''प्राथमिक शिक्षकों की भर्ती को लेकर सदन में कई बार सवाल पूछा गया, लेकिन मंत्री जी के द्वारा रटा-रटाया जवाब दिया जाता है. कि हमारे पास पर्याप्त शिक्षक है...पिछले कई वर्षों में मंत्री जी के द्वारा कभी 1 लाख 26 हजार कभी 85 हजार पद खाली होने का डेटा सदन में प्रस्तुत किया जाता है. लेकिन उक्त पदों को भरने के लिए बेसिक शिक्षा विभाग के द्वारा अभी तक प्रभावी कार्यवाही नहीं की गई है...साथ ही सरकार की सही नीति न होने के कारण परिषदीय स्कूलों की स्थिति बड़ी ही दयनीय है...गांव में जो परिषदीय स्कूल हैं उनको सरकार के द्वारा मर्जर किया जा रहा है...ये बहुत ही दुर्भाग्यपूर्ण है''...
शिक्षक भर्ती को लेकर सपा विधायक अनिल प्रधान का बड़ा बयान
@Anilpradhan01 #TeacherRecruitment #SamajwadiParty #AnilPradhan #UttarPradesh
स्कूल चले हम…ये शानदार गाना याद है?
ये उस जमाने की बात है जब सरकार सच में शिक्षा के लिए काम करती थी.
मौजूदा सरकार ने प्राथमिक शिक्षा को बढ़ावा देने की बजाय स्कूलों पर ताला मारा है.
इस सरकार ने शिक्षा, स्वास्थ्य और रोज़गार जैसी बुनियादी चीजों पर काम करना बंद कर दिया है.
चिपको आंदोलन जैसे अहिंसक पर्यावरणीय जन-आंदोलनों पर लेख और निबंध लिखकर IAS बनने वाले लोग आज देश के जंगलों, नदियों और पहाड़ों की तबाही के दस्तावेज़ों पर दस्तख़त कर रहे हैं.
शर्म आनी चाहिए. लानत है!
#SaveAravalli#SaveAravaliHills#SaveAravali
देश की राजधानी में मौजूद सबसे बड़े प्रतिष्ठित केंद्रीय विश्वविद्यालय @UnivofDelhi पर इतने गंभीर आरोप लगाती इस छात्रा का एक वीडियो वायरल है. डीयू और प्रशासन तत्काल जाँच करे कि क्या मामला है. अगर ये लड़की सही बोल रही है, तो आरोपी प्रोफ़ेसर को तत्काल कठोर सजा मिले.
बाक़ी #प्रोफ़ेसर_की_डायरी में मैंने उन तमाम आने वाली ऐसी मुश्किलों को बता दिया था कि अभी देश के ये विश्वविद्यालय बर्बादी के मुहाने पर खड़े हैं. आगे और बर्बाद होंगे. मगर इतनी जल्दी और ऐसी क़िस्म की बर्बादियाँ होंगी, सोचा न था. ये देखकर शर्मिंदगी है हमें कि एक समय ये हमारा कैंपस था.
शिक्षा की तबाही के इतने रूप हैं कि कैम्पसों के बाहर के लोग हैरान रह जाएँगे. हर क़िस्म के भ्रष्टाचार, अमानवीयता और धांधली के अड्डे बन चुके हैं ये कैंपस. सत्ता जानबूझकर ऐसा कर रही. सोचने समझने वाली जगहें जब बर्बाद या ग़ुलाम हो जाएँगी, तभी तो पाखंडी अंधभक्त भीड़ पैदा होगी.
मैं कामना करता हूँ कि ये वीडियो झूठी हो. हम इसकी पुष्टि नहीं करते, मगर अकादमिक संस्थान पर ऐसी वीडियो सामने आए तो इस पर बात ज़रूर करनी चाहिए ताकि जाँच तो हो. इसकी सच्चाई तो प्रशासन बताएगा. मगर यदि यह सही है, तो शर्मनाक है. भयावह है.
जब 26/11 के बाद तब के गृह मंत्री शिवराज पाटिल इस्तीफ़ा दे सकते हैं…
तो दिल्ली धमाके के बाद अमित शाह क्यों नहीं?
मीडिया तो नहीं पूछेगा — आप ही पूछ लीजिए।#RedFort#घोरकलजुग
🚨बड़ी खबर
देर रात नीतीश कुमार जी के आवास पर एक बैठक चल रही थी जिसमें किसी भी मीडिया पत्रकार बंधु को अंदर जाने की अनुमति नहीं थी।
उसमें विश्वशनीय सूत्रों के अनुसार जो खबर बाहर निकाल कर आ रही है वह बहुत दिलचस्प है।
नीतीश कुमार जी के साथ इस बैठक में जदयू के "संजय ललन विजय" और अन्य भूंजा पार्टी वाले भी की मौजूद थे।
नीतीश कुमार जी ने साफ़ आदेश दिया,
"ये विधानसभा चुनाव मेरा आखिरी चुनाव है मेरी हार्दिक इच्छा है इस चुनाव में मेरी पार्टी जदयू NDA में सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरे।
इसलिए जिस विधानसभा में मेरे पार्टी का उम्मीदवार नहीं है उस जगह NDA गठबंधन का हिस्सा पार्टी जैसे सांपों को दूध पिलाने से अच्छा है हमारे वोटर लालटेन वाले पार्टी को वोट दिया जाए।
इससे हमें NDA में सबसे बड़ी पार्टी बनने का मौका मिले! और यह मौका तभी मिल सकता है जब जदयू के वोटर खुलकर करके "लालटेन" को वोट करेगा!
आप लोग लखीसराय में इसका सैंपल देखे ही हैं बस वैसे ही लग जाइए। 2020 वाला बात हम अभी भूले नहीं हैं।"
हम सब संघर्ष कर रहे है पुरानी पेंशन के लिए तरीका कोई हो, विद्या कोई हो हर हाल में अपने मुद्दे को आगे बढ़ाना है मैं बिहार महागठबंधन की सभी दलो का शुक्रिया अदा करता हूं
पुरन्दर की संधि।
11 जून 1665 को शिवाजी ने मुगलो के सामने समर्पण किया।
- इसके तहत अपने 23 किले मुगल साम्राज्य को सौंपे थे।
- बेटे शंभाजी को मुगलों के अधीन कर 5,000 सैनिकों की कमान सौंपी थी।
- भविष्य में ज़रूरत पड़ने पर मुगलों की मदद का वचन दिया।
- खुद शिवाजी को मात्र 12 किले रखने की इजाजत मिली।
इस प्रकार मुगल-शिवाजी सन्धि सम्पन्न हुई।
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मजे की बात, मुगलो की तरफ से लड़ने औरँगजेब नही आया। तस्वीर में सन्धि के समय मुगल पक्ष से लोकप्रिय यशस्वी शासक मिर्जा राजा जयसिंह हैं।
मिर्जा की उपाधि उन्हें औरँगजेब ने दी थी।
उन्हें मिर्जा कहना, अपने आपमे एक बहुत बड़ा सम्मान और ओहदा था। जयसिंह एक प्रतापी और वीर सेनानायक थे।
उधर शिवाजी के तरफ से लड़ने वाले उनके बॉडीगार्ड सिद्धि हिलाल, नेवी हेड दौलत खान, कमांडर नूर खान, तोपची इब्राहिम खान, कैवेलरी हेड शमा खान वगैरह लड़े।
परन्तु हार गए।
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बहरहाल चित्र में, दो हिन्दू भाई लड़ने भिड़ने के बाद अब गले मिल रहे हैं।
नारा था- एक है तो सेफ हैं।
❤️
देश के नागरिक दोनों #गिफ्ट स्वीकार करें......
क्योंकि जब अटेवा निजीकरण का विरोध करता है तो कुछ लोगों को लगता है कि सरकार का विरोध कर रहा है अरे सरकार!!! गलत करेगी तो सरकार का विरोध होगा। यह जो निर्णय हुए हैं क्या सरकार ने नही किसी और ने किया है क्या???
किसी भी तरह का निजीकरण निम्न और मध्यवर्ग के पक्ष में नहीं होता है। यह सरकारों का षड्यंत्र है इस बात को समझाना पड़ेगा। पढ़ा लिखा आदमी इन मुद्दों को नहीं पढ़ पा रहा है नहीं देख पा रहा है तो फिर दूसरो से क्या उम्मीद की जाएगी।
#निजीकरणमुर्दाबाद
#vijaykumarbandhu
#अटेवा
📍गोंडा से ब्रेकिंग न्यूज़ | खाद के लिए मचा हाहाकार, महिलाओं की लगी लंबी कतारें
➡️ गोंडा के माधवगंज सहकारी समिति पर खाद लेने के लिए उमड़ी महिलाओं की भीड़, पुरुषों से ज़्यादा महिलाओं की मौजूदगी
➡️ सैकड़ों महिलाएं घंटों लाइन में, वीडियो हुआ सोशल मीडिया पर वायरल
📸 वीडियो में दिखा हंगामा
SHO खुद महिलाओं को धक्का देते हुए कैमरे में कैद
भीड़ पर काबू पाने में व्यवस्था फेल
🗣️ स्थानीय नाराज़गी बढ़ी
गोंडा में लगातार खाद की किल्लत
जनता में गहराता आक्रोश
गोंडा के सांसद कीर्तिवर्धन सिंह, जो वर्तमान में विदेश राज्य मंत्री हैं
मेहनौन से विधायक विनय कुमार द्विवेदी, खाद संकट पर जवाबदेही पर घिरते नेता
#Gonda #FertilizerCrisis #WomenProtest #SocialMediaBuzz @CMOfficeUP@KVSinghMPGonda@dmgonda2@spshahibjp
सोचो......
हर प्राइमरी स्कूल में न्यूनतम 5 कमरे,
5 शिक्षक हों,एक चौकीदार,सफाई कर्मी ,क्लर्क और सौर ऊर्जा, बिजली से चलित पंखे, साफ पानी और साफ शौचलय, बच्चों को बैठने के लिए डेस्क बेंच हो , साथ ही #समय पर पुस्तकें मिलें ।
फिर सरकारी स्कूल में #नामांकन बढेगा कि नहीं ?
और उपरोक्त कार्य करना किसका काम है??
सरकार का फिर क्या सरकार कर पाई ????
#मर्जर
#vijaykumarbandhu
#अटेवा