एक पोस्ट खुरपेंच के लिए
जिस तरह से यह अकेला हैंडल सरकार की जवाबदेही निर्धारित कर रहा है।
जिस तरह से अधिकारी से लेकर मंत्री तक से आंख में आंख डाल कर सवाल जवाब कर रहा है।
इस देश की मृत होती पत्रकारिता और चौथे स्तंभ के लिए एक सबक जैसा है। इनका यह कार्य लोकतंत्र के लिए एक संजीवनी जैसे है ।
लेकिन कभी आप ने सोचा कि इस आदमी के लिए भी कुछ प्रोत्साहन राशि देनी चाहिए ?
मुझे अक्सर ही यह खयाल आता है और आज मैं इस पर अपना विचार रख रहा हूं।
RW से लेकर LW तक और अन्य पक्ष विपक्ष के स्वयंभू पत्रकार, ट्रोलर, इन्फ्लूएंसर आए दिन अपना QR code शेयर करते रहते हैं। केवल अपनी चाटुकारिता का पारितोषिक मांगते रहते हैं। लोग उनको पैसा देते भी हैं।
लेकिन सीधे सीधे व्यवस्था से लड़ने वाला , भ्रष्टाचार की जड़ पर मट्ठा डालने वाला, अव्यवस्था की पोल खोलकर दुरुस्त करवाने के लिए प्रयासरत यह हैंडल क्या अपने कार्य के लिए सहयोग का हकदार नहीं है?
क्या इस हैंडल के पास क्रांति के लिए संसाधन की जरूरत नहीं है?
मुझे लगता है कि हम आप जैसे लोगो को अनुरोध करना चाहिए कि @khurpenchh जी अपना एक माध्यम शेयर करें जिसके जरिए इनकी स्वैच्छिक रेगुलर मदद की जा सके ।
निःसंदेह ही यह बिना किसी किंतु परन्तु के अपने कार्य के लिए इनाम के हकदार हैं।
अगर सहमत हैं तो रिपोस्ट करके आगे बढ़ाए।
@unnaopolice@dmunnao@myogiadityanath उन्नाव के दूलीखेड़ा में खनन माफिया बेखौफ होकर अवैध खनन कर रहे हैं प्रशासन के खौफ खत्म हो चुका है 1 माह से अधिक समय से श्रीकृष्ण यादव व नेपाल यादव करा रहे अवैध खनन
गुर्गे खनन रील की रील बनाकर सोशल मीडिया पर डाल रहे हैं
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