बांग्लादेशी हिंदू भिक्षु चिन्मय दास को उनकी मां के अंतिम संस्कार के लिए 5 घंटे की पैरोल दी गई थी।
उन्हें नवंबर 2024 में "देशद्रोह के आरोप" में जेल में डाल दिया गया था।
उनकी मां संध्या रानी धर (72) का उन्हें आखिरी बार देखे बिना ही निधन हो गया।
Hello @UN
A Hindu monk in Bangladesh, Chinmoy Krishna Das Ji, has reportedly been kept in jail for continuously raising his voice for the rights and safety of minorities. The trauma and distress caused by his prolonged imprisonment reportedly contributed to the deterioration of his mother’s health, and she eventually passed away. He was released only for a few hours to attend his mother’s funeral.
He is being persecuted, while Hindus across Bangladesh continue to face atrocities.
Why is there silence on this? Why is everyone maintaining such a deafening silence?
@UNHumanRights
आज का लाइव ऐसा होगा
फिर कभी नहीं जैसा होगा
एट्रोसिटी एक्ट के खोलेंगे धागे
रख कर दलितों को ही आगे
चुन-चुन कर वीडियो लाएँगे
सब तथ्य दिखाए जाएँगे
मंचों के बोल भी आएँगे
हर इमेज सजाए जाएँगे
सवर्णों की भी बेटी होती है
उसकी भी इज्जत होती है
वो राह चलती वेश्या नहीं
मैं चुप सुनने वाला प्रेश्या नहीं
हर रंग दिखाऊँगा तुमको
धो-धो के सुखाऊँगा सबको
—
मित्रों, आप सबके स्नेह और समर्थन का आभार! मेरी बहन आपकी भी बहन है, और आपकी बहन मेरी भी बहन है। मेरे वचन तब कटु हुए जब किसी ने उसे राह चलती किसी वस्तु की तरह देखा। मेरी बहन का ऑब्जेक्टिफिकेशन किसी नारीवादी को नहीं दिखा, पर जब एक कथित रावण समर्थक को मैंने लक्षित करके कुछ कहा तो तुम्हें ध्यान आया कि मेरी मानसिकता सड़ी हुई है।
मैं जहाँ से आता हूँ, यदि यह बात मुझे कोई सामने से कहता तो मेरे ऊपर यह धाराएँ नहीं लगती, वो कोई और धारा होती। मैं आत्मनियंत्रण वाला व्यक्ति हूँ और ट्रोल की ट्रोलिंग को उसी तरह से थामना जानता हूँ।
बाकी, जो भी होगा वह प्रारब्ध है। पर हाँ, सवर्णों की बेटियाँ किसी भी शोषित-वंचित के डिजिटल उपभोग या विकृत यौन मानसिकता के प्रयोग की वस्तु नहीं।
आशुतोष रांका पर SC-ST एक्ट में केस दर्ज।
अब क्या CJP SC-ST एक्ट के दुरुपयोग पर बात करेगी? या फिर SC-ST एक्ट लगने के बाद भी मौन धारण किए रहेंगे?
Note:- हालांकि मुझे नहीं लगता कि आशुतोष रांका की गिरफ़्तारी होगी। SC-ST एक्ट में केवल गरीब/शोषित/पीड़ित/वंचित/किसान/मज़दूर को ही तुरंत गिरफ्तार किया जाता है।
This fraud Abhijeet Dipke is standing in the classroom with his hands behind his back as if he is the DM of Hingoli or the trustee of the school.
Kids were studying, yet he walked into their classroom and started misbehaving with the teachers. Who gave him the right to behave like this?
And why does he need to bring so many media people with him? If he wants to record a video, he can simply take one person along to film him.
The Maharashtra Government should immediately stop this man from entering any school without proper permission.
भीम आर्मी का ये गुंडा मुझे मैसेज कर धमकी क्यों दे रहा है?
@BhimArmyChief अपने इस पालतू गुंडे @Inder_aazad को समझाओ।
ये गुंडा और इसकी टीम मेरे ऊपर जानलेवा हमले की प्लानिंग तैयार कर रहे हैं। अगर मुझे कुछ हुआ तो इस गुंडे को बेल्ट ट्रीटमेंट के साथ जीवन भर के लिए जेल में सड़ाया जाए
फिर इसकी पीढ़ियाँ भले रोती रहे कि इसे जेल में पानी नहीं दिया।
यह वीडियो बिहार के सीवान जिले का है। जहां एक बुजुर्ग व्यक्ति को कुछ दिमागी नक्सली सोच के गुंडे मार रहे हैं। आरोप यह है कि संतोष सिंह ने भीमराव अंबेडकर पर कुछ कमेंट किया था। इन सभी हमलावरों पर कठोर कार्यवाही होनी चाहिए।
ये तालिबान या ISIS की क्रूरता नहीं है, बल्कि ये सब बिहार में हुआ।
संतोष सिंह जी ने अंबेडकर को लेकर कोई टिप्पणी कर दी। जिसके बाद उन्हें बेरहमी से मारा। अर्धनग्न कर घुमाया।
ये उत्पीड़न अत्याचार बर्बरता और अन्याय नहीं तो क्या है? इस पर सब मौन क्यों है? मामला बिहार के सीवान का।
भयावह, भयावह, भयावह……! लोकतंत्र शर्मसार……..रांची में छात्रों पर लाठीचार्ज क्यों?
ये शर्मनाक है। शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे निहत्थे छात्रों पर लाठी चार्ज करना निंदनीय है। ये दृश्य देखकर आपकी रूह कांप जाएगी।
अमन नाश्ता कर रहे थे
रांची पुलिस उन्हें लेकर चली गई।
छात्रों का आंदोलन कवर करना पाप हो गया है क्या इस देश में?
जंतर मंतर पर छात्रों को गाली देते/अश्लील हरकतें करते दिखाना पत्रकारिता था लेकिन झारखंड के शालीन छात्रों की आवाज़ उठाना अपराध है क्या?
लेकिन “तानाशाह” तो मोदी हैं।गजबे है
जंतर मंतर के स्टूडेंट लीडर इंटरव्यू देने, पार्टी करने और अब अमित शाह का इंटरव्यू देने में व्यक्त हैं। उधर रांची में झारखंड के आदिवासी स्टूडेंट्स रुखा सूखा खाकर आज फिर रात भर धरने पर बैठेंगे।
छात्रों की हौसला अफजाई के लिए उन्हें पिज्जा बर्गर भेजने वाले कहां गए ?
पहलगाम की नृशंस आतंकी घटना पर एक से भी गोल टोपी पहन नुमाइश करने की औक़ात नहीं हुई,पर अयोध्या की दुखद घटना पर इस हिस्ट्रीशीटर को आगे कर खुलेआम भगवा का अपमान कराया,ये महापाप है,और इस महापाप के नतीजे भी जरूर आएंगे !!