चिंता, उदासी, पछतावा, डर, अवसाद और तनाव जैसी मानसिक व्याधियों का सफल इलाज अब संभव है। ज़्यादातर मामलों में चार से छः हफ्तों में इन व्याधियों से पूरी तरह छुटकारा पाया जा सकता है। अपना जीवन इन व्याधियों पर गिरवी मत रखिए। सलाह लेना चाहें तो +91-62846-96674 पर संपर्क कर सकते हैं।
@AnilKapoor@anilkumble1074@anilvijminister@AnilSinghvi_@nixxin
.
सहज जीवन के चार स्तंभ
1.तन की सेवा—सेहत, हाइजीन, भोजन का ध्यान
2.मन की सेवा—गुस्सा, उदासी, डर, पछतावा, चिंता आदि से छुटकारा
3.जन की सेवा—समाजसेवा, जरूरतमंद की सेवा
4.मनन की सेवा—आत्म मंथन, अपनी कमियां दूर करना
.
@VikasKahol@Phogat_Vinesh@ChikhliaDipika@DipaKarmakar@DeepaAthlete
सहज जीवन के चार स्तंभ
1.तन की सेवा—सेहत, हाइजीन, भोजन का ध्यान
2.मन की सेवा—गुस्सा, उदासी, डर, पछतावा, चिंता आदि से छुटकारा
3.जन की सेवा—समाजसेवा, जरूरतमंद की सेवा
4.मनन की सेवा—आत्म मंथन, अपनी कमियां दूर करना
@satishacharya@gharkekalesh@ShashiTharoor@shashank_ssj@sumitmac
सहज जीवन के चार स्तंभ
1.तन की सेवा—सेहत, हाइजीन, भोजन का ध्यान
2.मन की सेवा—गुस्सा, उदासी, डर, पछतावा, चिंता आदि से छुटकारा
3.जन की सेवा—समाजसेवा, जरूरतमंद की सेवा
4.मनन की सेवा—आत्म मंथन, अपनी कमियां दूर करना
.
@unpadh48@TweetsAnup@atulogical@rahulmedia@KapilSharmaK9@malpani
सहज जीवन के चार स्तंभ
1.तन की सेवा—सेहत, हाइजीन, भोजन का ध्यान
2.मन की सेवा—गुस्सा, उदासी, डर, पछतावा, चिंता आदि से छुटकारा
3.जन की सेवा—समाजसेवा, जरूरतमंद की सेवा
4.मनन की सेवा—आत्म मंथन, अपनी कमियां दूर करना
@RakeshRoshan_N@ashabhosle@gadhee@kachra_peti@GabbbarSingh
.
सहज जीवन के चार स्तंभ
1.तन की सेवा—सेहत, हाइजीन, भोजन का ध्यान
2.मन की सेवा—गुस्सा, उदासी, डर, पछतावा, चिंता आदि से छुटकारा
3.जन की सेवा—समाजसेवा, जरूरतमंद की सेवा
4.मनन की सेवा—आत्म मंथन, अपनी कमियां दूर करना
.
@MumbaichaDon@mymalishka@ajeetbharti@AshokKhemka_IAS@drriteshmalik
सहज जीवन के चार स्तंभ
1.तन की सेवा—सेहत, हाइजीन, भोजन का ध्यान
2.मन की सेवा—गुस्सा, उदासी, डर, पछतावा, चिंता आदि से छुटकारा
3.जन की सेवा—समाजसेवा, जरूरतमंद की सेवा
4.मनन की सेवा—आत्म मंथन, अपनी कमियां दूर करना
@archnahr@rajeshsawhney@ranaashutosh10@deepak2312@DChaurasia2312
सहज जीवन के चार स्तंभ
1.तन की सेवा—सेहत, हाइजीन, भोजन का ध्यान
2.मन की सेवा—गुस्सा, उदासी, डर, पछतावा, चिंता आदि से छुटकारा
3.जन की सेवा—समाजसेवा, जरूरतमंद की सेवा
4.मनन की सेवा—आत्म मंथन, अपनी कमियां दूर करना
.
@durgeshgarg@vineetjaintimes@VineetPunia@VineetPanchhi@ArshadWarsi
सहज जीवन के चार स्तंभ
1.तन की सेवा—सेहत, हाइजीन, भोजन का ध्यान
2.मन की सेवा—गुस्सा, उदासी, डर, पछतावा, चिंता आदि से छुटकारा
3.जन की सेवा—समाजसेवा, जरूरतमंद की सेवा
4.मनन की सेवा—आत्म मंथन, अपनी कमियां दूर करना
@iAkankshaP@ArchanaRSingh@vandyysandyy@vijayshekhar@hvgoenka
.
सहज जीवन के चार स्तंभ
1.तन की सेवा—सेहत, हाइजीन, भोजन का ध्यान
2.मन की सेवा—गुस्सा, उदासी, डर, पछतावा, चिंता आदि से छुटकारा
3.जन की सेवा—समाजसेवा, जरूरतमंद की सेवा
4.मनन की सेवा—आत्म मंथन, अपनी कमियां दूर करना
.
@ankita_champ@ankidurg@Cric_gal @goddess_ankita @AnkitaBnsl @vp
.
सहज जीवन के चार स्तंभ
1.तन की सेवा—सेहत, हाइजीन, भोजन का ध्यान
2.मन की सेवा—गुस्सा, उदासी, डर, पछतावा, चिंता आदि से छुटकारा
3.जन की सेवा—समाजसेवा, जरूरतमंद की सेवा
4.मनन की सेवा—आत्म मंथन, अपनी कमियां दूर करना
.
@RenAameen@Sharat_j@vinodkapri@one_by_two@madversity@imVkohli
.
सहज जीवन के चार स्तंभ
1.तन की सेवा—सेहत, हाइजीन, भोजन का ध्यान
2.मन की सेवा—गुस्सा, उदासी, डर, पछतावा, चिंता आदि से छुटकारा
3.जन की सेवा—समाजसेवा, जरूरतमंद की सेवा
4.मनन की सेवा—आत्म मंथन, अपनी कमियां दूर करना
.
@NarvijayYadav@Trendulkar@suryapsingh_IAS@vivekatray@vani_author
सहज जीवन के चार स्तंभ
1.तन की सेवा—सेहत, हाइजीन, भोजन का ध्यान
2.मन की सेवा—गुस्सा, उदासी, डर, पछतावा, चिंता आदि से छुटकारा
3.जन की सेवा—समाजसेवा, जरूरतमंद की सेवा
4.मनन की सेवा—आत्म मंथन, अपनी कमियां दूर करना
@BhanuDhamija @anuragbatrayo @kritimakhija
.
सहज जीवन के चार स्तंभ
1.तन की सेवा—सेहत, हाइजीन, भोजन का ध्यान
2.मन की सेवा—गुस्सा, उदासी, डर, पछतावा, चिंता आदि से छुटकारा
3.जन की सेवा—समाजसेवा, जरूरतमंद की सेवा
4.मनन की सेवा—आत्म मंथन, अपनी कमियां दूर करना
.
#मीडियासंवाद2024
इंडिया डेली लाइव के मुख्य संपादक श्री राहुल महाजन ने कहा कि आर्टिफिशियल इंटैलिजैंस एक तकनीक है, टूल है और यह एक नया अवसर भी प्रदान करता है। इसे अंगीकार करने की ज़रूरत है।
@anuragbatrayo
#मीडियासंवाद2024
मेरे पुराने मित्र, इंडियन न्यूज़पेपर सोसायटी के अध्यक्ष श्री राकेश शर्मा जी ने कहा कि पत्रकार का धर्म है राष्ट्रधर्म को निभाते हुए सच को बताना।
👍🏽
#मीडियासंवाद2024
समाचार4मीडिया के 40अंडर40 कार्यक्रम का शुभारंभ करते हुए मेरे परम मित्र डॉ. अनुराग बत्रा ने बताया कि भारतवर्ष प्रगति की ओर अग्रसर है और हिंदी मीडिया की इसमें प्रमुख भूमिका है। यही कारण है कि समाचार4मीडिया ने ज़्यादा से ज़्यादा प्रतिभागिता सुनिश्चित की है।