वर्ष 2014-15 से 2025-26 तक,मोदी सरकार के कार्यकाल में बड़े उद्योगपतियों के ₹7.75 लाख करोड़ के ऋण बट्टे खाते में डाले गए मगर सरकार जनता को उन कॉर्पोरेट घरानों के नाम तक बताने को तैयार नहीं है, आज लोक सभा में मेरे एक प्रश्न का लिखित जवाब देते हुए भारत सरकार के वित्त राज्य मंत्री श्री पंकज चौधरी ने यह स्वीकार किया है कि वर्ष 2014-15 से 2025-26 के बीच सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों ने बड़े उद्योगों एवं सेवा क्षेत्र से जुड़े उधारकर्ताओं के ₹7.75 लाख करोड़ से अधिक ऋण बट्टे खाते (राइट-ऑफ) में डाल दिए हैं, जबकि इसी अवधि में मात्र लगभग ₹3.10 लाख करोड़ की राशि वसूली हो सकी है। यह आंकड़ा देश की बैंकिंग व्यवस्था और सरकार की आर्थिक नीतियों पर गंभीर प्रश्नचिन्ह खड़ा करता है। एक तरफ किसान, युवा, छोटे व्यापारी और मध्यम वर्ग कुछ हजार या लाख रुपये के ऋण के लिए बैंक नोटिस, कुर्की और कानूनी कार्रवाई का सामना करते हैं, वहीं दूसरी ओर बड़े कॉरपोरेट घरानों के लाखों करोड़ रुपये के ऋण बट्टे खाते में डाल दिए जाते हैं |
सरकार ने सदन में यह भी स्वीकार किया है कि 31 मार्च 2026 तक ₹100 करोड़ या उससे अधिक के बट्टे खाते वाले 1,249 बड़े उधारकर्ता हैं, जिनसे संबंधित कुल राशि ₹4.19 लाख करोड़ है। इसके बावजूद सरकार इन उधारकर्ताओं और कंपनियों के नाम सार्वजनिक करने को तैयार नहीं है |
यह बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है कि जिन बैंकों में देश की जनता अपनी मेहनत की कमाई जमा करती है, उन्हीं बैंकों के हजारों करोड़ रुपये डूबने के बावजूद सरकार पारदर्शिता बरतने को तैयार नहीं है। सरकार ने संसद में स्पष्ट रूप से इन कंपनियों के नाम बताने से इनकार कर दिया और गोपनीयता का हवाला देकर मामले को छिपाने का प्रयास किया।
यदि कोई किसान फसल खराब होने पर अपना ऋण नहीं चुका पाता तो उसे डिफॉल्टर घोषित कर दिया जाता है, लेकिन हजारों करोड़ रुपये के कॉरपोरेट ऋणों के मामले में सरकार और बैंक नरम रुख अपनाते दिखाई देते हैं। यह आर्थिक न्याय और समानता के सिद्धांतों के विपरीत है ।
देश की जनता को यह जानने का पूरा अधिकार है कि आखिर किन बड़े उद्योगपतियों और कंपनियों के लाखों करोड़ रुपये बैंकों के बट्टे खाते में डाले गए हैं।
मेरा सरकार से प्रश्न है कि जब किसानों, युवाओं और आम नागरिकों के मामलों में पूरी पारदर्शिता दिखाई जाती है तो बड़े कॉरपोरेट ऋणों के मामले में गोपनीयता का पर्दा क्यों डाला जा रहा है?
#ParliamentSession #MPNagaur #RLP
ज़ुल्म जब भी हद से आगे बढ़ने लगता है,
वहीं से बदलाव का सूरज निकलने लगता है।
आज जंतर-मंतर पर बच्चों और बच्चियों के साथ जिस प्रकार का बर्बरतापूर्ण व्यवहार किया गया, उसने मन को गहराई तक झकझोर दिया। मैंने जलियांवाला बाग का वह दौर नहीं देखा, लेकिन आज जो दृश्य सामने आए, उन्होंने इतिहास के उस काले अध्याय की याद अवश्य दिला दी।
लोकतंत्र में अपनी बात शांतिपूर्ण ढंग से रखना हर नागरिक का संवैधानिक अधिकार है। यदि उस अधिकार का उत्तर बल प्रयोग से दिया जाए, तो यह केवल कुछ लोगों पर नहीं, बल्कि लोकतांत्रिक मूल्यों पर भी आघात है।
इसी पीड़ा और लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा के संकल्प के साथ, आज से मैं संसद भवन परिसर में परम पूज्य बाबा साहेब की प्रतिमा के नीचे धरने पर बैठ रहा हूँ। जब तक न्याय सुनिश्चित नहीं होता और इस घटना के लिए जिम्मेदार लोगों के विरुद्ध उचित कार्रवाई नहीं होती, मेरा यह शांतिपूर्ण लोकतांत्रिक संघर्ष जारी रहेगा।
जहाँ संविधान की शपथ ली, आज वहीं संविधान का सम्मान बचाने बैठा हूँ।
मासूमों पर हुए अत्याचार के विरुद्ध अपना कर्तव्य निभा रहा हूँ।
जय भीम, जय भारत।
#संसद_मार्च#जंतर_मंत्र
आज दिल्ली के जंतर-मंतर पर छात्रों के खिलाफ हुए लाठीचार्ज के विरोध में, भारी बारिश के बीच नगीना से सांसद चन्द्रशेखर आज़ाद @BhimArmyChief संसद परिसर में धरने पर बैठे हैं।
सवाल यह है कि इस मुद्दे पर बाकी विपक्ष की आवाज़ इतनी कमज़ोर क्यों दिखाई दे रही है?
अगर लोकतांत्रिक तरीके से विरोध कर रहे छात्रों के साथ हुई कार्रवाई पर संसद में जवाबदेही नहीं तय होगी, तो इससे सरकार की कार्यशैली पर और गंभीर सवाल उठेंगे।
अपनी पार्टी के अकेले सांसद होने के बावजूद चन्द्रशेखर आज़ाद इस मुद्दे पर खुलकर अपनी बात रख रहे हैं। लोकतंत्र में सत्ता से सवाल पूछना और जनता के मुद्दों को उठाना विपक्ष की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी है।
आज देश की राजधानी दिल्ली में लोकतांत्रिक रूप से अपनी आवाज़ बुलंद कर रहे छात्रों व छात्राओं पर पुलिस द्वारा किया गया लाठीचार्ज बेहद निंदनीय और लोकतांत्रिक मूल्यों के विरुद्ध है। राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी इस बर्बर कार्रवाई की कड़े शब्दों में निंदा करती है।
देश का युवा अपने भविष्य, पारदर्शी भर्ती व्यवस्था और शिक्षा व्यवस्था में जवाबदेही की मांग कर रहा है। यदि सरकार युवाओं की आवाज़ सुनने के बजाय दमन का रास्ता अपनाएगी, तो यह लोकतंत्र के लिए गंभीर चिंता का विषय है। सत्ता के इशारों पर लाठियां चलाकर जनआक्रोश को दबाया नहीं जा सकता।
सरकार को चाहिए कि शिक्षा मंत्री की जवाबदेही तय करे, युवाओं की मांगों पर तत्काल संवाद शुरू करे और सिस्टम में बैठे दोषियों के विरुद्ध प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करे।
यदि समय रहते सरकार ने युवाओं की पीड़ा को नहीं समझा, तो देशभर में जनआक्रोश और व्यापक लोकतांत्रिक आंदोलन खड़ा होना तय है।
#संसद_मार्च
आज शाम को दिल्ली के जंतर-मंतर पर जारी जनआंदोलन में सम्मिलित हुआ |
मैं भारत सरकार को कहना चाहता हूं कि जनता के अधिकारों, युवाओं, किसानों, कर्मचारियों और आम नागरिकों से जुड़े मुद्दों पर लोकतांत्रिक तरीके से संघर्ष करने वालों की आवाज़ को दबाया नहीं जा सकता।
मैं सदैव जनहित के हर संघर्ष में जनता के साथ खड़ा रहा हूँ और आगे भी अन्याय के विरुद्ध तथा आमजन के अधिकारों की रक्षा के लिए पूरी मजबूती से आवाज़ उठाता रहूँगा।
दिल्ली के जंतर-मंतर पर जायज मांगों को लेकर प्रदर्शन कर रहे युवाओं और आंदोलनकारियों पर पुलिस द्वारा बल प्रयोग और लाठीचार्ज किया जाना बेहद निंदनीय एवं लोकतांत्रिक मूल्यों के विरुद्ध है।
लोकतंत्र में अपनी बात रखना हर नागरिक का संवैधानिक अधिकार है। सरकार यदि युवाओं की आवाज़ सुनने के बजाय उन्हें डंडे के बल पर दबाने का प्रयास करेगी, तो यह लोकतंत्र की भावना के साथ अन्याय होगा।
हम सारे कॉकरोचों ने मिलकर अपना विज़न तैयार कर लिया है।
अगर सरकार होश में नहीं आई तो वो सोच नहीं सकती कि हम काकरोच मिलकर क्या कर सकते हैं।
अब हम सारे काकरोच मिलकर खुद एक दूसरे के मुद्दे उठाएंगे।
जुड़िए और संगठन को मजबूत शक्ति प्रदान करिए ✊✊
आज नागौर आवास पर सरदारशहर के पूर्व उप -प्रधान,प्रदेश कांग्रेस कमेटी के सदस्य व वरिष्ठ कांग्रेसी नेता श्री ताराचंद जी सारण के साथ सरदारशहर विधानसभा के श्री राजूराम नाई,श्री लालचंद स्वामी, श्री राजकुमार सैनी,श्री नरेश कुमार गोस्वामी, श्री अरविंद बरोड,श्री जयपाल बाना,श्री लीलाधर बोहरा, श्री देवीलाल डूडी,श्री पप्पू मीणा आदि ने राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी परिवार की सदस्यता ली | इस अवसर पर चुरु जिले से पार्टी के प्रभारी श्री मदनलाल ढाका, बीकानेर जिले से RLP परिवार के सदस्य श्री दानाराम गिटाला,श्री विजयपाल बेनीवाल,श्री राकेश, श्री सांवरमल जाखड़,श्री रामकरण, श्री महावीर बेनीवाल,श्री गजानंद आदि लोग मौजूद रहे |
आज जयपुर स्थित राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी कार्यालय पर आरएलपी सुप्रीमो एवं नागौर सांसद माननीय हनुमान बेनीवाल जी से मुलाकात की।
@hanumanbeniwal@RLPINDIAorg@Rukamal4
कल करनाल ( हरियाणा) में श्री राजेंद्र जी नरवाल के निवास पर जाना हुआ ,जहां नरवाल परिवार व उपस्थित युवा साथियों ने स्वागत किया,मैने मीडिया के साथियों से भी बातचीत की |
इस अवसर पर श्री अंकित नरवाल, श्री सुधीर मलिक,हैप्पी सहरावत,कबीर कल्याण,अजय नैन ,आर्यन , हिमांशु कल्याण,देवेंद्र कल्याण आदि मौजूद रहे |