कांग्रेस पार्टी और NSUI देशभर में वोट चोरी के खिलाफ लड़ाई लड़ रही है और धरना प्रदर्शन कर रही है एवं मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग कर रही है किंतु @NSUI_BHU काशी हिंदू विश्वविद्यालय के मुख्य आरक्षाधिकारी को बर्खास्त करवाने हेतु पर्चा वितरण कर रही है,ऐसा क्यो?
अखिलेश –– बेटा, तुम्हारा नाम क्या है?
पत्रकार –– ज्ञानेंद्र
अखिलेश –– कौन सा चैनल?
पत्रकार –– ज़ी न्यूज़
अखिलेश –– "ज़ी न्यूज़ तो BJP के हाथों बिका हुआ है" 😂
गोदी मीडिया की उनसे बेहतर खिंचाई कोई नहीं कर सकता 🔥
जननेता श्री @RahulGandhi जी को जन्मदिन की बहुत बधाई |
स्थिर, सटीक और संयमित होकर भारत की आत्मा और असंख्य कमजोर तबकों की आवाज मजबूती से उठाते रहिए, इसकी शुभकामनाएं 🫶🏻
#राहुल_गांधी
आज NSUI के सैकड़ों कार्यकर्ताओं और विद्यार्थियों के साथ दिल्ली स्थित CBSE मुख्यालय पर OSM evaluation system के खिलाफ प्रदर्शन किया।
छात्रों के भविष्य के साथ हो रहे अन्याय को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। हमारी मांग है कि OSM प्रणाली को तुरंत समाप्त कर निष्पक्ष व पारदर्शी पुनर्मूल्यांकन प्रक्रिया लागू की जाए और OSM प्रणाली से जुड़े टेंडरों में जिम्मेदार लोगों की निष्पक्ष जांच कर कार्रवाई की जाए।
#NEET, SSC GD और अब CBSE—हर बार छात्रों को ही नुकसान क्यों?
शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान इस्तीफा दें और शिक्षा व्यवस्था में लगातार हो रही विफलताओं की जिम्मेदारी लें ।
NSUI छात्रों के अधिकारों और उनके भविष्य की रक्षा के लिए संघर्ष जारी रखेगी।
📍 CBSE मुख्यालय घेराव, दिल्ली
#CBSE #StudentsDeserveJustice #SaveStudentsFuture #NSUI #StudentRights
📍CBSE Headquarters Gherao | NSUI
Under the leadership of NSUI National President Shri Vinod Jakhar Ji, hundreds of students and NSUI activists gathered at the CBSE Headquarters, Patparganj, to raise their voice against the flawed OSM evaluation system and wrong marking practices that have jeopardized the future of thousands of students.
Students demanded:
❌ End to the opaque OSM system
❌ Accountability for evaluation discrepancies
❌ Fair and transparent re-evaluation process
❌ Protection of students' academic future
The message from students was clear: Our future is not a file. Our hard work cannot be ignored.
NSUI will continue to fight until every affected student receives justice and CBSE is held accountable for its failures.
✊ Students United. Voices Unstoppable. Justice Non-Negotiable.
#NSUI #VinodJakhar #CBSEHeadquartersGherao
आज CBSE मुख्यालय के बाहर सैकड़ों NSUI कार्यकर्ताओं और विद्यार्थियों के साथ OSM Evaluation System के खिलाफ़ सांकेतिक विरोध प्रदर्शन किया।
जिस प्रकार छात्र-छात्राओं को प्रयोगशाला के पिंजरे में बंद चूहों की तरह समझकर बिना किसी पर्याप्त तैयारी के OSM Evaluation System थोपा गया है, वह शिक्षा व्यवस्था के प्रति सरकार की असंवेदनशीलता को दर्शाता है।
इस मूल्यांकन प्रणाली के लागू होने के बाद कॉपियों की जांच में भारी अनियमितताओं और त्रुटियों की शिकायतें सामने आ रही हैं। विद्यार्थियों के भविष्य के साथ खिलवाड़ किया जा रहा है, लेकिन सरकार और #CBSE प्रशासन जवाबदेही से बच रहे हैं।
एक भ्रष्ट एजेंसी को इसका टेंडर दिया गया है इससे साफ़ ज़ाहिर होती है की शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस भ्रष्ट एजेंसी से तार जुड़े हुए हैं ।
हम मांग करते है कि इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच हो, OSM Evaluation System को तत्काल प्रभाव से वापस लिया जाए और शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान इस्तीफ़ा दे ।
📍 CBSE मुख्यालय घेराव, दिल्ली
#OSMScam #StudentsDeserveJustice
#ModiWeakPaperLeak
#NTABan 22 लाख छात्रों के भविष्य की आवाज़ है।
NEET छात्रों की साफ़ माँगें:
✊ NTA भंग करो
✊ शिक्षा मंत्री इस्तीफ़ा दें
✊ सुप्रीम कोर्ट की निगरानी में CBI जाँच हो
✊ छात्रों को मेंटल हेल्थ सपोर्ट मिले
✊ फ्री लीगल ऐड मिले
✊ आर्थिक मुआवज़ा और वित्तीय सहायता दी जाए
📞 Toll Free: 9268030030
"सवालों से डर लगता है तो हुकूमत छोड़ दो,
छात्रों को कैद करना ये कौन सा लोकतंत्र है?"
बनारस में NSUI साथियों की अवैध नज़रबंदी सरकार की घबराहट का सबूत है। हम न रुकेंगे, न थकेंगे, सवाल पूछते रहेंगे! ✊
@myogiadityanath@narendramodi@nsui@AmitShah
बनारस में PM के दौरे पर NSUI के साथियों की नज़रबंदी शर्मनाक है। क्या हॉस्टल को जेल बनाना ही "Mother of Democracy" है?
सत्ता अब संवाद से नहीं, डर से चल रही है। रोहित, अमन और मुरारी की आवाज़ दबाने वाली सरकार डरपोक है। आवाज़ें कैद हो सकती हैं, पर क्रांति नहीं।
@VinodJakharIN@nsui
शैक्षणिक संस्थानों में RSS के कार्यक्रम करवाएंगें।
कुलपति व HOD की नियुक्तियां नागपुर से करेंगें।
भाजपा के हर कार्यक्रम से पहले NSUI सदस्यों को गिरफ्तार कर लेंगें। भाजपा की तानाशाही चरम पर है। पर किसी दमनकारी नीति से छात्रों की आवाज दबाई नहीं जा सकती है।
विश्वविद्यालय की छात्राओं से जुड़े जरूरी सवाल जैसे महिला छात्रावासों में साइबर लाइब्रेरी जैसी सुविधाओं की व्यवस्था की मांग उठाने पर शोध छात्र राणा रोहित, NSUI BHU के महासचिव अमन कुमार और मुरारी यादव जैसे छात्रों को पूरी थाने भेजकर हाउस अरेस्ट करना लोकतांत्रिक मूल्यों के खिलाफ है।
बनारस में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आगमन के दौरान NSUI के साथियों रोहित, अमन रॉय, मुरारी कुमार सहित कई छात्रों को उनके ही हॉस्टल कमरों में नजरबंद कर दिया गया।
क्या अब छात्रों की आवाज़ भी सत्ता के लिए खतरा बन गई है? लोकतंत्र में सवाल पूछना अपराध कब से हो गया?
यह कार्रवाई साफ दिखाती है कि मोदी सरकार संवाद से नहीं, डर से काम कर रही है।