विवेक यादव का APS 2023 Pre निकल गया था और आज उसका अंतिम परिणाम आया है। आयोग इस परीक्षा में भी Pre स्तर पर migration नहीं देता।
ऐसे में सवाल उठता है कि RO/ARO 2023, PCS 2024, PCS 2025, GDC, AE, HEO और LT Grade जैसी परीक्षाओं की तरह APS 2023 को लेकर कानूनी चुनौती क्यों नहीं दी गई?????
जबकि APS 2023 का अंतिम परिणाम आना अभी बाकी था, तब भी इस भर्ती को लेकर केस क्यों नहीं किया गया?
यह भी सवाल उठता है कि इस परीक्षा में आरक्षित वर्ग के हितों और सामाजिक न्याय की लड़ाई उसी तरह क्यों नहीं दिखाई दी, जैसा अन्य भर्तियों के मामलों में देखने को मिला।
Pre में चयन हो जाने के कारण विवेक ने इस परीक्षा के संबंध में कोई आपत्ति नहीं उठाई और इस मुद्दे पर चुप्पी बनाए रखी।
@CMOfficeUP@myogiadityanath
#uppcs_ro_aro #RO2023
एक अत्यंत निर्धन परिवार की छात्रा है, पिता के साथ एक कमरे के मकान में बैठ कर उत्तर प्रदेश के RO/ARO परीक्षा की तैयारी करती रही। जब सफल हो गई तो कुछ को जॉइनिंग मिल गई, रैंक 7 लाने के बाद भी, आज उसके पिता कोर्ट द्वारा लगाए स्टे से लड़ रहे हैं। 2023 में नोटिफिकेशन, 2026 के अप्रैल में परिणाम और फिर स्टे!
2023 में आए नोटिफिकेशन के बाद, फ़रवरी 2024 में प्रीलिम्स परीक्षा हुई, पेपर लीक हुआ, पुनः परीक्षा हुई। छात्रों ने जब आंदोलन किया तो योगी जी ने पुन परीक्षा को 6 महीने के भीतर करने के आदेश दिए।
हालाँकि, आयोग द्वारा नोटिफिकेशन जारी करने के बाद नियम बदलते हुए डबल शिफ्ट में परीक्षा कराई जाने की जब बात कही गई तो छात्रों ने इसके विरोध में आंदोलन किया। आयोग परीक्षा को सिंगल शिफ्ट में करने पर विवश हुआ और जुलाई 2025 में प्रिलिम्स की परीक्षा कराई गई।
सितंबर 2025 में रिजल्ट आने के बावजूद मुख्य परीक्षा में अनावश्यक विलंब हुआ और फरवरी 2026 में परीक्षा संपन्न हुई जिसका परिणाम 5 अप्रैल 2026 को जारी हुआ।
रिजल्ट आने के बाद अब कुछ लोगों की जॉइनिंग पर कोर्ट ने स्टे लगा दिया है। जिस परीक्षा का नोटिफिकेशन अक्टूबर 2023 में आया था, आयोग उसे 2026 में भी संपन्न नहीं करवा पा रहा है। प्रत्याशी की आयु बढ़ रही है, उनके माता-पिता बूढ़े हो रहे हैं और तंत्र से आशाएँ अब समाप्त होती जा रही हैं।
यह साफ तौर पर किसी बड़े 'पॉलिटिकल एजेंडे' का हिस्सा है, जिसका मकसद सिर्फ और सिर्फ सरकार की छवि को युवाओं के बीच खराब करना है। लाखों युवाओं का भविष्य इस राजनीति की भेंट चढ़ रहा है। मा. @myogiadityanath@myogioffice, इस साजिश की जांच हो!
समान संवैधानिक प्रक्रिया के बावजूद जहाँ UPPCS (2021-2024) के चयनित अभ्यर्थियों को नियुक्तियाँ मिल गयी हैं, वहीं RO/ARO परीक्षा पर हाईकोर्ट के स्टे से चयनितों का भविष्य अधर में है।
माननीय मुख्यमंत्री जी और न्यायपालिका से संवेदनशीलता और न्याय की गुहार लगाता हूँ।
@myogiadityanath
@Prabhash5859@uppsc Sari vacancies par stay lagwa do.... Aisa karo ki 4 5 saal tak koi vacancy na aaye.... Bacho se khub chanda lo aur apni gadio se ghumo... Unhe samajik nyay ke naam par uljhaye rakho...
12-12 घंटों की पढ़ाई, न जाने कितनी रातें जाग कर गुजरीं, वर्षों की मेहनत, मेरिट से चयन और फिर भी जॉइनिंग से वंचित क्यों? ये मानसिक उत्पीड़न बंद करो। चयनित अभ्यर्थियों को न्याय दो। इस दुविधापूर्ण स्थिति में सरकार एवं शासन सहयोग करें ।
#JusticeForROAROSelected#ReleaseStay
पहले प्रारंभिक परीक्षा पास करने का संघर्ष, फिर अंतिम रूप से चयन का संघर्ष और अब नियुक्ति में व्यवधान ने चयनित छात्रों को आंतरिक रूप से झकझोर दिया है ।शासन एवं उच्च न्यायालय से आग्रह है कि इस विषय पर ध्यानाकर्षण हो ।#ReleaseROARO2023Stay#JusticeForSelectedROARO.
जो अधिकारी समय से भर्तियाँ नहीं करवा पा रहे उनसे महाकुंभ जैसा विश्वव्यापी आयोजन कैसे हो पायेगा ?
न UPSC RO ARO EXAM
न नई भर्तियां
सभी शिक्षक भर्तियाँ फंसी
कभी आरक्षण विवाद कभी अधियाचन विवाद कभी कापी अदला बदली कभी पेपर लीक तो कभी परीक्षा ही नहीं
#YogiJi_Declare_ROAROReexam_Date
आज सुबह आप सभी ट्वीट अवश्य करें।
आयोग और RO/ARO के अभ्यार्थियों के जीवन और मानसिक स्थिति से खेलना बंद करें।
एक साल पहले एग्जाम हुआ था, आज पुनः वह डेट आ गईं और अब एग्जाम कब होगा इसका पता ही नही है।
#YogiJi_Declare_ROAROReexam_Date