@raviadi7793 ब्राह्मणों में एक बात बहुत खास होती है कि अपने जाति के अपराधियों का बचाव भी पूरी ताकत से करते हैं, क्योंकि ये लोग जन्म से ही जातिवादी होते हैं
@IMinakshiJoshi ब्राह्मणवाद जाग गया मैडम का, ये किस मुंह से अपने आप को पत्रकार कहती हैं ब्राह्मणों को बचाने वाली ब्राह्मण समाज की पत्रकार कहला सकती हैं
@priti134 तुम लोगों ने इस देश को नफरत फैलाने वाली व्यवस्था और जातिवाद देकर एक इंसान को दूर करने, और मनोहर कहानियां देने के अलावा कुछ नहीं दिया, आज दुनिया जो भी चीजें इस्तेमाल कर रही हैं तुम लोगों ने कुछ नहीं बनाया
रविशंकर भारती चाहते तो अपनी बेटी को दुर्गा वाहिनी या संस्कार भारती जैसी महान संस्था में भेज सकते थे।
VHP के मुस्लिम विरोधी अभियान,चर्च जलाने जैसे कार्यों में लगा सकते थे।
पर उन्होंने अपनी बेटी को पढ़ने के लिए बॉस्टन यूनिवर्सिटी भेज कर जो त्याग किया है, उसके लिये रविशंकर को युगों -युगों तक याद रखा जायेगा ।
@PoojaHindu50@iChiragPaswan तो क्या ये देश तुम ब्राह्मणों ने बनाया है जो हर जगह खुद के बनाए आरक्षण से कब्जा करके बैठे हो, आरक्षण बनाकर खुद को सबसे ऊपर रखकर हर जगह बैठ गए हो
दिल्ली पुलिस का आदर्श वाक्य ‘शांति, सेवा, न्याय’ है, लेकिन कल जंतर-मंतर पर वर्दीधारी द्वारा मासूम बेटियों की अस्मिता पर किया गया हमला इस आदर्श वाक्य को विडंबना बना देता है।
@Tiwariashwin331 @masijeevi तुम्हीं लोग तो बुद्धिमान हो, क्योंकि मुंह से जन्म लेते हो तुम लोगों की नजर में बाकी सब मूर्ख ही तुम्हीं हो इस दुनिया के ज्ञानी
@KishorJha653605@raviparmarIN नारंगी संतरे अपनी जाति के अपराधी के साथ भी खड़े हो जाते हैं और बात करते हैं धर्म की, तुम लोगों का धर्म दलितों पिछड़ों को नीच मानकर शोषण करना है
@richaanirudh आपको डरने की जरूरत क्या है मैडम आप लोगों के पास तो आपकी अपनी गोबर मूत्र से इलाज वाली विधि है न, अंग्रेजी विधि से आपको इलाज ही क्यों कराना है, अपने गोबर ज्ञान वाले तरीके से करवाओ कोई खतरा नहीं है
@AmbarishKu30097@sudamapurana6 काबिल तो थे तभी तो पहले मुंह से खीर पसीना से बच्चे पैदा कर देते थे, चांद सूरज तो इनके परिवार के हिस्सा होते थे, बस दलितों के आरक्षण के बाद से ही इनकी काबिलियत तेल लेने चली गई, और इतने काबिल थे, तभी तो इनके होते हुए ही देश मुगलों का अंग्रेजों का गुलाम हो गया