#goodnight
आँखों में समाती तेरी मुस्कान नूरानी
बोले बिना भी कहती प्यार की ये कहानी
दुनिया सारी भुलाकर बस तेरा नाम लूँ
तेरे संग जीना चाहूँ, तेरे संग मर जाना
#सतरंगी🪅
#goodnight
आँखों में समाती तेरी मुस्कान नूरानी
बोले बिना भी कहती प्यार की ये कहानी
दुनिया सारी भुलाकर बस तेरा नाम लूँ
तेरे संग जीना चाहूँ, तेरे संग मर जाना
#सतरंगी🪅
मेरी सखी तुम तो कमाल करती हो
फूल हो कांटों पर किताब लिखती हो
हम भी तुम्हारा सब्र आजमाते हैं
देखते हैं कभी हम याद आते हैं
जिस्म को छूने की कहा जरूरत है
शायर हैं यार लफ़्ज़ों से चूम लेते हैं
#satydhriti#मेरी_सखी
बारिश की एक बूँद भी अब
तेरे बिना गिरती नहीं लगती
वो खिड़की पर आकर रुक जाती है
जैसे कह रही हो सुनो...
अंदर जा, वो अकेला बैठा है
उसे और मत सताओ
मैंने तेरी आवाज़ को
अपने कानों में बंद कर रखा है
हर बार जब सन्नाटा बहुत ज़्यादा हो जाता है
तो बस वही पुरानी रिकॉर्डिंग चला लेता हूँ
"हाय… क्या कर रहा है?
और फिर खुद ही जवाब देता हूँ—
बस… मर रहा हूँ थोड़ा-थोड़ा तेरे जाने के बाद
घड़ी की सुईयाँ भी धीमी हो गई हैं
हर टिक-टिक में तेरा नाम गूँजता है
पर अब वो नाम मेरे होंठों तक नहीं पहुँच पाता
क्योंकि जीभ पर जहर-सा छा गया है
कभी-कभी रात के तीन बजे
तकिए को गले लगाकर रोता हूँ
और सोचता हूँ—शायद तू भी कहीं दूर
इसी तकिए को पकड़े बैठी हो
पर मेरे नाम की जगह
किसी और का नाम पुकार रही हो
विरह अब सिर्फ़ दर्द नहीं रहा
ये एक पुरानी आदत बन गया है
सुबह उठते ही सबसे पहले
तेरी याद को छूता हूँ जैसे कोई ज़ख्म
जिसे छूने से दर्द होता है
पर छोड़ भी नहीं पाता
अब तो बस इतना कहूँगा
कि अगर कभी लौटना
हो तो मत लौटना
क्योंकि ये दिल अब टूट-टूटकर भी
तेरे बिना जीने की कसम खा चुका है
पर रातें…
रातें अभी भी धोखा देती हैं
और हर बार सपने में
तुझे मेरे बगल में लिटा देती हैं
फिर सुबह होती है
और सब कुछ फिर से खाली…
बस तेरी खुशबू का एक धागा
हवा में लटका रह जाता है
कितना दर्द है ना…
फिर भी जी रहे हैं
तेरे विरह में डूबे हुए...✍️
#गुमनाम_शायरा ✍️
#बज़्म
हरे भरे बागानों से निकल कर ये चली...
मिट्टियों से गाढ़ा रंग और फिजाओं से ज़ायका उठाकर ये चली....
बहारों से ताजगी ले उधर महकने ये चली...
दूधो में नहा कर फूलने फलने ये चली...
मुहब्बत की आंच पे उबालकर
अपने आशिक से मिलने " चाय" चली...🌿☕
#chailovers#बज़्म#monsoonluv