लोकतंत्र के रक्षक ही, लोकतंत्र के हत्यारे बन गए हैं।
चुनाव आयोग की भूमिका है कि वो हर नागरिक के वोट की रक्षा करे, लेकिन वो लोगों के मताधिकार को अगवा कर रहे हैं।
पहले ये वोट चोरी करते थे, अब ये सीधे सीटों पर डाका डाल रहे हैं।
लोकतंत्र की रक्षा के लिए ये बहुत बड़ी लड़ाई है, जिसकी शुरुआत मध्य प्रदेश के भोपाल से हो गई है।
: मध्य प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष @jitupatwari जी
Legal validity of the Meenaxi Natrajan’s Nomination Paper rejection case by one of the most respected Lawyer in today’s legal profession in India Abhishek Manu Sanghvi. The decision of the Returning Officer is bad in law and absolutely partisan.1/n
A denial is not an answer.
Why are the Education Minister and CBSE unable to answer the four simple questions I have asked?
The future of 18.5 lakh students have been put in jeopardy. They deserve the truth.
भारतवर्ष में सूचना क्रांति के नायक व पंचायती राज के शिल्पकार पूर्व प्रधानमंत्री भारत रत्न राजीव गांधी जी की पुण्यतिथि पर उन्हें शत शत नमन करता हूँ। हिंदुस्तान की प्रगति और युवाओं को ताक़त देने के लिए उन्हें अनंत काल तक याद रखा जाएगा!
#RememberingRajivGandhiJi
भारतवर्ष में सूचना क्रांति के नायक व पंचायती राज के शिल्पकार पूर्व प्रधानमंत्री भारत रत्न राजीव गांधी जी की पुण्यतिथि पर उन्हें शत शत नमन करता हूँ। हिंदुस्तान की प्रगति और युवाओं को ताक़त देने के लिए उन्हें अनंत काल तक याद रखा जाएगा!
#RememberingRajivGandhiJi
आर्थिक तूफ़ान सर पर है, और हमारे प्रधानमंत्री इटली में टॉफ़ी बाँट रहे हैं!
किसान, युवा, महिलाएँ, मज़दूर और छोटे व्यापारी सब रो रहे हैं - PM हंसकर रील बना रहे हैं, और BJP वाले ताली बजा रहे हैं।
यह नेतृत्व नहीं, नौटंकी है।
केरल के मुख्यमंत्री का नाम Thursday को declare होगा।
हमारे General Secretary Communication जयराम रमेश जी ने announce किया है — यानी ठीक 9वें दिन फ़ैसला। और इसी 9 दिन पर BJP और उसका godi media इतना शोर मचा रहा है जैसे संविधान टूट गया हो।
ज़रा आँकड़े देखिए। साल 2000 के बाद से दोनों पार्टियों का record सामने रखता हूँ —
📊 Congress (22 cases since 2000)
• औसत: 5 दिन
• Median: 5 दिन
• Congress ने पूरे 22 साल में कभी भी 9 दिन से ज़्यादा नहीं लगाए
• 22 में से 14 बार 5 दिन या उससे कम में CM बिठाया
📊 BJP (30 cases since 2000)
• औसत: 7.2 दिन
• Median: 7 दिन
• सबसे लंबी देरी: 15 दिन (योगी आदित्यनाथ, उत्तर प्रदेश, 2022)
• 30 में से 13 बार 8 दिन या उससे ज़्यादा लगाए
⚡ Congress की रफ़्तार के कुछ examples
• पंजाब 2002 — अमरिंदर सिंह: 2 दिन
• हिमाचल प्रदेश 2022 — सुखविंदर सिंह सुक्खू: 3 दिन
• तेलंगाना 2023 — रेवंत रेड्डी: 4 दिन
• आंध्र प्रदेश 2004 — Y.S.R. रेड्डी: 3 दिन
🐌 BJP की देरी के record
• उत्तर प्रदेश 2022 — योगी आदित्यनाथ: 15 दिन
• उत्तराखंड 2022 — पुष्कर धामी: 13 दिन
• राजस्थान 2023 — भजन लाल शर्मा: 12 दिन
• दिल्ली 2025 — रेखा गुप्ता: 12 दिन
• मणिपुर 2022 — एन. बीरेन सिंह: 11 दिन
• अरुणाचल 2024 — पेमा खांडू: 11 दिन
और सबसे बड़ी बात — दिसंबर 2023 में राजस्थान, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ — तीन राज्यों के परिणाम एक ही दिन आए। BJP ने सिर्फ़ CM का नाम तय करने में 10 से 12 दिन लगाए। तब godi media चुप था।
🎯 Killer asymmetry: Congress ने पूरे 22 साल में कभी भी 9 दिन से ज़्यादा नहीं लगाए। BJP ने अकेले 8 अलग मामलों में 9 दिन से भी ज़्यादा वक़्त लिया है।
Congress 40% ज़्यादा तेज़ है मुख्यमंत्री बिठाने में — हर metric पर, हर तुलना में।
जो पार्टी ख़ुद 15 दिन तक मुख्यमंत्री तय नहीं कर पाई, उसे दूसरों पर सवाल उठाने का कोई हक़ नहीं बनता।
Congress का record साफ़ है — तेज़, अनुशासित, संविधान-सम्मत।
शोर BJP का है। और फ़ैसला जनता करेगी।
#Kerala #KeralaCM #Congress #INC #BJP #UDF #PoliticalAccountability
I have written to the Prime Minister recording my dissent from the CBI Director selection process.
I cannot abdicate my constitutional duty by participating in a biased exercise.
The Leader of Opposition is not a rubber stamp.
Some in the Congress, and others, are gloating about TMC’s loss.
They need to understand this clearly - the theft of Assam and Bengal’s mandate is a big step forward by the BJP in its mission to destroy Indian democracy.
Put petty politics aside. This is not about one party or another. This is about 🇮🇳.
आज का मुद्दा बहुत महत्वपूर्ण है। हम सब जानते हैं- पंजाब देश का ऐसा सूबा है, जो कि हमारी सरहद की रक्षा करता है।
पंजाब में पहले भी अलगाववादी ताकतों को बाहर से समर्थन दिया जाता था और अब एक बार फिर से अलगाववादी ताकतें सिर उठाना शुरू कर चुकी हैं।
ये ताकतें देश को तोड़ना चाहती हैं। अब वहां गैंगवार हो रहे हैं। ड्रोन से ड्रग्स पहुंचाई जा रही है। हालात 80 के दशक जैसे हो गए हैं।
इतिहास गवाह रहा है कि जब भी अलगाववादी ताकतें सामने आती हैं तो उससे पहले ड्रग्स आता है, गैंगवार होती हैं और अपराध बढ़ता है।
: कांग्रेस कोषाध्यक्ष @ajaymaken जी
📍 दिल्ली
पंजाब की अलगाववादी ताकतें कहती हैं कि उनके लोगों को सुना नहीं जाता, उन्हें न्याय नहीं मिलता।
आज BJP ने ठीक वही किया है, जो अलगाववादी ताकतें सिद्ध करना चाहती हैं।
⦿ 2022 के पंजाब चुनाव में BJP को 6.6% वोट मिले थे, मतलब 117 में से उनके सिर्फ 2 विधायक थे
⦿ हमारे संविधान में राज्यसभा को काउंसिल ऑफ स्टेट्स कहा जाता है, क्योंकि राज्यों से विधायक अपने प्रतिनिधि चुनकर राज्यसभा में भेजते हैं
⦿ मतलब जिस अनुपात में लोगों ने वोट दिया होता है, उसी अनुपात में राज्यसभा में सांसद पहुंचते हैं
⦿ ऐसे में जिस राज्य में BJP को 6.6% वोट मिले थे, अब उन्हें राज्यसभा में 85.7% प्रतिनिधित्व मिल गया है। यानी पंजाब के अंदर 7 में से 6 सांसद BJP के हैं
नरेंद्र मोदी और BJP के नेता ये बात पंजाब की जनता को कैसे समझाएंगे?
: कांग्रेस कोषाध्यक्ष @ajaymaken जी
📍 दिल्ली