मेरा निजी मत है कि किसी भी भर्ती में पदों की बढ़ोतरी बाद में नहीं होना चाहिए,
पहले Notification के समय जितनी पोस्ट होती है उसी पर Exam होना चाहिए। क्योंकि दो-तीन भर्ती जब साथ आती है तो अभ्यर्थी कहीं ना कहीं पोस्ट देखकर एक को select करता है,
फिर बाद में जिस भर्ती को उसने छोड़ा था उसमें यदि पद बढ़ोतरी होती है तो जिसकी वह तैयारी कर रहा है उस पर भी effect पड़ता है और वह कहीं ना कहीं यह सोचता है कि मेरा decision गलत था और उसकी पढ़ाई पर बुरा प्रभाव पड़ता है।
Psychology में कहा जाता है कि लक्ष्य स्पष्ट होना चाहिए लेकिन यह बदलाव भ्रमित कर देता है।
बीच में पदों के बढ़ोतरी जो रेगुलर तैयारी कर रहे हैं उनको भी confused करता है और नई भर्ती की उम्मीद देख रहे बेरोजगारों को धक्का लगाता है,,,
बाकी सब की अपनी अपनी राय है लेकिन मेरा यही मानना है कि वैकेंसी जब निकलती है उस समय पद निर्धारित करके आखिरी समय तक वही रहने देना चाहिए।
यह है लालचंद जी कुमावत जो सवाई माधोपुर के निवासी है...
यह 6 बार असिस्टेंट प्रोफेसर के इन्टरव्यू मे फैल हो गए...🥹
बचपन में इनकी मां का निधन हो गया...💔
इन्होंने विकट परिस्थितियों मे पढ़ाई करके 1st Grade भर्ती 2024 मे 165 रैंक हासिल की है...🔥
लालचंद ट्रेन के सफर में भी 6 से 8 घंटे पढ़ाई कर लेते थे... मतलब जहां भी मौका मिलता सिर्फ सपनों को साकार करने के लिए पढ़ते रहते थे... वहीं आजकल स्टूडेंट ट्रेन मे रील देखते रहते है। 💔
कुछ स्टूडेंट एक भर्ती मे फैल होने के बाद पढ़ाई छोड़ देते है तो लालचंद 6 बार फैल हुए सोचो सलेक्शन के पास जाकर फैल होना कितना दर्द देता है...🥹
लालचंद कुमावत प्रतिदिन 10 से 12 घंटे रेगुलर पढ़ाई करते थे...
लालचंद जी कुमावत की मेहनत और संघर्षशील जीवन को सैल्यूट...🙌🎉
शिक्षा मंत्री जी के बयान का हम सम्मान करते हैं कि सभी अध्यापकों के बच्चे सरकारी स्कूल में पढ़ने चाहिए,
लेकिन साथ में हम यह भी मांग करते हैं कि तमाम नेताओं, बड़े से लेकर छोटे अधिकारी और कर्मचारियों के बच्चे भी सरकारी स्कूल में पढ़े🙏
#व्याख्याता_वरिष्ठ_अध्यापक भर्ती में जिन विषयों का पदस्थापन किया जा चुका है और #शाला_दर्पण पर #मैपिंग नहीं हुई है इसके लिए अधिकारियों से बात की है l
ये निदेशालय द्वारा किया जा रहा है अगले 10 दिवस में सबकी मैपिंग हो जाएगी l
@PRESIDENTBKN2
वरिष्ठ अध्यापक भर्ती ग्रुप A और B के परिणाम की मांग हुई तेज़।
अभ्यर्थी कर रहे है लगातार ट्वीट्स।
#2grd_final_result_jari_karo@RPSC1 जल्द परिणाम जारी करो।
इंटरनेट पर आज के दिन का सबसे सुन्दर वीडियो!❤️
एक आईडिया जो दुनिया बदल दे...
ये कहानी है राजसमंद (राजस्थान ) जिले के आदर्श गाँव पिपलांत्री और इस गाँव के पूर्व सरपंच श्याम सुंदर पालीवाल जी की।
2007 में, पालीवाल जी की 17 वर्षीय बेटी किरण की डिहाइड्रेशन के कारण मृत्यु हो गई थी। पालीवाल जी और उनके परिवार ने अपनी बिटिया के स्मृति के सम्मान करने के लिए उसके नाम पर गांव के प्रवेश द्वार के पास एक पेड़ लगाया। उस वक्त पालीवाल जी पिपलांत्री के सरपंच थे ,उन्होंने सोचा, क्यों न इस कार्यक्रम को एक व्यापक कार्यक्रम में बदल दिया जाए?
अब, जब भी पिपलांत्री में कोई लड़की पैदा होती है, तो ग्रामीण उसके सम्मान में और पर्यावरण को पुनर्जीवित करने के लिए 111 पेड़ लगाते हैं।
इस अभियान का सुखद नतीजा यह निकला कि अब इस क्षेत्र के हजारों हेक्टेयर परती एवं बंजर जमीन पर आम और आंवले से लेकर चंदन, नीम, पीपल और बांस तक के पेड़ों की हरियाली है। 🌳🌳
इतना ही नहीं वृक्षारोपण के साथ-साथ, नए जन्मे बेटियों के माता-पिता एक शपथ पत्र पर भी हस्ताक्षर करते हैं कि वे 18 साल की होने से पहले उनकी शादी नहीं करेंगे और उन्हें स्कूल खत्म करने देंगे। ग्रामीण प्रत्येक लड़की के लिए लगभग 31,000 रुपये के साथ एक फिक्स्ड डिपॉजिट खाता खोलने में भी योगदान देते हैं, जिसे वह 18 वर्ष की होने पर अपनी शिक्षा के लिए या अपनी शादी के भुगतान में मदद के लिए उपयोग कर सकती है।
"जो लोग प्रकृति के साथ काम करते हैं वे ज्यादा चिंता नहीं करते। प्रकृति मुझे शक्ति देती है; हमारी बेटियां और यह काम हमें ताकत देता है।” - श्याम सुंदर पालीवाल
जल्दी ही एक वीडियो पिपलांत्री से 🎥
वरिष्ठ अध्यापक भर्ती परीक्षा दिसम्बर में आयोजित हुई थी और अभी तक परिणाम जारी नहीं किया गया है! कब तक इसकी प्रकिया पूर्ण होगी!
आख़िर कब युवाओ को रोज़गार मिलेगा!
माननीय मुख्यमंत्री @ashokgehlot51 जी युवाओं को राहत दीजिए!
#2ग्रेड_परिणाम_जारी_करो@kanhaiyakgoyal@RajCMO