सुना है जेल रिटर्न तिहाड़ी चौधरी मेरे और रवीश जैसे पत्रकारों के लिए कुछ बोल रहा है .
जो आदमी सीधे- सीधे सौ करोड़ की ब्लैकमेलिंग करने के मामले में जेल जा चुका है .
जो आदमी स्टिंग कैमरे में अपनी करतूतों के साथ क़ैद है .
जो आदमी सरकार के तलवे चाटने की प्रतियोगिता में पहले पायदान पर बने रहने के लिए हर रोज़ जतन कर रहा है .
जो आदमी सत्ता की सरपरस्ती में अपनी ज़ुबान और ज़ेहन को गिरवी रखकर काम कर रहा है .
जो आदमी पत्रकारिता के चोले में रहकर हर दौर में सरकारों से सेटिंग करके
अपना धंधा कर रहा हो .
जो आदमी मोदी की चाटूकारिता करके करोड़ों के सरकारी अुनदान पर बीजेपी का भोंपू बना हो .
जो आदमी विपक्ष और विरोध की आवाजों के ख़िलाफ़ सुपारी लेकर दिन रात काम कर रहा हो .
जो आदमी पत्रकारिता के सबसे कलंकित चेहरों में से एक हो .
वो आदमी बोल रहा है .
छोड़ो यार .
@HemantSorenJMM सर आपके जमशेदपुर पुलिस को आखिर क्या हो गया है Jh05EF9444 नंबर की ये गाड़ी आज सुबह-सुबह तड़ाके 4 लोगो को बुरी तरह कुचल दिया है और जिनको कुचला गया है उनके परिजन जब शिकायत लिखाने गए तो बागबेड़ा थाना ने शिकायत लेने से मना कर दिया आखिर क्यों महोदय
सपा मुख्य रूप से एक क्षेत्रीय दल है लेकिन यह संसद और सड़क पर युवाओं रोजगार और सामाजिक न्याय जैसे मुद्दों को जोरदार तरीके से उठा रही है लोगों का मानना है कि जिन मुद्दों पर राष्ट्रीय दलों को सरकार से सवाल पूछना चाहिए उन मुद्दों पर विपक्षी दल के रूप में सपा ज्यादा सक्रिय भूमिका निभा
प्रिय छात्रों और अभिभावकगण,
जौहर यूनिवर्सिटी को बचाने की युवाओं और उनके अभिभावकों की मुहिम में, हम सब पूरी तरह से आपके साथ हैं।
बदले की भावना में जल रही भाजपा सरकार जौहर यूनिवर्सिटी को अपनी संकीर्ण राजनीति का शिकार बनाने की कोशिश न करे। इस दुर्भावनापूर्ण पक्षपाती फ़ैसले के ख़िलाफ़, हमारे साथ हमारा छोटे-से-छोटा कार्यकर्ता, समर्थक, बड़े-से-बड़ा नेता और वो सब हज़ारों बच्चे व उनके मेहनतकश माता-पिता भी हैं जिनके सपने पर बुलडोज़र चलाने की निकृष्ट कोशिश भाजपा सरकार कर रही है।
हर विश्वविद्यालय शिक्षा का मंदिर होता है, हम ‘शिक्षा के मंदिर’ को बचाने के लिए देश भर से अपील करते हैं कि वो हमारे साथ आएं। विश्वविद्यालय में हर समाज के बच्चे पढ़ते हैं, क्या भाजपा अब हर समाज के युवाओं के विरुध्द हो गई है। भाजपा का अहंकार ही ये सब गलत काम करा रहा है। अगर कहीं कुछ काग़ज़ी कमी है भी तो उसके काग़ज़ पूरे करके यूनिवर्सिटी को बचाया जाए और स्टूडेंट्स के भविष्य को भी। यहाँ ग़रीबों के बच्चे पढ़ते हैं, जिनके पास इतना पैसा नहीं होता कि वो भाजपाइयों की तरह अपने बच्चों को महँगे विश्वविद्यालय या विदेशों में पढ़ा सकें। जिनके न परिवार हैं न बच्चे,वो परिवारवालों का दर्द क्या जानें। अगर भाजपा के मन में बच्चों, युवाओं, उनके परिवार-परिजनों व समाज के लिए रत्ती भर भी सहानुभूति होती तो वो ज़ुल्म और नाइंसाफ़ी से भरी इस विध्वंसक कार्रवाई का तत्काल कोई विकल्प ढूँढती।
सच तो ये है कि भाजपा शिक्षा के ही विरुद्ध है क्योंकि शिक्षित लोग जागरूक और प्रगतिशील होते हैं , वो अन्याय के ख़िलाफ़ आवाज़ भी उठाते हैं और सवाल भी, जो दक़ियानूसी सोचवाली दमनकारी भाजपा की सत्ता को जरा भी रास नहीं आता है। इसीलिए भाजपाई और उनके संगी-साथी, गाँव-गाँव में प्राथमिक विद्यालय तथा अन्य स्थानों पर विश्वविद्यालय तक बंद करवाने की भूमिगत योजना बनाते रहते हैं। भाजपाई जानते हैं कि पढ़-लिखकर लोग नौकरी-रोज़गार माँगेंगे, जो भाजपा सरकार देना ही नहीं चाहती है। नौकरी-भर्ती भाजपा के एजेंडे में है ही नहीं। जब हमारे प्राइमरी स्कूल बंद किये गये तो हमारे सजग शुभचिंतकों ने ‘पीडीए पाठशाला’ खोलकर, भाजपाई साज़िश नाकाम कर दी थी, इसीलिए अब उनके निशाने पर यूनिवर्सिटी आ गई है।
जौहर यूनिवर्सिटी पर हो रहा ये हमला, हर समाज के विद्यार्थियों के विरुध्द भाजपाई संगी-साथियों की एक बेहद घिनौनी साज़िश है। उन अपंजीकृत लोगों के अपने सभी स्कूल-विद्यालय चल रहे हैं लेकिन दूसरों पर प्रतिशोध की भावना से एकतरफ़ा कार्रवाई का षड्यंत्र रचा जा रहा है।
अति निंदनीय!
आपका
अखिलेश
ब्रो का नाम सतीश महाना
ब्रो यूपी में कानपुर से 8 बार के विधायक है
ब्रो अभी यूपी विधानसभा के स्पीकर भी हैं।
ब्रो का कहना है कि जिन लोगों ने गलत भावना से चंदा दिया उनका पैसा चोरी हुआ है।
ब्रो जैसी सोच को देखकर और सुनकर शर्म आती है कि ये हमारे जनप्रतिनिधि हैं।
ब्रो जैसे लोग चोरों को गलत न बताकर जनता को गलत बता रहे हैं।
ब्रो जैसे लोगों से न्याय की उम्मीद करना भी बेकार है।
भगवान के नाम पर आए चढ़ावे और राम मंदिर के चंदे में हुए करोड़ों के घोटाले को छुपाने के लिए भारतीय जनता पार्टी का आईटी सेल सिर्फ एक सरनेम की आड़ में घटिया प्रोपेगेंडा चला रहा है? जब अखिलेश यादव ने चंदा चोरी का मुद्दा उठाया था, तब उन्हें 'हिंदू-विरोधी' कहा गया, लेकिन आज जब करोड़ों की चोरी पकड़ी गई है, तो बीजेपी प्रवक्ता और उनके इन्फ्लुएंसर्स रील देखकर टीनू यादव को अखिलेश यादव का रिश्तेदार बताने में जुट गए हैं। इस वीडियो में देखिए कि कैसे बीजेपी के ही मोहन यादव और भूपेंद्र यादव जैसे कद्दावर नेताओं के तर्क से इस फर्जी नैरेटिव की धज्जियां उड़ती हैं, और जानिए अविनाश शुक्ला, करुणेश पांडे और मिश्रा बंधुओं के पास से निकले करोड़ों रुपयों का वो असली सरकारी आंकड़ा, जिसे सत्ता का गोदी मीडिया आपसे छुपा
रहा है