1947 में पाकिस्तान में अल्पसंख्यक 23% थे जो आज घटकर बस 3% रह ग�� हैं. एक वक़्त मुहम्मद अली जिन्ना ये कहते नह���ं थकते थे कि वो एक ऐसा मुल्क बनाना चाहते हैं जहाँ सभी धर्मों के लोग अमन चैन से रह सकें पर मज़हबी उन्माद ने इस मुल्क का बेड़ा ग़र्क कर दिया. ये पूरी दुनिया के लिए एक सबक़ है
यही तो हिंदुस्तान है 💕 जब आमने सामने थे मुहर्रम का जुलूस और गणपति विसर्जन की यात्रा...ये तस्वीर तो तेलंगाना की है लेकिन दिख रही है हमारे मुल्क ताक़त भी..बस इस भाईचारे को कभी नफ़रत के सौदागरों की बुरी नज़र न लगे, जय हिंद 👍🇮🇳���