औरत वही निखरती है जो मर्दो की बाहों में बेहिचक बिखरती है। टांगे फैलाकर जब मर्द जीभ रगड़ रगड़ कर मलाई चूसता है तो औरतों का पानी झर-झर निकलता है। जब मर्द ऊपर चढ़ कर जिस्म को रगड़ कर चोदता है तब एक औरत को जो आनंद आता है वो आनंद अगर मिलता रहे तो औरत निखरती है और बदन भर जाता है औरत का