिम राष्ट्रपति खड़ी हैं और PM मोदी बैठे हैं।
एक बार फिर PM मोदी ने जानबूझकर आदिवासी महिला राष्ट्रपति का अपमान किया है।
यह पहली बार नहीं है- जब नई संसद का उद्घाटन हुआ तब उन्हें बुलाया नहीं गया और राम मंदिर के प्राण प्रतिष्ठा कार्यक्रम में भी राष्ट्रपति जी नहीं दिखीं।
यह घटनाएं बताती हैं कि PM मोदी और BJP की मानसिकता महिला और दलित विरोधी है।
@drharshvardhan@rajnathsingh Are tumhari aur Jo kabhi kanun mantri hua karta tha dono ki hasi bata Rahi h ki tumhari soch kya Musalmano ke prati.... Same on
प्रधानमंत्री जी, आपको मेरी बात बुरी लग सकती है मगर सच यही है कि यह गोदी मीडिया G20 कवर करने लायक़ नहीं है। इसे नहीं पता कि आपकी चुनावी रैली और G20 में क्या फ़र्क़ है। इतना थर्ड क्लास मीडिया लेकर आप किसी आयोजन के लेजर लाइट पर कवरेज तो करवा सकते हैं मगर उसके ग्लोबल महत्व और असर पर नहीं। आप खुद दो मिनट टीवी चला कर देख लें कि गोदी मीडिया का कवरेज किसी भी तरह से ग्लोबल लेवल का है या नहीं। अब भी समय है कि गोदी मीडिया और इनके मालिकों को G20 से दूर रखें।विदेश मंत्रालय से कहें कि G20 का कॉपीराइट फ्री वीडियो जारी करे ताकि यू ट्यूबर भी उनका इस्तेमाल कर सकें । और क्या ही कहें। जो लिखा है उसे आप भी दिल से स्वीकार तो करते ही होंगे।
ये भारत-पाकिस्तान मैच की तस्वीर है।
भारत-पाकिस्तान के खिलाड़ी फ्रेम में हैं।
यही वह तस्वीर है जिसकी बात राहुल गांधी करते हैं।
नरेंद्र मोदी ये नहीं चाहते हैं।
BJP नहीं चाहती है कि भारत और पाकिस्तान के लोग, इस तरह प्रेम कर सकें.
इसलिए उसे दुश्मन देश कहते हैं।
ताकि राजनीति चलती रही।
ताकि पाकिस्तान के खिलाफ नफरत बांटकर वोट आता रहे।