भारतीय संविधान के शिल्पकार, भारत रत्न बाबा साहब डॉ भीमराव अम्बेडकर जी की जन्म जयंती पर उन्हें सादर नमन। बाबा साहब के विचार और आदर्श आज भी हम सबको प्रेरणा देते हैं।
आज फिर से रसोई गैस क़ीमतें बढ़ा दी गई हैं। गरीब की रसोई से अनाज और ईंधन छीनके मानेंगे ये चौकीदार साहब। ताकि उनके दो मालिकों का ख़ज़ाना बढ़े और इन मालिकों के चैनल दिन भर इनको पूरे ब्रह्मांड का सर्वश्रेष्ठ महामानव बताते रहें।
गुजरात के भावनगर जिले के घोघा तहसील के सानोदरा गांव के दलित RTI कार्यकर्ता अमरा बोरिचा की पुलिस प्रोटेक्शन के बावजूद उनके घर में घुसकर कल हत्या कर दी गई । वह बार बार स्थानिक पुलिस से कह रहे थे कि उन्हें सरकार द्वारा आवंटित जमीन पर गुंडो का कब्जा है, उनकी जान को खतरा है लेकिन.....
सूर्यास्त के बाद, विधान के विपरीत, घरवालों से छुपाकर,जबरन,अपनी सरकार व पुलिस के बल पर गुपचुप तरीक़े से “हम सदा शासक रहेंगे” की सोचवाले अहंकारी अंग्रेजों ने शहीद ए आज़म भगतसिंह, सुखदेव व राजगुरु को बिना अंतिम संस्कार किए जलाया था😡
Down Down Imperialism👎
#HathrasHorrorShocksIndia
@hathraspolice श्रीमान जी, तो आप यह कहना चाह रहे हैं कि दरिंदगी की शिकार होकर अपनी जान गवाने वाली पीड़िता का परिवार झूठ बोल रहा है? काश यह तत्परता ट्वीट करने की बजाय आपने समय पर कार्रवाई करने में दिखाई होती तो शायद उस बेटी की जान बच जाती।
महिलाओं की हत्याओ, बलात्कार जैसी घटनाओ को देखते हुए औरतों को चुप नहीं बैठना चाहिए। सभी महिलाओं को अपने घर से बाहर निकलना चाहिए और एकजुट होकर अपनी आवाज बुलंद करनी चाहिए
नारी शक्ति ज़िंदाबाद
#JusticeForManishaValmiki
भारत की एक बेटी का रेप-क़त्ल किया जाता है, तथ्य दबाए जाते हैं और अन्त में उसके परिवार से अंतिम संस्कार का हक़ भी छीन लिया जाता है।
ये अपमानजनक और अन्यायपूर्ण है।
#HathrasHorrorShocksIndia
2. अगर माननीय सुप्रीम कोर्ट इस संगीन प्रकरण का स्वयं ही संज्ञान लेकर उचित कार्रवाई करे तो यह बेहतर होगा, वरना इस जघन्य मामले में यूपी सरकार व पुलिस के रवैये से ऐसा कतई नहीं लगता है कि गैंगरेप पीड़िता की मौत के बाद भी उसके परिवार को न्याय व दोषियों को कड़ी सजा मिल पाएगी। 2/2
1. यूपी पुलिस द्वारा हाथरस की गैंगरेप दलित पीड़िता के शव को उसके परिवार को न सौंपकर उनकी मर्जी के बिना व उनकी गैर-मौजूदगी में ही कल आधी रात को अन्तिम संस्कार कर देना लोगों में काफी संदेह व आक्रोश पैदा करता है। बीएसपी पुलिस के ऐसे गलत रवैये की कड़े शब्दों में निन्दा करती है। 1/2
आधी रात, परिवार से छिपाकर जलाया गया क्योंकि वह दलित थी।
जैसे रोहित ने कहा था वही "fatal accident of birth" के कारण हमारा फ़ैसला होता है।
अब खामोश नहीं रहेंगे: सड़कों पर उतरो, बाबासाहब के संविधान के रास्ते पर प्रदर्शन करो !
योगी के ब्राह्मणवाद-ठाकुरवाद की अब ख़ैर नहीं है !