मात्र सवाल पूछने पर लखनऊ पुलिस शोषित वंचित समाज के पत्रकार #SatyaPrakashBharti को प्रताड़ित करने, अवैध हिरासत में लेकर पिटना, मोबाईल फार्मेट करना और तबियत खराब होने पर शांतिभंग का चालान कर छोड़ना अफसरों की तानाशाही को बताती है और साथ ही ये भी बताती कि सरकार दलित विरोधी है।