पांचना बांध की नहरों में सिंचाई हेतु पानी छोड़े जाने का विषय पिछले लगभग दो दशकों से विवाद और गतिरोध का कारण बना हुआ था।माननीय न्यायालय द्वारा समय-समय पर दिए गए आदेशों के बावजूद इसका स्थायी समाधान नहीं हो पाया, जिससे क्षेत्र के किसानों को लंबे समय तक परेशानी का सामना करना पड़ा 1/5
*पिछले 5 दशकों से जनता का अटूट विश्वास,*
*संघर्ष से जनसेवा तक का प्रेरणादायक सफर।*
गरीब, किसान, मजदूर, युवा और वंचित वर्ग की आवाज़ को लगातार बुलंद करने वाले जननेता।
“जनता का विश्वास ही सबसे बड़ी ताकत है।”
- डॉ किरोड़ी लाल मीणा @DrKirodilalBJP
पद जाने के डर से @GovindDotasra अनर्गल बातें कर रहा है जिस @ashokgehlot51 की सरकार ने मारपीट कपडे फाड दिए थे , मुकदमों से कभी नहीं डरे वो @DrKirodilalBJP लाल है।।
धन्यवाद दिलावर जी
आज जयपुर में राजस्थान के कृषि मंत्री श्री किरोड़ी लाल मीणा जी से मुलाकात की। उन्हें विधानसभा क्षेत्र सादुलपुर के सिधमुख में चने की तुलाई के प्रकरण (घोटाले/मामले) के बारे में विस्तार से समझाया। मामले की गंभीरता को जानकर उन्होंने गहरा दुख व्यक्त किया और कहा कि किसानों के साथ ऐसा अन्याय बिल्कुल बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। मंत्री जी ने तुरंत संज्ञान लेते हुए सहकारिता मंत्री श्री गौतम दक जी से फोन पर बात की और मेरी भी उनसे बात करवाई। सहकारिता मंत्री जी ने पूरा भरोसा दिलाया है कि इस मामले के आरोपियों के खिलाफ जल्द से जल्द कड़ी कार्रवाई होगी और उन्हें गिरफ्तार किया जाएगा।
किसानों के न्याय के लिए हमारी लड़ाई जारी रहेगी। @DrKirodilalBJP@DakMla
आज भी उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश के मीणाओं को अनुसूचित जनजाति (एसटी) का आरक्षण प्राप्त नहीं है, राजस्थान में मीणाओं को एसटी का आरक्षण कैप्टन छुट्टन लाल जी की देन है.!
@NareshMeena__
दबंग थानेदार के नाम से प्रसिद्ध रामस्वरूप मीणा थानाधिकारी रेलवे कॉलोनी कोटा शहर को ZEE RAJSTHAN व मुख्य अतिथि गृह राज्य मंत्री श्री जवाहर सिंह बेडम द्वारा उत्कर्ष कार्य के लिए जयपुर में सम्मानित होने पर बहुत बहुत बधाई और शुभकामनाएं 💐
Miss World Championship 2025
जब कोई बेटी अपनी संस्कृति को ओढ़कर मंच पर उतरती है, तो सिर्फ़ सौंदर्य नहीं, एक पूरी सभ्यता झलकती है।
गर्व है नंदिनी गुप्ता पर, जय हिंद!
यह हैं गुदड़ी के लाल..!
UPSC में शिखा सिंह की 113वीं रैंक आई है। पिता इंटर कॉलेज में चपरासी हैं। दादा भी चपरासी रहे। परिवार की तीसरी पीढ़ी (पोती) अफसर बनी तो दादा रोने लगे.. बुलंदशहर!!