मैं कैसे कहूं ईद मुबाकर,के जिस को देखे से मेरी ईद होती थी वो अरसे से मुझ से मुझ से मिला नही है।मेरी ईद की सिवाइयो में वो मिठास नही है अब,जो आप के चखने भर से आती थी 😔😔
#KhalidSaifiKoRihaKaro
As Salaamu Alaikum. उमराह के नए पैकेज आ गए हैं। उमराह पर जाने के लिए राबता करें और जितना हो सके प्रमोट करें। एक लंबा अरसा जेल में गुज़ार ने के बाद। अब वक़्त है दुबारा से मेहनत करके रिज़्क ए हलाल के लिए कोशिश की जाए। आप सब दुआ भी करें और हर मुमकिन साथ दें।
#UmrahWithYTM #UmrahRahatSe
Alhamdulillah! It still feels surreal to be free after spending 6 years 3 months in Jail. Thanks to all Friends for amazing support throughout this period.
#FreedomFeelsGreat
जेल से आते वक़्त मैं दो रोटी साथ ले कर आया था। जो मेरे उस दिन के रात के खाने का हिस्सा थीं। इन रोटियों को ना सिर्फ़ चबाना मुश्किल है पचाना भी बहुत मुश्किल है। छह साल तीन महीने जेल में इन रोटियों को खाने बाद हर उस नयमत का एहसास हो गया जो अल्लाह ने अता कर रखी थी। आयिंदाह भी यह एहसास बाकी रह के अल्लाह रब्बुल इज़्ज़त ने क्या क्या नयमतें नवाज़ी हैं। साथ ही मेरे उन भाइयों की फ़िक्र भी मौजूद रहे जो अभी भी इन रोटियों को ज़िन्दान्न में तोड़ रहे हैं। यह एक मुश्किल काम है लेकिन नामुमकिन नहीं राह ए हक़ पर चलने वालों को ये सब झेलना ही पड़ता है। मुश्किल सिर्फ़ इस यकीन के साथ आसान हो जाती है के अल्लाह रब्बुल इज़्ज़त इन परेशानियों का बेहतरीन बदला देगा।
#JailKiRoti #FreedomFeels
Khair mubarak to all who are celebrating Eid-ul-Adha today. It’s tomorrow for most of us.
May Allah guide us on the right path and fill us with a sense of duty towards all His creations. May this world realise the beauty of humanity after all. Aameen 🤲🏻
#Eid
ईद मुबारक!! आज अल्लाह के फ़ज़ल से छह साल बाद ईद घर पर हुई। मस्जिद में नमाज़ उसके बाद कब्रिस्तान फिर अम्मी के घर पर पूरी फ़ैमिली के साथ क़ुर्बानी और फिर गर्म गर्म कलेजी का सालन। सब कुछ एक खवाब सा लग रहा है। ख़ुशी भी है और साथ ही साथ उन साथियों का ख्याल भी जो अभी भी ज़िन्दानो में क़ैद हैं। #EidMubarak
‘अब्बू… ट्रेन में सब मुझे मार रहे हैं’, आख़िरी संदेश भेजने के बाद लापता हुआ 20 वर्षीय मदरसा छात्र
बिहार के गोपालगंज ज़िले के रहने वाले 20 वर्षीय फैज़ान अहमद शाह के लापता होने का मामला सामने आया है. परिवार का आरोप है कि Mau से घर लौटते समय Purvanchal Express में कुछ लोगों ने उनके साथ मारपीट की.
फैज़ान उत्तर प्रदेश के Mau ज़िले में स्थित जामिया अमजदिया घोसी मदरसे में पढ़ाई करते हैं और ईद-उल-अज़हा की छुट्टियों में घर लौट रहे थे. परिवार के मुताबिक, बेल्थरा रोड पार करने के बाद और सलेमपुर स्टेशन पहुंचने से पहले उन्होंने अपने पिता को एक आख़िरी मैसेज भेजा:
“अब्बू, यहां झगड़ा हो गया है… ट्रेन में सब मुझे मार रहे हैं… मैं छिपकर मैसेज कर रहा हूं.”
इसके बाद उनका फोन बंद हो गया और तब से उनका कोई पता नहीं चल सका है. परिवार ने फुलवरिया थाने में शिकायत दर्ज कराई है. पुलिस का कहना है कि मामले की हर पहलू से जांच की जा रही है.
जिंदगी काटने के लिए तो कट ही रही है पर ये 6 साल सदियों के बराबर लगे है।खालिद का थोड़े समय के लिए घर आना एक मरहम का काम तो किया है पर उनका जाना एक नया जख्म दे कर जाता है।न जाने कब इस रात की सुबह होगी।
#RepealUAPA#FreeKhalidSaifi#ReleaseAllPoliticalPrisoners
With the ever large hearted @KSaifi Khalid Saifi, Nargis Saifi.
May there be an end to all he and his family have had to put up with the last six years of incarceration without a trial.
May there be justice, may he be released soon.
As @KSaifi remains behind bars, his wife Nargis Saifi steps beyond her private world to revive his abandoned travel business, alongside former political prisoner @AsifTanhaJamia , to keep their families afloat.
@nikita_jain15 reports:
https://t.co/mlEVcF1Pfd
On February 26, Khalid Saifi completes 6 years in prison for the crime of demanding equality and justice through the rejection of the communal CAA-NPR-NRC combine. Join us in extending our solidarity with him.
Tweet #FreeKhalidSaifi and demand his immediate release along with all other political prisoners.