महादेव की असीम कृपा और इस अलौकिक यात्रा का अनुभव शब्दों से परे है। हर हर महादेव! 🙏✨
कैलाश-मानसरोवर की इस पावन और कठिन यात्रा की पूरी कहानी देखने के लिए YouTube लिंक पर क्लिक करें👇🏻
https://t.co/3IOi7gSxbV
#KailashMansarovar#HarHarMahadev#SpiritualJourney#Mahadev #TravelDiaries
शिक्षा के मंदिर पर बुलडोज़र चलाना किसी भी लोकतंत्र के लिए गंभीर सवाल खड़ा करता है।
रामपुर विकास प्राधिकरण ने मोहम्मद अली जौहर यूनिवर्सिटी के 40 में से 38 भवनों को बिना स्वीकृत नक्शे के आधार पर ध्वस्तीकरण का नोटिस दिया है। प्रशासन का कहना है कि केवल दो भवनों के नक्शे स्वीकृत थे।
लेकिन सवाल सिर्फ़ इतना नहीं है कि नक्शे पास थे या नहीं। सवाल यह भी है कि क्या कानून का इस्तेमाल सबके लिए एक जैसा होगा, या चुनिंदा लोगों और संस्थानों के लिए?
क्या आज़म खान को सिर्फ़ उनकी पहचान की वजह से टारगेट किया जा रहा है , यूनिवर्सिटी को उसके नाम की वजह से ध्वस्त किया जा रहा है ?
कुछ ही दिन पहले LDA के वीसी प्रथमेश कुमार का बयान सामने आया कि लखनऊ के लगभग 94% भवनों के नक्शे स्वीकृत नहीं हैं। अगर यही कसौटी है, तो क्या सरकार पूरे लखनऊ पर भी समान कार्रवाई करेगी, या फिर बुलडोज़र सिर्फ़ वहीं चलेगा जहाँ नाम, पहचान या राजनीतिक विरोध जुड़ा हो?
इसी तरह यदि यह दावा सही है कि प्रयागराज विकास प्राधिकरण (PDA) की अपनी इमारत का भी स्वीकृत नक्शा नहीं है, तो सवाल और भी बड़ा हो जाता है—क्या वही नियम सरकारी संस्थानों पर भी लागू होंगे?
अगर किसी निर्माण में कानूनी खामी है, तो कानून के अनुसार कार्रवाई होनी चाहिए। लेकिन कानून की सबसे बड़ी कसौटी निष्पक्षता है। यदि नियम सबके लिए समान हैं, तो कार्रवाई भी सबके लिए समान दिखनी चाहिए। साथ ही, किसी बड़े शैक्षणिक संस्थान पर कार्रवाई का असर वहाँ पढ़ने वाले हज़ारों छात्रों के भविष्य पर भी पड़ सकता है।
न्याय का अर्थ समानता है, चयनात्मक कार्रवाई नहीं।
@yadavakhilesh@samajwadiparty@ShayarImran@INCIndia@RahulGandhi
#JauharUniversity #Azamkhan #Rampur #Education #RuleOfLaw #UttarPradesh #BulldozerPolitics
शिक्षा के मंदिर पर बुलडोज़र चलाना किसी भी लोकतंत्र के लिए गंभीर सवाल खड़ा करता है।
रामपुर विकास प्राधिकरण ने मोहम्मद अली जौहर यूनिवर्सिटी के 40 में से 38 भवनों को बिना स्वीकृत नक्शे के आधार पर ध्वस्तीकरण का नोटिस दिया है। प्रशासन का कहना है कि केवल दो भवनों के नक्शे स्वीकृत थे।
लेकिन सवाल सिर्फ़ इतना नहीं है कि नक्शे पास थे या नहीं। सवाल यह भी है कि क्या कानून का इस्तेमाल सबके लिए एक जैसा होगा, या चुनिंदा लोगों और संस्थानों के लिए?
क्या आज़म खान को सिर्फ़ उनकी पहचान की वजह से टारगेट किया जा रहा है , यूनिवर्सिटी को उसके नाम की वजह से ध्वस्त किया जा रहा है ?
कुछ ही दिन पहले LDA के वीसी प्रथमेश कुमार का बयान सामने आया कि लखनऊ के लगभग 94% भवनों के नक्शे स्वीकृत नहीं हैं। अगर यही कसौटी है, तो क्या सरकार पूरे लखनऊ पर भी समान कार्रवाई करेगी, या फिर बुलडोज़र सिर्फ़ वहीं चलेगा जहाँ नाम, पहचान या राजनीतिक विरोध जुड़ा हो?
इसी तरह यदि यह दावा सही है कि प्रयागराज विकास प्राधिकरण (PDA) की अपनी इमारत का भी स्वीकृत नक्शा नहीं है, तो सवाल और भी बड़ा हो जाता है—क्या वही नियम सरकारी संस्थानों पर भी लागू होंगे?
अगर किसी निर्माण में कानूनी खामी है, तो कानून के अनुसार कार्रवाई होनी चाहिए। लेकिन कानून की सबसे बड़ी कसौटी निष्पक्षता है। यदि नियम सबके लिए समान हैं, तो कार्रवाई भी सबके लिए समान दिखनी चाहिए। साथ ही, किसी बड़े शैक्षणिक संस्थान पर कार्रवाई का असर वहाँ पढ़ने वाले हज़ारों छात्रों के भविष्य पर भी पड़ सकता है।
न्याय का अर्थ समानता है, चयनात्मक कार्रवाई नहीं।
@yadavakhilesh@samajwadiparty@ShayarImran@INCIndia@RahulGandhi
#JauharUniversity #Azamkhan #Rampur #Education #RuleOfLaw #UttarPradesh #BulldozerPolitics
भारती सेना ने पुंछ में रोज़ेदारों के लिए इफ्तार का आयोजन किया। इफ्तार के इस प्रोग्राम में सेना के मुस्लिम जवानों ने तो शिरकत की ही, साथ ही स्थानीय रोज़ेदारों और क्षेत्र के ज़िम्मेदार लोगों ने भी इस इफ्तार में शिरकत की है। सेना के इस कार्य कि सोशल मीडिया पर खूब सराहना हो रही है…
महिला का आरोप -
"मेरे परिवार के सदस्यों को तरुण, उसके परिवार और उसके साथियों ने बुरी तरह पीटा, उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया!
फिर उचित इलाज कराए बिना तिहाड़ जेल डाल दिया गया"
महिला को सुने!
महिला मदद की गुहार लगा रही है!
पंडित से दलित युवक को हैप्पी होली कहना पड़ा भारी !
घटना लखनऊ (दुबग्गा, बेगरिया गांव) की है, मार्च 2026 में होली के दौरान हुई। 21-22 साल के दलित युवक सूरज ने पड़ोसी को "हैप्पी होली" कहा, पुरानी रंजिश/विवाद बढ़ा, और आरोपी मोहित तिवारी (और उसके परिवार - बहन, मां) ने चाकू मारकर ह,त्या कर दी। खबर गोदी मिडिया से ग़ायब हिंदुत्ववादी ग़ायब क्योंकि यहाँ मरने वाला दलित व मारने वाला मुस्लिम नहीं है ! इन्हे हिन्दू मुस्लिम एंगल नहीं मिला !!
@BhimArmyChief जी, इंसाफ दिलाए इनको।
#Lucknow
थाना फेस 3 पुलिस कर रही 4 दिन से टालमटूल क्या होगा 14 साल की बच्ची के साथ क्या हो रहा होगा इस गरीब के साथ अबतक नहीं हुई koi कार्रवाई पीड़ित परिवार ने लगाई न्याय की गुहार @Uppolice@CMOfficeUP@noidapolice@kpmaurya1
दीपक के समर्थन में अब हिन्दू धर्म के लोग भी बजरंग दल का विरोध कर रहे है ,
" बजरंग दल के लोग 70 साल के बुजर्ग पर गुंडागर्दी दिखाते है और नाम बदलने का दबाव ड़ालते है, ये 25 - 26 साल के गुंडे अब 70 साल के बुजुर्ग से सवाल करेंगे नाम बदलने की धमकी देंगे " ,
हिंद के जवाहर! 🫡
“हिंदुस्तान की आजादी को अपनी आंखों से भाखड़ा नांगल बांध और IIT, AIIMS का ख्वाब देने वाले नेहरू आपको पसंद नहीं है, तो ये आपकी दिक्कत है!”
बिहार की राजधानी पटना में खुल गया खान सर का अस्पताल, लोगों की हो रही भारी भीड़। एकदम सस्ते में हो रहा है सबका इलाज।
वो काम सरकार को करना चाहिए वो काम खान सर ने कर दिखाया🔥
अब हिंदू भाई लोग ही बीजेपी के खिलाफ हैं और मुसलमानों की प्रति हिंसा और नफ़रत के खिलाफ खड़े हो रहे हैं। मूल निवासी नारा है भारत देश हमारा है कुछ धर्म के ठेकेदारो की वजह से भारत के अन्दर माहौल खाराब किया जा रहा हैI
गाजियाबाद मे तलवार और देहरादून मे लाठियाँ बांटने के विरोध मे बिहार के मशहूर यूट्यूबर साबिर और टाइगर यादव ने मिलकर बिहार के बच्चों को कॉपी, किताब , कलम बांटे ,
टाइगर यादव ने बच्चों के परिवार वालो को गुलाब देते हुए कहा " भारत मोहब्बत फैलाने वाला देश है ",