अरे भईया अतीक अहमद के बेटों को रोते हुए तो आज पूरे हिंदुस्तान ने देख लिया और उनके वीडियो पूरे सोशल मीडिया पर छाए हुए हैं!
लेकिन शाइस्ता को रोते हुए किसने देखा? क्या पत्रिका न्यूज वालों की कोई सीक्रेट मीटिंग हुई शाइस्ता के साथ?
आज तक शाइस्ता का कोई अता पता नहीं है उत्तर प्रदेश की पुलिस भी उसे ढूंढ नहीं पाई की वो जिंदा हैं या मर गई फिर ये न्यूज वालों को कहा मिल गई वो?
इसीलिए इनको गोदी मीडिया कहा जाता है ये लोग सिर्फ उसके मुस्लिम होने के नाम पर TRP और रिच बटोर रहे हैं!
जरा यूपी पुलिस पत्रिका न्यूज के दफ्तर में एक चक्कर लगाए शायद इनके पास से पुलिस को शाइस्ता का कोई सुराग मिल जाए!