#DearDominosIndia
Life’s been spicy like a Mexican Green Wave
Heart melted with Choco Lava Cake
Friendships survived thanks to Garlic Breadsticks
Hunger handled by Farmhouse
I deserve free pizza for a year because I don’t just eat Domino’s —
I celebrate every mood with it
#PizzaDaywithDominos
Just logged into Twitter and got a notification that my reply was liked by none other than the esteemed Director of NIFT Gandhinagar, @SameerSood11, brother of @SonuSood.
Attached is the screenshot.
For a small account like mine, this truly feels like a booster dose.
केंद्र सरकार ने पहली बार Deep Tech Startup की official definition दे दी है
Deep Tech Startup वो Company होती है जो नई वैज्ञानिक या इंजीनियरिंग खोज पर आधारित तकनीक बनाती है,सिर्फ App या Service नहीं, बल्कि नया ज्ञान पैदा करती है।
कोई Company तभी DeepTech मानी जाएगी जब ज्यादातर पैसा Research & Development पर खर्च हो ,नया और अनोखा Intellectual Property खुद की हो या बनाई जा रही हो, Product बनने में ज्यादा समय लगता हो सालों का Research,testing and trial ,खर्च ज्यादा और रिस्क ज्यादा हो ,टेक्नोलॉजी में अनिश्चितता हो, काम करेगा या नहीं पहले से तय नहीं
अगर कोई कंपनी खुद को Deep Tech स्टार्टअप कहलाना चाहती है तो DPIIT आख़िरी फैसला करेगा
Deep Tech Startup Real estate , Share ,गैर-जरूरी निवेश नहीं कर सकते
जब तक वो Company की Research और ज्ञान निर्माण से जुड़ा न हो
Government ने ₹1 लाख करोड़ का RDI Fund बनाया है
2024 में Total Startup 10,000 Deep Tech only 10%
सरकार मानती है कि ये संख्या बहुत कम है इसीलिए नई नीति लाई जा रही है
#deeptechstartup #dpiit #statupindia
@sidhant India was one of the key stakeholder in brokering the deal as it is very important for us to keep a close eye on development of the issue and amicably resolve the differences
Indian Army ने देशभर में अपने कैंटोनमेंट और सैन्य ठिकानों में मौजूद 246 सड़कों, इमारतों और अन्य सुविधाओं के नाम बदल दिए हैं। इसका मकसद ब्रिटिश दौर के नाम हटाकर भारत के वीर सैनिकों और सैन्य परंपरा को सम्मान देना है।
सेना का कहना है कि नए नाम परमवीर चक्र विजेताओं, युद्ध नायकों और महान सैन्य नेताओं के नाम पर रखे गए हैं, ताकि साहस, बलिदान और नेतृत्व जैसी भारतीय सेना की मूल भावना हमेशा याद रहे।
इस बदलाव में 124 सड़कें, 77 रिहायशी कॉलोनियां, 27 इमारतें और सैन्य सुविधाएं
18 अन्य जगहें जैसे पार्क, ट्रेनिंग एरिया, खेल मैदान, गेट और हेलिपैड शामिल हैं |
दिल्ली कैंटोनमेंट में Mall Road का नाम बदल कर Arun Khetrapal Marg
अंबाला में Patterson Road Quarters का नाम बदल कर Singh Thapa Enclave
मथुरा में New Horn Line का नाम बदल कर Abdul Hamid Lines
कोलकाता में Fort William का नाम बदल कर Vijay Durg
इस पहल से सेना अपने दैनिक जीवन, ट्रेनिंग और काम करने की जगहों में भारत के वीरों की याद को जीवित रख रही है। साथ ही यह कदम देशभक्ति, राष्ट्रीय पहचान और सैन्य गौरव को और मजबूत करता है।
#WPLFinal #NarendraModi #ParliamentBudgetSession #IndianArmy
After removal of the temporary label , I am back on this platform hoping to connect with beautiful people and sharing current affairs update in simple language
Supreme court ने साफ कहा है कि WhatsApp और उसकी Parent Company Meta भारत में करोड़ों लोगों की Privacy से खिलवाड़ नहीं कर सकतीं। Court का कहना है कि Users के Personal Data को साझा करना और उससे कमाई करना लोगों के मौलिक अधिकार का उल्लंघन है।
Chief justice सूर्यकांत ने कहा कि निजी डेटा साझा करना चोरी करने का सभ्य तरीका है। उन्होंने कहा कि अब तक कंपनियां लाखों-करोड़ों बाइट डेटा उठा चुकी होंगी।
Justice जॉयमाल्य बागची ने कहा किसी व्यक्ति से जुड़ा हर डेटा कीमती होता है, चाहे वो निजी हो या न हो ,भारत का DPDP Act 2023 सिर्फ Privacy की बात करता है लेकिन डेटा की आर्थिक कीमत (Value) और उसके व्यावसायिक इस्तेमाल पर कानून चुप है
मुख्य न्यायाधीश का उदाहरण
अगर कोई व्यक्ति डॉक्टर से दवा की बात करे और कुछ मिनट बाद उसे मेडिकल ऐड्स दिखने लगें तो साफ है कि डेटा का इस्तेमाल हो रहा है
Court ने केंद्र सरकार को भी इस केस में पक्षकार बनाया और कहा भारत को EU के Digital Services Act जैसे सख्त नियमों से तुलना करनी चाहिए l
Europe में Data Sharing पर भारी जुर्माना ,कहीं-कहीं टैक्स भी लगाया जाता है
मणिपुर में करीब एक साल से लागू राष्ट्रपति शासन के बाद अब चुनी हुई सरकार की वापसी का रास्ता साफ होता दिख रहा है।
3 फरवरी 2026 को बीजेपी विधायक दल की बैठक में युमनाम खेमचंद सिंह को सर्वसम्मति से बीजेपी विधायक दल का नेता चुना गया।
इससे यह लगभग तय माना जा रहा है कि वे मणिपुर के नए मुख्यमंत्री बन सकते हैं।
नेमचा किपगेन, जो कुकी-जो समुदाय से हैं और कांगपोकपी से विधायक हैं,
उन्हें उपमुख्यमंत्री बनाए जाने की संभावना है
वे पहली महिला और पहली कुकी-जो नेता होंगी जो इस पद पर पहुँचेंगी
एक दूसरा उपमुख्यमंत्री बीजेपी के सहयोगी दल नागा पीपुल्स फ्रंट (NPF) से हो सकता है
खेमचंद सिंह सिंगजामेई सीट से विधायक हैं ,मणिपुर विधानसभा के पूर्व स्पीकर रह चुके हैं ,दिसंबर 2025 में उन्होंने उखरूल और कामजोंग जिलों के कुकी-जो गांवों का दौरा किया राहत शिविरों में रह रहे विस्थापित कुकी-जो लोगों से मुलाकात की इसे विश्वास कायम करने की पहल माना गया।
मैतेई और कुकी-जो समुदायों के बीच जातीय विवाद के बाद 9 फरवरी 2025 को तत्कालीन मुख्यमंत्री एन. बीरेन सिंह ने इस्तीफा दिया ,13 फरवरी 2025 से मणिपुर में राष्ट्रपति शासन लगा ,विधानसभा को निलंबित अवस्था में रखा गया
संविधान के तहत एक साल से ज्यादा राष्ट्रपति शासन बिना संवैधानिक संशोधन के नहीं बढ़ाया जा सकता संसद ने 5 अगस्त 2025 को इसे 13 फरवरी 2026 तक बढ़ाया था इसलिए केंद्र सरकार पर दबाव था कि फरवरी 2026 से पहले चुनी हुई सरकार बहाल की जाए।
Just in : US Ambassador designate to INDIA Sergio gor tweeted
President Trump just spoke with Prime Minister Narendra Modi.
After the “Mother of all deals”, are we close to the “Father of all deals”?