सर, आपकी बात से मैं सहमत हूँ। लेकिन एक बात और भी समझना जरूरी है कि आम आदमी की भी इज्जत और सम्मान होता है।
अगर किसी पुलिसकर्मी द्वारा सबके सामने किसी आम व्यक्ति को थप्पड़ मारा जाता है, तो सजा चाहे 2 साल की हो या 10 साल की, उस व्यक्ति की सामाजिक प्रतिष्ठा और आत्मसम्मान को जो ठेस पहुंचती है, उसका दर्द अलग होता है।
नरेश भाई, किरोड़ी बाबा को बदनाम करने की जितनी कोशिश करोगे,
उतना ही नुकसान आपका होगा…बाबा के खिलाफ बोलने से बाबा कमजोर नहीं होंगे।
और समाज के इतने बड़े नेता को सीधे “किरोड़ी लाल” बोलना भी आपकी सोच दिखाता है।
मतभेद रखो, राजनीति करो, लेकिन सम्मान तो दे ही सकते हो।
लाठियों से जिस्म टूटता है, आवाज़ नहीं।
जिस्म से खून बहता है, जान नहीं।
तुम जितनी लाठियाँ चला सकते हो चलाओ,
हम बार-बार लाठियाँ खाने आएँगे।
तुम करो गुलामी वर्दी में,
हम बिना वर्दी पहने इस देश को बचाएँगे।
आज दिल्ली पुलिस ने मेरे और मेरे NSUI साथियों के साथ जिस तरह की बर्बरता की, वह बेहद शर्मनाक है। हम पुलिस की लाठियों से डरने वाले नहीं हैं। ज्ञानेश कुमार का इस्तीफ़ा होने तक संघर्ष जारी रहेगा।
कलाम इंस्टीट्यूट जयपुर
टीचर : कलाम इस स्टूडेंट का बलिदान मांगता है और स्टूडेंट के लात मारकर पीटना शुरू कर देता है बहुत थप्पड़ मारे।
#कलाम_कोचिंग_माफी_मागों
जय हो! 🇮🇳
भारतीय क्रिकेट टीम ने एशियाई खेल 2026 में गोल्ड मेडल जीत लिया है🥇
फाइनल में भारत ने पाकिस्तान को 19 रन से हराकर गोल्ड अपने नाम कर लिया।
पूरे देश को उनकी यह जीत मुबारक हो 🇮🇳
क्षत्रिय लोग अब ब्राह्मणों से धीरे धीरे अलग हो रहें हैं, 🔥
क्षत्रिय कह रहे हैं, सड़क पर हम उतरे, लाठी खाए हम, बच्चे मरे हमारे, आंदोलन करे हम और मजा मंदिर में बैठने वाले मारे, यह नहीं चलेगा, 😂😂
यह बात तो सही है क्षत्रियों का तगड़ा काट रहे हैं मंदिर वाले।
माननीया बहिन जी द्वारा आज की प्रेस कॉन्फ्रेंस में चुनाव आयोग, EVM और नगीना लोकसभा चुनाव के संबंध में मेरे बारे में कही गई बातों को मैंने सुना।
खैर, बहनजी का लिखित प्रेस नोट कहीं से भी लिखकर आया हो, लेकिन मुझे खुशी इस बात की है कि जो लोग कभी कहते थे, “कौन चंद्रशेखर?”, उन्हें इस देश की जनता ने बता दिया कि हमारे लिए लड़ने वाला, सड़क पर संघर्ष करने वाला चंद्रशेखर कौन है।
मुझे खुशी है कि अब माननीया बहनजी ने यह मान लिया है कि आजाद समाज पार्टी (कांशीराम) एक बड़ी ताकत बन गई है।
माननीया बहिन जी के प्रति मेरे मन में सदैव सम्मान रहा है। उसी सम्मान के साथ उनसे कहना चाहता हूं कि
नगीना की जनता ने 2024 के लोकसभा चुनाव में मुझे 5,12,552 वोट देकर अपना प्रतिनिधि चुना। मेरे लिए यह केवल चुनावी जीत नहीं, बल्कि नगीना की जनता के भरोसे और प्रेम की जिम्मेदारी है। इस जनादेश के लिए मैं नगीना की जनता का सदैव ऋणी रहूंगा।
चुनाव प्रक्रिया और EVM की पारदर्शिता को लेकर सवाल उठाना लोकतंत्र में सभी का अधिकार है। मैं स्वयं भी चुनाव प्रक्रिया में अधिकतम पारदर्शिता और मतपत्र से चुनाव की मांग करता रहा हूं। लेकिन नगीना की महान जनता ने जिस प्रेम और विश्वास के साथ मुझे अपना प्रतिनिधि चुना, उस जनादेश को किसी षड्यंत्र से जोड़ने से उन लाखों मतदाताओं की भावना भी आहत होती है, जिन्होंने अपने विवेक से मतदान किया।
मेरी राजनीति किसी व्यक्ति के विरोध पर नहीं, बल्कि बहुजन समाज के सम्मान, सामाजिक न्याय और संविधान की रक्षा के संघर्ष पर आधारित है। मतभेद हो सकते हैं, लेकिन बहुजन समाज के बीच संवाद, सम्मान और भाईचारा बना रहना चाहिए।
माननीय बहिन जी के प्रति मेरा सम्मान कल भी था, आज भी है और आगे भी सदैव रहेगा। आपके आशीर्वाद की प्रतीक्षा हमेशा रहेगी।
बस अंत में इतना कहना चाहता हूं कि माननीया बहिन जी आपके आशीर्वाद से हमारी पार्टी का नाम आजाद समाज पार्टी (कांशीराम) है, आजाद समाजवादी पार्टी नहीं।
सादर जय भीम! जय भारत!
इस movie ने चाहे कमाई में कितने ही record तोड़ दिये हो पर..
आप इसको ध्यान से देखोगे तो आप को कुछ चीजें नजर आएगी ।
इस सीन की शुरूआत में देखो कैसे?..... अधिकपढ़े 1/2
समाज बदल रहा हैं और ये बदलाव प्यार से शुरू होता है
ब्राह्मण लड़की 'देवांशी शर्मा' और मीणा लड़का 'अजय मीना' ने की शादी
दोनों को बहुत बहुत बधाई एवं शुभकामनाएं, खुश रहो दोनों !
" छोरी बामन की न्यू बोली रे, मीना को होतो यार " 😂
#RPSC बेलगाम हो चुकी हैं।
चेयरमैन केसरी सिंह वैसा बर्ताव कर रहे है जैसा बंदर के हाथ में किसी ने उस्तरा दे दिया हो।
और अब नौटंकी कर रहे हैं कि पेपर तय मानकों पर नहीं डिजाइन करने पर कॉर्डिनेशन कमेटी के सदस्यों को कारण बताओ नोटिस दे रहे हैं।
खुद Col केसरी सिंह से 40 तो छोड़ो 4% मार्क्स दिलवा दो, शर्त ये है कि आप आंसर key पढ़ सकते हैं।
#SI_भर्ती का मजाक बना दिया हैं।
एक जीत और... कितना कुछ बदल गया...निकाय चुनावों में मिली बड़ी जीत के बाद CM भजनलाल शर्मा आत्मविश्वास से लबरेज दिखे...!
ये video अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है..!!
कल SI का पेपर देखकर लगा कि शायद RPSC का मानस यह था जिसमें किसी का भी चयन न हो और सीटें खाली रह जाएँ। कठिन पेपर बनाने में कोई दिक्कत नहीं है, लेकिन सवाल यह है कि हम अभ्यर्थियों की बुद्धिमत्ता और योग्यता का मूल्यांकन कर रहे हैं या केवल ऐसे तथ्य पूछ रहे हैं, जिन्हें याद रखना ही मुश्किल है?
कल से कई वीडियो और गाइड के प्रचार देख रहा हूँ कि हमारे गाइड से इतने प्रश्न आ गए, इतने प्रश्न आ गए। लेकिन क्या कोई यह सोचता है कि बच्चा कितनी चीजें याद रख सकता है? आप कितना भी पढ़ लें, जब मामूली-से तथ्यात्मक बदलाव करके प्रश्न को जटिल बना दिया जाता है, तो अभ्यर्थी का मानसिक संतुलन प्रभावित होता है।
अप्लाइड प्रश्न बनाइए, बिल्कुल बनाइए, लेकिन ऐसे तथ्यात्मक प्रश्न का क्या औचित्य जो केवल डर पैदा करें। आज RPSC को लेकर बच्चों में एक भय का माहौल बनता जा रहा है, जो आगामी परीक्षाओं की तैयारी को भी प्रभावित करता है।
जो विद्वान यह प्रचार कर रहे हैं कि हमारे गाइड से इतने कठिन प्रश्न आ गए, यदि वे स्वयं इस पेपर को दें, तो शायद उन्हें भी हर प्रश्न का सही उत्तर निश्चित रूप से पता न हो। इसलिए केवल कठिन प्रश्न आने को अपनी सामग्री की सफलता बताना उचित नहीं है।
सबसे अधिक दुख उन अभ्यर्थियों के लिए है, जिन्होंने वर्षों तक ईमानदारी से मेहनत की है। परीक्षा का स्तर देखकर लगता है कि कितनी भी मेहनत कर लो, ऐसे प्रश्नपत्र में अपनी वास्तविक योग्यता प्रदर्शित करना बहुत कठिन हो सकता है।
हमें सोचना होगा कि हम कहाँ जा रहे हैं और किस प्रकार की योग्यता का चयन करना चाहते हैं। परीक्षा कठिन हो सकती है, लेकिन वह निष्पक्ष, संतुलित और अभ्यर्थियों की वास्तविक समझ का मूल्यांकन करने वाली भी होनी चाहिए।
डॉ धीर सिंह धाभाई
#siexam
#subinspectorexam
विनोद जाखड़ को कमजोर करने की तमाम कोशिश हो रही हैं पूरी लॉबी को @VinodJakharIN की लोकप्रियता और बढ़ता कद बर्दाश्त नहीं हो रहा।
विनोद भाई के साथ हम कंधे से कंधे पहले भी खड़े रहे हैं और आगे भी रहे हैं। पूर्वी राजस्थान में कोई सी भी सीट से विनोद जाखड़ को MLA और MP बनाकर भेजेंगे।