यक़ीन मानिये, अपना ही देश है ... वो भी बुरहानपुर ... जल जीवन मिशन के तहत प्रमाणित देश का पहला 'हर घर जल' जिला ....
सरकारी तर्क पट्टे से लेकर अतिक्रमण तक का होगा ...
एक परीक्षा ठीक से नहीं हो सकती क्या?? अब भोपाल में #CUET की परीक्षा देरी से हो रही है तकनीकी कारण बताया जा रहा है, जो बच्चे दूर से आते हैं कभी उनके तकलीफ के बारे में सोचा है
@RahulGandhi The sitting PM is supervising a exam and we are Vishwaguru.
Imagine the level of corruption and understand it is not in their control as well.
ये ख़बर कहीं सुर्खियों दिखी थी क्या ???? ये भी किसी की बिटिया था... 4 महीने की थी ... आत्महत्या नहीं की, हमने इसे भूखे, कुपोषित मरने के लिये छोड़ दिया ... और न्याय दिलाने कोई आगे नहीं आया ...
मोदी जी, आप शर्म की बात करते हो? शर्म की बात मैं आपको बताता हूं।
Epstein files में आपका, आपके मंत्री और आपके मित्र का साथ में नाम आना, ऐसे घिनौने अपराधी के साथ आपका नाम जुड़ा होना - ये शर्म की बात है।
आपने अमेरिका के साथ जो Trade deal की है, जिसमें आपने देश को बेच दिया - ये शर्म की बात है।
हमारे देश का डेटा दे दिया।
किसानों को खत्म कर दिया।
टेक्सटाइल इंडस्ट्री बर्बाद कर दिया - ये शर्म की बात है।
पूरा देश जानता है, अडानी पर अमेरिका में चल रहे केस ने आपकी रातों की नींद उड़ा रखी है - क्योंकि वो BJP और आपके फाइनेंशियल आर्किटेक्चर पर केस है। 14 महीनों से उसपर कोई कार्रवाई नहीं हुई - ये शर्म की बात है।
मोदी जी, आप अपने मित्रों अनिल अंबानी, अडानी और अपने लिए जो उचित समझें, वो कीजिए।
मैं और कांग्रेस पार्टी के बब्बर शेर देश की रक्षा करते रहेंगे - एक इंच पीछे नहीं हटेंगे।
भारत की तेल ख़रीद पर अब अमेरिकी निगरानी क्यों होगी?
भारत किससे तेल खरीदेगा, किससे नहीं - यह हमारी ज़रूरतें तय करेंगी या अमेरिका की मर्ज़ी?
भारत को मुनाफे का व्यापार करने पर रोक लगाने की हिम्मत अमेरिका को किसने दी?
प्रधानमंत्री जी, भारत का हित और स्वाभिमान बेचते वक़्त ज़रा भी शर्म नहीं आई?
देश भर में “भ्रष्ट” जनता पार्टी की डबल इंजन सरकारों ने जनता की ज़िंदगी तबाह कर दी है।
भ्रष्टाचार के साथ सत्ता का दुरुपयोग और अहंकार का ज़हर BJP की राजनीति में ऊपर से नीचे तक फैल चुका है।
इनके सिस्टम में गरीब, असहाय, मज़दूर और मध्यमवर्ग की ज़िंदगी सिर्फ़ आंकड़ा है और “विकास” के नाम पर वसूली-तंत्र चल रहा है।
उत्तराखंड में अंकिता भंडारी की निर्मम हत्या ने पूरे देश को झकझोर दिया - लेकिन सवाल आज भी वही है: सत्ता का संरक्षण BJP के किस VIP को बचा रहा है? कानून सबके लिए बराबर कब होगा?
उत्तर प्रदेश के उन्नाव कांड में भी पूरा देश देख चुका है कि सत्ता के गुरूर में अपराधियों को कैसे बचाया गया और पीड़िता को न्याय के लिए कितनी कीमत चुकानी पड़ी।
इंदौर में ज़हरीला पानी पीकर मौतें हों या गुजरात-हरियाणा-दिल्ली तक “काले पानी” और दूषित सप्लाई की शिकायतें - हर तरफ़ बीमारियों का डर है।
राजस्थान की अरावली हो या प्राकृतिक संसाधन - जहां-जहां अरबपतियों का लालच और स्वार्थ पहुंचा, वहां-वहां नियमों को रौंद दिया गया। पहाड़ काटे जा रहे हैं, जंगल उजाड़े जा रहे हैं - और जनता को बदले में मिल रहा है: धूल, प्रदूषण और आपदा।
खांसी के सिरप से बच्चों की मौतें, सरकारी अस्पतालों में नवजातों को मारते चूहे, सरकारी स्कूलों की गिरती छतें - ये “लापरवाही” नहीं, भ्रष्टाचार की सीधी मार है।
पुल गिरते हैं, सड़कें धंसती हैं, ट्रेन हादसों में परिवार मिट जाते हैं और BJP सरकार हर बार वही करती है: फोटो-ऑप, ट्वीट और मुआवज़े की औपचारिकता।
मोदी जी का “डबल इंजन” चल रहा है - लेकिन सिर्फ़ अरबपतियों के लिए। आम भारतीय के लिए ये भ्रष्टाचार की डबल इंजन सरकार विकास नहीं, तबाही की रफ्तार है - जो हर दिन किसी न किसी की ज़िंदगी कुचल रहा है।
#BhrastJanataParty
इस मुल्ले को भी सेकुलरिज़्म से प्रॉब्लम है। दीन को वतन से ऊपर बता रहा है और शरिया को संविधान ये बड़ा!
ऐसे मुल्लाओं ने भी मुसलमानों का बेड़ा गर्क ही किया है।
क्या एक गैंगरेप पीड़िता के साथ ऐसा व्यवहार उचित है?
क्या उसकी “गलती” ये है कि वो न्याय के लिए अपनी आवाज़ उठाने की हिम्मत कर रही है?
उसके अपराधी (पूर्व BJP MLA) को ज़मानत मिलना बेहद निराशाजनक और शर्मनाक है - खासकर तब, जब पीड़िता को बार-बार प्रताड़ित किया जा रहा हो, और वो डर के साए में जी रही हो।
बलात्कारियों को ज़मानत, और पीड़िताओं के साथ अपराधियों सा व्यवहार - ये कैसा न्याय है?
हम सिर्फ़ एक मृत अर्थव्यवस्था नहीं - ऐसी अमानवीय घटनाओं के साथ हम एक मृत समाज भी बनते जा रहे हैं।
लोकतंत्र में असहमति की आवाज़ उठाना अधिकार है, और उसे दबाना अपराध।
पीड़िता को सम्मान, सुरक्षा और न्याय मिलना चाहिए - न कि बेबसी, भय और अन्याय।
सर्वसाधारण को सूचित किया जाता है कि गोवा के जिस क्लब में आग लगी है उसके मालिक लूथरा बंधु थाईलैंड भाग गए हैं। इस विषय पर बिल्कुल बहस न करें। मैं 1925 का एक मुद्दा निकाल कर देता हूँ, उसे कांग्रेस का पाप बता कर बहस करें। बाकी एयरपोर्ट पर इंडिगो जो हाल कर रहा है वह गलत नहीं कर रहा है।