आप ही बताइए तेरह साल की बिटिया को नोच खाने वाले इन बत्तीस दरिंदों के लिये हमारे संविधान मे क्या कोई उचित सजा का प्रावधान है ?
इन जैसों के लिए अलग से भयानक यातनायुक्त मृत्युदंड का प्रबंध क्यों नही किया गया 😥
The wound of your separation is so deep that words cannot heal it. We only pray that God will guide us through this test and grant us the strength to continue on your mission.
और अल्लाह तुम्हारे दिलों की बात खूब जनता है :सुराह अहज़ाब 33/51 ☝️
आयुष मालिक ने इस्लाम धर्म अपनाया था और आज छोड़ भी दिया,, फर्क सिर्फ इतना है कि जब अपनाया था तो आवाज बुलंद थी ओर आज आवाज दबी दबी सी है, विडियो देखकर साफ पता चल रहा है इस्लाम अपने मर्जी से काबुल किया था और हिंदू धर्म लोगो के दबाओ से अपनाया,,
इन्हीं का एक लाइन है 👉 अगर आप एक बार मुसलमान बन गए तो वापस नहीं जा सकते और अगर आप पलट गए तो आप मुसलमान कभी थे ही नहीं,,
खैर अगर अभी भी यकीन है कि इस्लाम ही हक है और अल्लाह के सिवा कोई माबूद नहीं !!
हज़रत इमाम हुसैन की शहादत का पैगाम यह है कि हर स्थिति में हक़ और इंसाफ के लिए खड़ा होना है, चाहे इसकी कोई भी क़ीमत चुकानी पड़े, ईमान का तकाज़ा यही है, मज़लूमों की एकता कायम करना और ज़ालिम के आगे सर नही झुकाना।
आइए! हज़रत इमाम हुसैन की शहादत से प्रेरणा लेते हुए हम सभी हक़ और इंसाफ की राह में डटे रहे और अपने देश की रक्षा व शोषित वंचित मज़लूम समाज की आवाज़ बुलंद करें।
#TheMessageOfKarbala
हज़रत इमाम हुसैन जी का संघर्ष, त्याग और बलिदान हमें असत्य, अत्याचार और अन्याय के विरुद्ध मानवता की सबसे मज़बूत ढाल बनने की सीख देता है।
आज मुहर्रम के दिन हमें उनके बताए हुए रास्ते पर चलने की प्रेरणा लेनी चाहिए।
It's been a year, but I still remember that night of June. I called him 64 times and he didn’t answer a single call or reply to any of my text. I cried until I had nothing left in me.That night, I made a promise to Allah that I would never get attached to anyone again.