कुछ लोग पूछ रहे हैं कि PhysicsWallah के अलख पांडे कहां हैं जो अंजना ओम कश्यप को अब तक ज़वाब नहीं दिए हैं जबकि उन्हें भी Youtube से ही पहचान मिली है
तो उन्हें पता होना चाहिए कि Alakh Pandey अब एक बड़ा कोचिंग सेक्टर के बड़े बिजनेसमैन बन चुके हैं, वो सत्ता के दरबारी पत्रकार के ख़िलाफ़ नहीं जा सकते हैं, जैसे ही जाएंगे ED का रथ physics Wallah की तरफ़ मुड़ जाएगा.
धंधा करने वाले सत्ता से कभी मतभेद नहीं रखते हैं... सत्ता से मतभेद क्रांतिकारी लोग रखते हैं.
>मान लिया कि वो टीचर नहीं बिजनेस मैन हैं,
>मान लिया कि वो पैसों के लिए पढ़ाते हैं,
>मान लिया के उन टीचर्स में कुछ कोचिंग माफिया भी हैं,
लेकिन तुम क्या हो?
>तुम्हारे अंदर कौन से गुण मीडिया के हैं,
>अंतिम समय कब जनता की आवाज उठाई थी
>रातों दिन बस सरकार की गुलामी करते हो
>रुपया गिरने का फायदा बताते हो
>मंहगाई के फायदे बताते हो
>टैरिफ में तुम्हारा मुंह नहीं खुलता
>NEET पेपर लीक में तुम्हारा मुंह नहीं खुलता
>भ्रष्टाचार के लिए अंतिम बार कब डिबेट हुई थी?
>बेरोजगारी के लिए कब डिबेट हुई थी?
>लोगों के स्वास्थ्य के लिए कब डिबेट हुई थी?
>बढ़ते प्रदूषण के लिए कब डिबेट हुई थी?
तुमसे अच्छे 499 रुपए लेकर गरीब बच्चों को पढ़ाने वाले टीचर्स हैं।
बेशर्मों
@Shubhamshuklamp शुभम भाई मैं तो आपको समझदार समझता था,
किस शिक्षक की भाषा उन संज्ञाओं पर जो अपने गढ़ी है अपने ट्वीट में? शिक्षा 2 कौड़ी की है?
मतलब पत्रकारिता का अब यही स्तर रह गया है,
जिस शिक्षका के बदौलत उसको ये हिम्मत मिल रही कि ये कहने की कि शिक्षा 2 कौड़ी की है?
चश्मा उतारिए अत्यंत जरूरी है!
डाली पर लगे सूखे गात की
तरह मैं
खिल उठती हूँ
जब जब तू बहता है हवा
बनकर फ़िज़ाओ में
जब घुल जाता है तेरा प्रेम
मेरे काया में प्राण बनकर
मैं निष्प्राण देह से परिवर्तित हो जाती हूँ
एक प्रेमिका में !🤍
#बज़्म#बर्फ़ी
ॐ वीर हनुमते रक्षां कुरु दैव शक्तिं देहि सर्वदा।
भक्तानां हृदयं प्रकाशय, संकट हर यदि व्रजसि मा।
श्री हनुमान जी की उपासना शक्ति, बुद्धि और साहस देती है।जो भी सच्चे मन से उनका नाम जपता है, उसे निर्भयता और बल की प्राप्ति होती है।
जय श्री राम
जय श्री हनुमान 🙏🙏🙏
वीर बाल दिवस - साहस और बलिदान की अमर गाथा 🙏🚩
धर्म की रक्षा हेतु अपना बलिदान देने वाले वीर साहिबजादे बाबा जोरावर सिंह और बाबा फतेह सिंह जी के बलिदान दिवस पर उन्हें सादर नमन। 🙏🚩
#VeerBalDiwas