कई गद्दार वफाओं का लिबास ओढे हुये है,
बन नही पाये सगे तो लिये हथियार बैठे है॥
ये नयी ठोकर भली है’ हकीकत से रुबरू हुये,
अपना लहू जिन्हे समझा’ वो मक्कार बैठे है ॥
खामोश मुझे पाकर जो सारे जश्न मे डूबे है,
मिटाने को उन्हे जड से तैयार हम भी बैठे है ॥
@VivekGa54515036 Bas wesi wesi ldkiya dusro ke kapde sense pe ,yadi aap single kahi chl rhi ho to , aap stylisht me na rhte ho to ...ye sab majak udane me kafi tez rhti h..bhale hi apne....🤣🤣