पहले मै शांति कमेटी की बैठक अवश्य जाता था
यहां तक के संचालन भी संभालता था
परंतु लगभग साल भर पहले ऐसा महसूस हुआ के बैठक सत्ता और उस के सहयोगी चलाने लगे हैं और अधिकांश वही बात जिम्मेदार भी दोहराने लगे
ऐसे में न जाने का फैसला ही ठीक है ! @manzar_yar@fatehpurpolice@dmfatehpur
अमेरिकी हमलों में तीन भारतीय नाविकों की हत्या के चंद दिन बाद - न अफ़सोस, न माफ़ी। उल्टा, अमेरिका ने आदेश देना जारी रखा है।
उनके शब्द पढ़िए: “अमेरिकी सेना के आदेश तुरंत मानें।” कोई उल्लंघन “बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।”
एक आज़ाद देश इस तरह की भाषा कभी नहीं सहेगा। लेकिन हमारे Compromised PM? चुप। एक आज्ञाकारी नौकर की तरह सुनते हैं, और आदेश मान लेते हैं।
Compromised PM देश के सम्मान की रक्षा नहीं करेगा - क्योंकि जो देश का अपमान करते हैं, वो उन्हीं के वश में हैं।
श्री अखिलेश यादव जी और उनकी बेटी के बारे में भ्रामक, मनगढंत, अभद्र टिप्पणियां लेख लिखने वाले सभी सोशल मीडिया हैंडल्स चिन्हित किए जा रहे हैं और कार्यवाही होगी।
समाजवादी पार्टी ने भाजपा सरकार में राम मंदिर चढ़ावा चोरी की घटना का खुलासा किया, इसी कारण से बौखलाई भाजपा के द्वारा ये कृत्य किया गया।
राजनीति में वैचारिक मतभेद होते हैं लेकिन निजी और परिवारिक टिप्पणियों का कोई स्थान नहीं होता, 2014 के बाद से भाजपा ने ये नई तरह की परंपरा जो डाली है भविष्य में इसका खामियाजा, दुष्परिणाम, सजा भी भाजपाइयों को ही भोगनी है ये भी निश्चित है।
समय परिवर्तनशील होता है, किसी को समय नहीं छोड़ता, कानून और भविष्य की अदालत में सबका इंसाफ होगा।
ये जो नए नए लोग निकल कर आ रहे हैं इनकी हिम्मत सत्ता से और कार्यवाही न होने से पद रही है
क्या जिम्मेदार अधिकारियों का परिवार नहीं क्या उन्हें एहसास नहीं के ऐसे अमर्यादित बयान देना अपराध है तो कार्यवाही क्यों नहीं ?
@Cyberdost@Uppolice@bstvlive@_kuldeepyadavup@ShadabK_SP